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AAP नेता का आरोप- आतंकवाद, नक्‍सलवाद की जगह हमारी पार्टी को खत्‍म करना है मोदी सरकार की प्राथमिकता

सिंह ने उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था की बदहाली की पराकाष्ठा होने का आरोप लगाते हुए कहा कि इस मामले में राज्य की भाजपा सरकार पूर्ववर्ती सपा सरकार की ‘पार्ट-टू’ की तरह काम कर रही है।

Author May 6, 2017 21:18 pm
आम आदमी पार्टी (आप) के प्रवक्ता संजय सिंह (Photo: ANI)

आम आदमी पार्टी (आप) के प्रवक्ता संजय सिंह ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर आतंकवाद और नक्सलवाद के बजाय ‘आप’ के खात्मे को अपनी प्राथमिकता बनाने का आरोप लगाते हुए शनिवार (6 मई) को कहा कि विदेशी चंदे के नाम पर केंद्र इस पार्टी का उत्पीड़न कर रहा है।

सिंह ने यहां संवाददाताओं से कहा कि कल केंद्र सरकार ने विदेशी चंदे को लेकर कानून के उल्लंघन के संदेह पर ‘आप’ को एक नोटिस भेजा है, जबकि इसी सरकार के गृह मंत्रालय ने वर्ष 2015 में अदालत में एक शपथपत्र दाखिल करके कहा था कि विदेशी चंदे के मामले में ‘आप’ का रिकार्ड बेदाग है। सच्चाई यह है कि वेदांता से नियमविरुद्ध तरीके से चंदा लेने के मामले में खुद भाजपा और कांग्रेस के दामन दागदार हैं, मगर वे दोनों कानून को बदलकर बच निकलीं।

उन्होंने कहा कि कश्मीर आतंकवाद से और छत्तीसगढ़ नक्सलवाद से परेशान है लेकिन केंद्र की प्राथमिकता इन दोनों को खत्म करने के बजाय ‘आप’ का खात्मा करने की है।

मालूम हो कि केंद्रीय गृह मंत्रालय ने दिल्ली में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी को शुक्रवार को एक नोटिस जारी करके कहा था कि वह खुद को मिले विदेशी चंदे का विस्तृत विवरण पेश करे। केंद्र को शक है कि आप ने विदेशी चंदा हासिल करने के लिये नियमों का उल्लंघन किया है।

सिंह ने उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था की बदहाली की पराकाष्ठा होने का आरोप लगाते हुए कहा कि इस मामले में राज्य की भाजपा सरकार पूर्ववर्ती सपा सरकार की ‘पार्ट-टू’ की तरह काम कर रही है। पिछली ही सरकार की तरह टोल प्लाजा पर भाजपा विधायक मारपीट कर रहे हैं। पुलिस पर हमले हो रहे हैं।

दिल्ली नगर निगम चुनाव में ‘आप’ के खराब प्रदर्शन के बारे में पूछे जाने पर सिंह ने कहा कि परिणाम तो बेशक आशा के अनुरूप नहीं रहे, और हम अपनी कमियां सुधारेंगे, लेकिन एक बात ध्यान रखनी चाहिये कि ‘आप’ देश में सबसे तेजी से बढ़ने वाली पार्टी है। इस दल ने चार साल के अंदर दिल्ली में दो बार सरकार बनायी। पंजाब में वह मुख्य विपक्षी दल है। उसके चार सांसद भी हैं।

उत्तर प्रदेश में जल्द ही होने वाले स्थानीय निकाय के चुनावों के लिये पूर्वांचल और अवध क्षेत्र के 42 जिलों के पार्टी पदाधिकारियों की समीक्षा बैठक में हिस्सा लेने आये ‘आप’ प्रवक्ता ने कहा कि अब उनकी पार्टी का फोकस उत्तर प्रदेश पर है। गुजरात विधानसभा चुनाव लड़ने के बारे में पार्टी बाद में फैसला करेगी।

उन्होंने बताया कि उनकी पार्टी स्थानीय निकायों की सभी सीटों पर चुनाव लड़ने के बजाय उन सीटों पर ही मैदान में उतरेगी, जहां संगठन सबसे मजबूत है। वे सीटें कौन-कौन सी होंगी, इसका फैसला जिला संयोजक करेंगे। वार्ड प्रत्याशियों के चयन के लिये आवेदन मांगने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

सिंह ने बताया कि प्रदेश के ज्यादातर नगर निगमों और नगर पालिकाओं पर भाजपा का शासन है और उसने इन निकायों को भ्रष्टाचार का गढ़ बना दिया है। ‘आप’ ने लखनऊ नगर निगम में करोड़ों रुपये के घोटाले उजागर किये हैं। ऐसे लगभग सभी शासी निकायों में यही हाल है। ‘आप’ इसे मुद्दा बनाएगी। उन्होंने बताया कि पार्टी स्थानीय निकाय चुनावों को लेकर जल्द ही ‘घोषणापत्र’ जारी करेगी।

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