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मध्य प्रदेश में तीन पेट्रोल पंप सील, भाजपा और सपा की गाडि़यों को मुफ्त तेल देने का आरोप

आचार संहिता का उल्लंघन मानते हुए जिन तीन पेट्रोल पंपों के लाइसेंस को रद्द किया गया है, उनमें से दो बालाघाट और एक भोपाल में स्थित है।

तस्वीर का इस्तेमाल प्रतीकात्मक तौर पर किया गया है। (एक्सप्रेस अर्काइव फोटो)

चुनावी राज्य मध्य प्रदेश में आचार संहिता के उल्लंघन में तीन पेट्रोल पंपों को सील कर दिया गया है। इनमें से एक का लाइसेंस भी रद्द कर दिया गया है। कथित तौर पर तीनों पेट्रोल पंप राज्य में सत्तारूढ़ पार्टी भाजपा और विपक्षी समाजवादी पार्टी द्वारा चुनाव के दौरान प्रयोग की जा रही गाडि़यों के लिए मुफ्त में तेल दे रहे थे। आचार संहिता का उल्लंघन मानते हुए जिन तीन पेट्रोल पंपों के लाइसेंस को रद्द किया गया है, उनमें से दो बालाघाट और एक भोपाल में स्थित है।  मध्य प्रदेश के मुख्य चुनाव आयुक्त वीएल कंठा राव के अनुसार, बालाघाट में सील किए गए दो पेट्रोल पंप बलाघाट विधानसभा क्षेत्र के लिए चुनावी अभियान में शामिल दो पार्टियों की गाडि़यों को मुफ्त तेल दे रहे थे।

बता दें कि बालाघाट सीट में वर्तमान विधायक और मध्य प्रदेश के कृषि मंत्री गौरीशंकर बिसेन तथा समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार अनुभा मुनजारे के बीच कड़ी टक्कर है। पिछले 2013 के चुनाव में बिसेन ने मुनजारे को मात्र 2500 वोटों के अंतर से पराजित किया था। इस बार भी दोनों आमने-सामने हैं। मुफ्त तेल देने की प्रारंभिक सूचना मिलने पर चुनाव आयोग की फ्लाइंग स्क्वॉयड टीम ने इसकी विस्तृत जांच की। जांच में यह खुलासा हुआ कि इसमें से एक पेट्रोल पंप भाजपा उम्मीदवार के पक्ष में चल रहे चुनावी अभियान में शामिल वाहनों (जिस पर चुनावी सामग्री ढ़ोयी जा रही थी) को मुफ्त तेल मुहैया करवा रही है। मौके पर रिकॉर्ड्स और अकाउंट बुक की जांच में यह पता चला कि करीब 245 लीटर पेट्रोल की बिक्री का कोई लेखा-जोखा मौजूद नहीं है। इसके बाद पेट्रोल पंप मैनेजर के खिलाफ आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया और पेट्रोल पंप को सील कर दिया गया।

इसके बाद फ्लाइंग स्क्वॉयड द्वारा उसी विधानसभा में दूसरे पेट्रोल पंप की जांच की गई। जांच के दौरान यह खुलासा हुआ कि समाजवादी पार्टी के झंडे लगे मोटरसाइकिलों को मुफ्त में पेट्रोल दिया जा रहा था। तीसरा पेट्रोल पंप भोपाल के बेरसिया में स्थित है, जिसे सील किया गया है और इसके लाइसेंस को रद्द कर दिया गया। कथित तौर पर यहां सत्तारूढ़ पार्टी भाजपा के उम्मीदवार के लिए चुनावी अभियान में शामिल वाहनों को मुफ्त में पेट्रोल दिया जा रहा था। मौके पर हुई जांच में खुलासा हुआ कि करीब 30 गाडि़यों से बिना पैसे लिए पेट्रोल और डीजल दिया गया। दरअसल, 28 नवंबर को राज्य विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होने हैं। सभी पार्टियां जोर-शोर से चुनाव प्रचार में जुटी है।

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