समाजवादी पार्टी के सांसद जावेद अली खान ने मुरादाबाद में एक जनसभा को संबोधित करते हुए विवादित बयान दिया है। उन्होंने कहा कि बीजेपी द्वारा फैलाए जा रहे जहर को बहुसंख्यक समाज निगलने लगा है, जिससे हिंदू-मुस्लिम के बीच विश्वास में कमी आई है।
जावेद अली खान ने कहा, “मैं मुरादाबाद में, संभल में जब बात करता हूंं तो लोगों को बहुत ज्यादा समझाने की जरूरत नहीं पड़ती है क्योंकि यहांं ज्यादातर वो लोग होते हैं हमारे सामने बैठकों में, जो एक लंबे अरसे से समाजवादी पार्टी के समर्थक रहे हैं, समाजवादी पार्टी के सपोर्ट रहे हैं, समाजवादी पार्टी की ताकत रहे हैं, नेताजी के जमाने से, मुलायम सिंह जी के जमाने से इसलिए यहां बहुत कुछ समझाना नहीं पड़ता।”
उन्होंने आगे कहा, “लेकिन उन इलाकों में जो समझाया जाएगा, उन क्षेत्रों में जो समझाया जाएगा, जहां अल्पसंख्यकों की आबादी कम है, जहां बहुसंख्यक ज्यादा तादाद में रहते हैं और भाजपा द्वारा फैलाए गए जहर को बहुसंख्यक आवाम निगलने लगा है, वो जहरीला हो गया है काफी हद तक।”
सपा सांसद ने कहा, “मैं आरोप नहीं लगा रहा लेकिन भाजपा ने ऐसा माहौल पैदा कर दिया कि आज उत्तर प्रदेश के अंदर और हिंदुस्तान के अंंदर, आपस में जो एक-दूसरे पर विश्वास होता था, वो विश्वास धर्म के आधार पर काफी उसके अंदर कमी आई है और वो विश्वास टूटा है।”
बीजेपी ने बोला हमला
सपा सांसद के बयान पर बीजेपी के प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने X पर एक पोस्ट कर कहा कि जावेद अली खान हिंदू समुदाय को जहरीला बता रहे हैं और अखिलेश यादव ने इसके खिलाफ एक शब्द तक नहीं बोला है। यह बात गलती से मुंह से नहीं निकली है। यह समाजवादी पार्टी की विचारधारा है, जो सबके सामने आ गई है।
उन्होंने आगे कहा कि जब सपा का सांसद भारत की 80% आबादी की बेइज्जती करता है और उनके नेता चुप रहते हैं तो यह साफ संदेश देता है कि सपा एंटी हिंदू है। उन्होंने सवाल किया, “अखिलेश यादव क्या आप अपने सांसद से सहमत हैं।”
यह भी पढ़े: ओवैसी का मिशन यूपी शुरू, कर दिया अखिलेश यादव की टेंशन बढ़ाने वाला काम
एआईएमआईएम के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने उत्तर प्रदेश में अपने पहले उम्मीदवार के नाम का एलान कर दिया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें।
