Pune Shivneri Fort Stampede News: गुरुवार को पुणे स्थित शिवनेरी किले में शिवाजी महाराज जयंती पर एकत्रित भीड़ के बेकाबू होने जाने की वजह से एक दर्जन से ज्यादा लोग घायल हो गये। शिवाजी जयंती के मौके पर बड़ी संख्या में अलग-अलग संगठन के कार्यकर्ता शिवज्योत लेकर आए थे। सभी को दर्शन करने थे। किला परिसर में भारी भीड़ देखने को मिली।

एबीपी न्यूज के मुताबिक मौके पर क्योंकि पर्याप्त पुलिस नहीं थी जिसकी वजह से कुछ समय के लिए हालात तनावपूर्ण बन गए। हाथी दरवाजा इलाके और गणेश दरवाजा जैसे संकरे रास्तों पर जरूरत से ज्यादा भीड़ आ गई। वहां पर धक्का-मुक्की जैसे हालात बने और कई महिलाएं और बच्चे घायल हो गए।

सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती करवा दिया गया है। राहत की बात यह है कि इस भगदड़ में कोई हताहत नहीं हुआ है। अब यह कोई पहली बार नहीं है जब इस तरह की भगदड़ मची हो, मौके बदल जाते हैं, राज्य दूसरे होते हैं, लेकिन ऐसे हादसे लगातार हो रहे हैं। कभी प्रशासन की लापरवाही तो कभी लोगों की जल्दबाजी ही इन हादसों का बड़ा कारण है।

भगदड़ में फंसना बड़ा नहीं, बाहर कैसे निकलें यह जरूरी

लेकिन इस प्रकार की स्थिति में अगर कभी आप भी फंस जाए, तब क्या करना चाहिए, यह जानना भी उतना ही जरूरी है। भगदड़ सिर्फ किसी सत्संग या सिर्फ किसी बाबा के कार्यक्रम में नहीं होता है। जहां ज्यादा भीड़, वहां उसकी संभावना उतनी ज्यादा रहती है। ऐसे में भगदड़ में फंसना बड़ी बात बात नहीं है, उससे कैसे निपटा जाए, यह जानना ज्यादा जरूरी है।

जहां भीड़, उस डायरेक्शन में आगे बढ़ें

CARE Hospital में इमरजेंसी डिपार्टमेंट के हेड डॉक्टर पी शिवा कुमार से इंडियन एक्सप्रेस से खास बात की है। उनसे समझने की कोशिश हुई है कि आखिर इस प्रकार की स्थिति में क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए। वे कहते हैं कि अगर कभी आप भगदड़ जैसी स्थिति में फंस जाए तो कोशिश करें कि जिस डायरेक्शन में भीड़ जा रही है, आप भी उसी दिशा में आगे चलें। कोशिश यह होनी चाहिए कि आप पूरी मजबूती के साथ अपने पैरों को जमीन पर रखें, बैलेंस ना बिगड़ना जरूरी है।

अगर गिरे तो सिर को बचाने की पूरी कोशिश करें

अब यह तो आपको तब करना है जब भगदड़ में दूसरे लोगों के साथ भागने में कामयाब हो जाते हैं। लेकिन अगर आप गिर गए, तब क्या किया जाए, यह भी जान लीजिए। डॉक्टर बताते हैं कि अगर आप गिर जाएं तो कोशिश करनी चाहिए अपने शरीर के सबसे महत्वपूर्ण अंगों को सुरक्षित करने की। आपको अपने हाथ से अपने सिर को ढक लेना चाहिए। जो भी थोड़ा बहुत धक्का है या लोगों की लातें हैं, वो सिर्फ आपकी बैक पर लगेंगी, लेकिन आपका सिर सुरक्षित रहेगा।