इलाहाबाद दलित हत्याकांड का मुख्य आरोपी गिरफ्तार, रेलवे में करता है नौकरी - Main Accused of Allahabad Dalit Massacre Arrests and He Has job in Railway - Jansatta
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इलाहाबाद दलित हत्याकांड का मुख्य आरोपी गिरफ्तार, रेलवे में करता है नौकरी

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आकाश कुलहरि ने बताया, ‘‘विजय शंकर सिंह 10 फरवरी को दोपहर में इलाहाबाद से सुल्तानपुर चला गया था। वहां से वह फैजाबाद गया और फिर फैजाबाद से लखनऊ होते हुए दिल्ली निकल गया था।’’

Author इलाहाबाद | February 14, 2018 4:56 PM
इस तस्वीर का इस्तेमाल प्रतीक के तौर पर किया गया है।

इलाहाबाद पुलिस की अपराध शाखा और सर्विलांस की टीम ने दिलीप सरोज हत्याकांड मामले के मुख्य आरोपी विजय शंकर सिंह को बुधवार सुबह सात बजे सुल्तानपुर बस स्टैंड से गिरफ्तार कर लिया। अभियुक्त की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल लोहे की छड़ एवं ईंट को घटनास्थल से बरामद किया गया है। पुलिस लाइन सभागार में सिंह को मीडिया के समक्ष पेश करने के बाद संवाददाताओं से बातचीत में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आकाश कुलहरि ने बताया, ‘‘विजय शंकर सिंह 10 फरवरी को दोपहर में इलाहाबाद से सुल्तानपुर चला गया था। वहां से वह फैजाबाद गया और फिर फैजाबाद से लखनऊ होते हुए दिल्ली निकल गया था।’’ उन्होंने बताया, ‘‘इसके बाद वह दिल्ली से लखनऊ आया और वहां से रोडवेज की बस पकड़कर सुल्तानपुर आ रहा था। सुल्तानपुर बस स्टैंड पर अपराध शाखा और सर्विलांस की टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। अब हम उसे न्यायिक हिरासत में लेकर जा रहे हैं।’’

कुलहरि ने बताया, ‘‘विजय शंकर सिंह सुल्तानपुर जिले के कूड़ेभार थाना अंतर्गत सेमरीना गांव का रहने वाला है और वर्तमान में वाराणसी के रामनगर में टीटीई के पद पर कार्यरत है। पूछताछ में उसने बताया कि घटना के समय उसने बीयर पी रखी थी। पुलिस इस मामले में अन्य आरोपियों मुन्ना चौहान, रामदीन मौर्य एवं ज्ञान प्रकाश अवस्थी को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है और वाहन को भी बरामद कर लिया है। वहीं, होटल के मालिक अमित उपाध्याय को हिरासत में लेकर पूछताछ करने के बाद छोड़ दिया गया।’’

उन्होंने बताया कि विजय शंकर सिंह के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 323,307,308 और 302 एवं अजा/अजजा कानून की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। उल्लेखनीय है कि नौ फरवरी की शाम दिलीप अपने दो साथियों के साथ कर्नलगंज स्थित एक होटल में खाना खाने गया था और वहां लग्जरी कार से आए कुछ लोगों से उसकी कहासुनी हो गई थी जिसके बाद उन लोगों ने दिलीप को लाठी डंडों से पीटकर बुरी तरह से घायल कर दिया था। 11 फरवरी को सुबह इलाज के दौरान 26 वर्षीय दिलीप सरोज की मौत हो गई। इस घटना के विरोध में इलाहाबाद विश्वविद्यालय क्षेत्र में आक्रोशित छात्रों ने 12 फरवरी को एक सिटी बस में आग लगा दी थी।

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