उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव होने में करीब 5-6 महीने का वक्त बाकी है। लेकिन उससे पहले विधान परिषद चुनाव के लिए भाजपा ने मंगलवार को 6 उम्मीदवारों के नाम ऐलान किया। जिनमें से तीन उम्मीदवार ब्राह्मण समुदाय से हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि पार्टी ने यह दांव यूपी विधानसभा चुनाव से पहले ब्राह्मणों को खुश करने के लिए उठाया है। चुनाव 23 अक्टूबर को होगा।

यहां एक गौर करने वाली बात यह भी है कि अभी की छह और मई की पांच सीटों की बात करें तो भाजपा ने 11 एमएलसी सीटों में से पांच पर ब्राह्मण उम्मीदवार उतारे हैं। हालांकि, भाजपा की इस सूची में पार्टी कैडर से ज्यादा शिक्षक संगठनों से जुड़े फेस और दूसरी पार्टियों से आए नेता शामिल हैं। ऐसे में यह भी माना जा रहा है कि भाजपा ने इस चुनाव में अपने कैडर की जगह जिताऊ चेहरों को खास तरजीह दी है।

वाराणसी की शिक्षक सीट से तीन बार से हारे और कांग्रेस से जुड़े प्रमोद मिश्रा को भाजाप ने इस बार आशुतोष सिंह के खिलाफ उतारा है। भाजपा ने शिक्षक संगठनों और शिक्षकों पर पकड़ को देखते हुए उन्हें अपना उम्मीदवार बनाा है, लेकिन वह पिछले तीन बार से चुनाव हार रहे हैं।

ध्रुव कुमार त्रिपाठी को भाजपा ने गोरखपुर-अयोध्या शिक्षक सीट से अपना उम्मीदवार बनाया है। साल 2024 में भाजपा से जुड़े हरीकिशोर तिवारी को भाजपा ने आगरा शिक्षक सीट से उम्मीदवार बनाया है। हरीकिशोर, शर्मा गुट के शिक्षक संघ से जुड़े रहे हैं।

बीजेपी प्रत्याशियों की लिस्ट-

क्रमांकउम्मीदवारनिर्वाचन क्षेत्रसीट का प्रकार
1केदार नाथ सिंहवाराणसीग्रेजुएट्स
2दिनेश गोयलमेरठग्रेजुएट्स
3अशोक कुमार राठौरइलाहाबाद-झांसीग्रेजुएट्स
4डॉ. प्रमोद मिश्रावाराणसीटीचर्स
5हरि किशोर तिवारीआगराटीचर्स
6ध्रुव त्रिपाठीगोरखपुर-फैजाबादटीचर्स

बता दें, ग्रेजुएट्स निर्वाचन क्षेत्र में वही लोग मतदाता बन सकते हैं, जिन्होंने किसी माव्यता प्राप्त विश्विद्यालय से ग्रेजुएशन या उसके समकक्ष शिक्षा या डिग्री प्राप्त की हो।

जबकि, टीचर्स निर्वाचरन क्षेत्र में मतदान के देने के लिए जरूरी है कि व्यक्ति पिछले छह साल में कम से कम तीन साल तक सेकेंडरी स्कूल या उससे ऊपर के स्तर के स्कूल में फुल-टाइम शिक्षक रहा हो।

उत्तर प्रदेश विधान परिषद चुनाव का पूरा शेड्यूल

मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिल्वा ने राज्य विधान परिषद के पांच पांच ग्रेजुएट्स और छह टीचर्स निर्वाचन क्षेत्रों के लिए 2026 के द्विवार्षिक चुनावों का शेड्यूल घोषित किया था। नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 6 अक्टूबर होगी, जबकि नामांकन पत्रों की जांच 7 अक्टूबर को होगी। 9 अक्टूबर तक उम्मीदवार अपना नामांकन वापस ले सकते हैं।

मतदान कब होगा?

23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक वोट डाले जाएंगे। वोटों की गिनती 27 अक्टूबर को होगी। रिल्वा ने कहा था कि पूरी चुनाव प्रक्रिया 31 अक्टूबर से पहले पूरी कर ली जाएगी। इन चुनाव की तारीखों का ऐलान इसलिए किया गया है क्योंकि इन निर्वाचन क्षेत्रों से चुने गए सदस्यों का कार्यकाल 6 दिसंबर को समाप्त होने वाला है।

किनका हो रहा कार्यकाल पूरा

जिन लोगों का कार्यकाल पूरा हो रहा है। उनमें विधान परिषद सदस्य में भाजपा की तरफ से मानवेंद्र प्रताप सिंह, अवनीश कुमार सिंह, दिनेश कुमार गोयल, उमेश द्विवेदी, श्रीचंद शर्मा और हरि सिंह ढिल्लों शामिल हैं। वहीं सपा के सदस्य लाल बिहारी यादव, आशुतोष सिन्हा और मान सिंह यादव। इसके अलावा निर्दलीय सदस्य आकाश अग्रवाल और टीचर्स निर्वाचन क्षेत्र के सदस्य ध्रुव कुमार त्रिपाठी शामिल हैं।

भाजपा ने इससे पहले मई में ग्रेजुएट्स और टीचर्स निर्वाचन क्षेत्रों के लिए विधान परिषद चुनावों के उम्मीदवारों की एक लिस्ट जारी की थी।

क्रमांकउम्मीदवारक्षेत्रसीट का प्रकार
1अवनीश कुमार सिंहलखनऊग्रेजुएट्स
2मानवेंद्र प्रताप सिंहआगराग्रेजुएट्स
3हरि सिंह ढिल्लोंबरेली-मुरादाबादटीचर्स
4उमेश द्विवेदीलखनऊटीचर्स
5श्रीचंद शर्मामेरठटीचर्स

यूपी विधान परिषद की 100 सीटों पर कैसे होता है सदस्यों का चुनाव-

सदस्य चुनने का तरीकासदस्यों की संख्या
विधानसभा सदस्यों द्वारा चुने गए38
स्थानीय प्राधिकरणों द्वारा चुने गए36
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों द्वारा चुने गए8
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों द्वारा चुने गए8
राज्यपाल द्वारा मनोनीत10
कुल100
  • उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की कुल 100 सीटें हैं। जिनमें 79 भाजपा के सदस्य हैं। जबकि उसकी सहयोगी पार्टी अपना दल (सोनेलाल) का एक सदस्य है। समाजवादी पार्टी के 10 सदस्य हैं। जिनमें से पांच ‘अन्य’ कैटेगरी से हैं और चार निर्दलीय हैं।