कोरोना से यूपी बेहाल: सरकार की आलोचना के लिए विपक्ष के नेताओं को उकसा रहे कई BJP सांसद-विधायक

भाजपा के कई सांसदों ने तो गुपचुप बसपा सांसद दानिश अली की उस चिट्ठी की तारीफ भी की है, जिसमें उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी से 2020-21 और 2021-22 की सांसद निधि बहाल करने की मांग की थी।

Coronavirus, UP, Yogi Adityanathयूपी में कोरोनावायरस से बिगड़ते हालात के बीच विपक्ष अब योगी सरकार को घेरने में जुट गया है। (फोटो- PTI)

भारत में कोरोनावायरस से हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। दूसरी लहर में जो राज्य सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं, उनमें उत्तर प्रदेश भी शामिल है। राज्य में हर दिन मौतों का आंकड़ा नए रिकॉर्ड बना रहा है। इसके अलावा ऑक्सीजन की कमी के कारण ठीक होने वाले मरीजों की संख्या भी कम है। इस बीच खबर है कि यूपी में अब भाजपा के सांसद और विधायक ही गुपचुप तरीके से विपक्ष के नेताओं को खराब सरकारी व्यवस्था की आलोचना करने के लिए भड़का रहे हैं।

दरअसल, उत्तर प्रदेश में अब तक कई नेता लोगों की मांगें पूरी न कर पाने की वजह से निशाने पर आ चुके हैं। ऐसे में सरकारी व्यवस्था से नाराज सांसद और विधायक निजी तौर पर विपक्षी नेताओं को सलाह दे रहे हैं कि वे महामारी में इस कुप्रबंधन की आलोचना करें। कई सांसदों ने तो चुपचाप बसपा सांसद दानिश अली की उस चिट्ठी की तारीफ भी की है, जिसमें उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी से 2020-21 और 2021-22 की सांसद निधि बहाल करने की मांग की थी।

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बसपा नेता दानिश अली ने अपनी हालिया चिट्ठी में पीएम से कहा था कि उनके संसदीय क्षेत्र में अब तक पीएम केयर्स फंड या बंद की गई सांसद निधि से कोई खास चिकित्सीय सुविधा नहीं दी गई है। अली ने चिट्ठी प्रधानमंत्री को याद दिलाया था कि उन्होंने भी पीएम केयर्स फंड में अपने एक महीने की सैलरी दान की थी।

कांग्रेस के आरोप- भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा यूपी कोविड केयर फंड: कांग्रेस ने हाल ही में कोविड-19 महामारी के लिए उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा बनाए गए ‘कोविड केयर फंड’ को भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ाये जाने का आरोप लगाया था। उत्तर प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने यहां एक बयान में कहा कि अप्रैल 2020 में सरकार ने ‘कोविड केयर फंड’ बनाया था जिसमें प्रदेश के आम आदमी का धन, विधायकों की क्षेत्र विकास निधि, सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों और प्रदेश के व्यापारी वर्ग से मोटी रकम ‘जबरदस्ती’ जमा करायी गई।

उन्होंने कहा था, “महामारी से लड़ने के लिये बनाये गये इस फंड का कोरोना की दूसरी लहर के समय में कुछ पता नहीं है। इस फंड का पैसा इस मुश्किल समय में कहां खर्च किया जा रहा है? प्रदेश में लोग ऑक्सीजन, दवा और स्वास्थ्य की बुनियादी सुविधाओं के अभाव में दम में तोड़ रहे हैं। ऐसे में ‘यूपी कोविड केयर फंड’ का धन कहां खर्च हो रहा है कुछ पता नहीं।”

कोरोना से क्या है यूपी का हाल?: बता दें कि उत्तर प्रदेश में मंगलवार को कोरोना संक्रमण से 352 मरीजों की मौत हो गई और 25,858 नये संक्रमित पाए गए। राज्य में अब तक 13,798 संक्रमित अपनी जान गंवा चुके हैं। अभी तक प्रदेश में 10,81,817 कोरोना मरीज पूरी तरह स्वस्थ हो चुके हैं। राज्य में अब तक कुल 13,68,183 लोग कोरोना संक्रमित हो चुके हैं।

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