Prisoner of Jodhpur Central Jail Vasudev Hindu or Muslim? The doctor could not know-वासुदेव हिंदू या मुस्‍लिम? डॉक्‍टर नहीं कर सके पता कि खतना हुआ है या नहीं - Jansatta
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वासुदेव हिंदू या मुस्‍लिम? डॉक्‍टर नहीं कर सके पता कि खतना हुआ है या नहीं

जोधपुर सेंट्रल जेल में बंद शंभूलाल रैगर ने वासुदेव नामक जिस कैदी को मुस्लिम बताकर जान का खतरा बताया था, उसकी मेडिकल जांच के बाद भी नहीं पता चल पाया कि वह किस धर्म का है। उसका खतना हुआ है या नहीं, डॉक्टर जांच में इसका पता लगाने में नाकाम रहे।

Author नई दिल्ली | February 22, 2018 5:23 PM
जोधपुर सेंट्रल जेल( फोटो-सोशल मीडिया)

जोधपुर सेंट्रल जेल में बंद शंभूलाल रैगर ने वासुदेव नामक जिस कैदी को मुस्लिम बताकर उससे खुद की जान का खतरा बताया था, मेडिकल जांच के बाद भी उसके धर्म का नहीं पता चल सका। उसका खतना हुआ है या नहीं, डॉक्टर जांच में इसका पता लगाने में नाकाम रहे। शंभूलाल राजसमंद में अफराजुल का लाइव मर्डर कर चर्चा में आया था। बीते दिनों जेल से उसका एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उसने साथ बंद वासुदेव को मुस्लिम बताते हुए उससे जान का खतरा बताया था।बुधवार( 21, फरवरी) को महात्मा गांधी हॉस्पिटल से चिकित्सकों की टीम जोधपुर सेंट्रल जेल पहुंची। डॉक्टर्स जांच के बाद उसके हिंदू या मुस्लिम होने को लेकर आश्वस्त नहीं हो सके। इससे पूर्व जेल डिस्पेंसरी के डॉक्टर्स और स्टाफ की जांच भी बेनतीजा रही थी। उधर जेल प्रशासन वासुदेव को हिंदू मानता है। वासुदेव को एनडीपीएस कोर्ट ने 10 साल जेल की सजा सुनाई है। वह जोधपुर सेंट्रल जेल मं अगस्त 2015 से बंद है।

बता दें कि बीते दिनों जेल से शंभूलाल रैगर का वीडियो जारी होने पर हड़कंप मचा था। जेल के अंदर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हुए थे। जेल प्रशासन शंभूलाल के पास से वीडियो में प्रयुक्त मोबाइल और हेडफोन भी बरामद नहीं कर पाया। बाद में जेल प्रशासन ने मंदिर जाने को लेकर मिली छूट का शंभूलाल की ओर से बेजा फायदा उठाने की बात कही। कहा गया कि मंदिर जाने के दौरान उसने किसी अन्य शख्स की मदद से भड़काऊ वीडियो जारी किए। शंभू ने जो स्क्रिप्ट वीडियो में पढ़ी थी, उसका पेपर भी नहीं मिला। शंभूलाल रैगर के वीडियो वायरल होने के बाद जेल प्रशासन की ओर से जांच भी चल रही है। जोधपुर जेल पहुंचे आईजी जेल रूपिंदर सिंह के मुताबिक सिक्यूरिटी ऑडिट के दौरान कई बातें सामने आई हैं। सभी पहलुओं की जांच के बाद ही निष्कर्ष निकलेगा। डीआइजी जेल विक्रम सिंह के साथ मीटिंग लेकर आईजी ने जेल प्रशासन को सख्ती बरतने की हिदायत दी। कहा कि स्टाफ के गलत भूमिका में पाए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी।

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