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ईद पर बिरयानी पुलिसिंग: हरियाणा गो सेवा आयोग की चिट्ठी पर डीजीपी ने सभी एसपी को जारी किया ऑर्डर

पुलिस को आशंका है कि पिछले साल की तरह गोमांस को लेकर दो समुदायों के बीच हिंसा हो सकती है इसलिए डीजीपी ने सभी एसपी को गोमांस की बिक्री पर निगरानी रखने के सख्त निर्देश दिए हैं।
दुकान में गोमांस बेचता एक व्यापारी। (पीटीआई फोटो)

पिछले साल ईद के मौके पर हरियाणा के मेवाल जिले में गोमांस को लेकर काफी विवाद हुआ था, जिसे ध्यान में रखते हुए पूरे जिले में डीजीपी द्वारा ईद के मौके पर बिरयानी पुलिसिंग चलाने के निर्देश दिए हैं। इस बिरयानी पुलिसिंग के जरिए पुलिस की टीमें मुस्लिम आबादी वाले इलाकों में गोमांस की बिक्री पर नजर रखेंगी। पुलिस को आशंका है कि पिछले साल की तरह गोमांस को लेकर दो समुदायों के बीच हिंसा हो सकती है इसलिए डीजीपी ने सभी एसपी को गोमांस की बिक्री पर निगरानी रखने के सख्त निर्देश दिए हैं। आपको बता दें कि ऐसा इसलिए किया जा रहा है क्योंकि हरियाणा गोसेवा आयोग द्वारा डीजीपी को इस संबंध में पत्र लिखा गया था।

गोसेवा आयोग को लगता है कि रमजान के खत्म होते ही ईद के मौके पर गोमास की बिक्री हो सकती है। गोमांस की बिक्री को रोकने के लिए गोसेवा आयोग ने अपनी तरफ से पूरी तैयारी कर ली है। एनबीटी के अनुसार आयोग के अध्यक्ष भानी राम मंगला द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार उन्होंने डीजीपी को पत्र लिखकर इस संबंध में विशेष ध्यान रखने की बात कही है। मंगला ने पत्र में लिखा है कि हरियाणा में गोमांस बिक्री पर कड़ा नियम बनाया गया है और राज्य में गोमांस पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया गया है। मंगला ने कहा कि गोमांस की बिक्री पर रोक लगाने वाला अभियान केवल ईद के मौके पर ही नहीं चलाया जा रहा है इसे आगे भी इसी प्रकार जारी रखा जाएगा।

उन्होंने कहा कि गाय की रक्षा करना और उनकी तस्करी को रोकना की जिम्मेदारी गोसेवा आयोग की है। इसके बाद उन्होंने कहा कि जल्द ही गाय की रक्षा के लिए एक टोल फ्री नंबर जारी किया जाएगा जिसके जरिए गौमाता की तस्करी पर भी आसानी से रोक लगाई जा सकती है। मंगला द्वारा डीजीपी को लिखे गए पत्र के बाद पुलिस महकमा हरकत में आ गया है। पुलिस राज्य के मुस्लिम बहुल इलाकों में ईद के मौके पर खासतौर पर नजर रखेगी क्योंकि हो सकता है कि इन इलाकों में गोमांस की बिक्री हो सकती है।

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