Mumbai: A Passenger punished for Snoring loudly by Co-Travellers whose sleep was disrupted - मुंबई: ट्रेन में भरे खर्राटे तो साथी यात्रियों ने उठाकर बैठा दिया, पूरे रास्‍ते नहीं सोने दिया - Jansatta
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मुंबई: ट्रेन में भरे खर्राटे तो साथी यात्रियों ने उठाकर बैठा दिया, पूरे रास्‍ते नहीं सोने दिया

मुंबई की एक लंबी दूरी की ट्रेन में एक यात्री को जोर से खर्राटे भरने की कीमत घंटों तक जागकर चुकानी पड़ी। शख्स के खर्राटों से आजिज आकर ट्रेन के डिब्बे में सवार कुछ लोगों ने उसे दंड स्वरूप जबरन जगाए रखा।

तस्वीर का इस्तेमाल प्रतीकात्मक तौर पर किया गया है।

मुंबई की एक लंबी दूरी की ट्रेन में एक यात्री को जोर से खर्राटे भरने की कीमत घंटों तक जागकर चुकानी पड़ी। शख्स के खर्राटों से आजिज आकर ट्रेन के डिब्बे में सवार कुछ लोगों ने उसे दंड स्वरूप जबरन जगाए रखा ताकि बाकी लोग आराम से सो सकें। घटना पिछले हफ्ते की है। यात्री एलटीटी-दरभंगा पवन एक्सप्रेस के एसी थ्री टियर कोच में सफर कर रहा था। यात्री और उसे परेशान करने वालों के बीच तीखी बहस भी हुई। इसके बाद यात्री को 5-6 घंटे बिना सोए ही ट्रेन में गुजारने पड़े। पुलिस के मुताबिक खर्राटे भरने वाले शख्स का नाम रामचंद्र है और वह बिना किसी के खिलाफ शिकायत लिखाए चला गया। पुलिस ने बताया कि जिन लोगों ने रामचंद्र को जबरन जागने पर मजबूर किया था, वे बाद में दोस्तों की तरह पेश आने लगे थे।

पश्चिमी मध्य रेलवे के चीफ टिकट इंस्पेक्टर गणेश एस विरहा ने मामले की पुष्टि की। विरहा ने फोन पर समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया- ”जब मैं कोच में पहुंचा तो यात्रियों ने मुझे तीखी बहस के बारे में जानकरी दी। रामचंद्र ने बताया कि कुछ यात्रियों ने कुछ देर के लिए उसे न सोने के लिए राजी कर लिया था। मैंने जानने की कोशिश की कि अगर रामचंद्र पीड़ित या अपमानित महसूस कर रहा है तो क्या वह आरोपियों के बारे में शिकायत दर्ज कराना चाहेगा, लेकिन उसकी तरफ से ‘न’ में उत्तर आया।”

पीड़ित द्वारा कोई शिकायत दर्ज न कराने की वजह से पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। लेकिन इस मामले के सामने आने के बाद खर्राटों को लेकर बेहद चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है। विशेषज्ञों ने बताया है कि जोर खर्राटे मारना एक स्वास्थ्य समस्या है। उन्होंने बताया कि पश्चिमी देशों में खर्राटों की वजह से वे तलाक होते हुए भी देख चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह अच्छा रहा कि रामचंद्र को जबरन जगाए रखने वाले लोग बाद में उनके साथ दोस्त बन गए थे। लेकिन यह घटना इस समस्या की गंभीरता को लेकर चेताती है। जोर से खर्राटे मारने को ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एफोइया कहते हैं, जो सोते वक्त सही सांस न ले पाने के कारण होता है। जानकारों ने यह भी बताया कि जोर से खर्राटे मारने की वजह से मधुमेह और उच्च रक्तचाप की समस्या भी हो सकती है।

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