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पुलिस की ‘हनीप्रीत’ के झांसे में आया मीडिया

मुख्य गेट पर बड़ी संख्या में मीडिया मौजूद था। इसके बाद कोर्ट में दुपट्टा ओढ़े हुए दो औरतों को लेकर पुलिस पहुंची।

Author चंडीगढ़ | October 5, 2017 3:32 AM
बलात्कारी बाबा राम रहीम की मुंहबोली बेटी हनीप्रीत। (Photo Source: Indian Express Archive)

पंचकूला पुलिस ने नाटकीय घटनाक्रम में हनीप्रीत इंसां को कोर्ट में पेश किया। चंडीमंदिर पुलिस थाने के पिछले गेट से हनीप्रीत को बाहर निकाला गया। मुख्य गेट पर बड़ी संख्या में मीडिया मौजूद था। इसके बाद कोर्ट में दुपट्टा ओढ़े हुए दो औरतों को लेकर पुलिस पहुंची। इन औरतों में से कोई न तो हनीप्रीत थी और न ही उसकी सहेली, जिसे कल हनीप्रीत के साथ ही पुलिस की हिरासत में लिया था। बाद में मीडिया की आंखों में धूल झोंकते हुए पुलिस असली हनीप्रीत व उसकी सहेली को लेकर कोर्ट पहुंची। कोर्ट से रिमांड मिलने के बाद मीडिया ने हनीप्रीत से बात करने की कोशिश की लेकिन पुलिस ने करने नहीं दी। हालांकि हनीप्रीत मीडिया से बात करना चाहती थी।

17 अगस्त को ही तैयार हो गई थी हिंसा की साजिश : पुलिस

सीबीआइ कोर्ट द्वारा डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख राम रहीम को बलात्कार के मामले में दोषी करार दिए जाने के बाद पंचकूला समेत पूरे हरियाणा में हिंसा की घटनाएं भले ही 25 अगस्त को हुई हों लेकिन इनका रोड मैप 17 अगस्त को यानी उसी दिन रच ली गई थी जब अदालत ने राम रहीम प्रकरण में फैसला सुरक्षित रख लिया था। हनीप्रीत से हुई शुरूआती पूछताछ के बाद पंचकूला पुलिस ने यह अहम खुलासा किया है। पुलिस द्वारा कोर्ट में दिया गया यही तर्क हनीप्रीत का रिमांड दिलाने में अहम साबित हुआ है। 17 अगस्त को जब डेरामुखी पर लगे यौन उत्पीड़न के आरोपों पर फैसला रिजर्व रखा गया तो डेरा के चुनिंदा लोगों की अहम बैठक हुई। यह बैठक काले रंग की एक मर्सिडिट कार में हुई। पुलिस इस कार को पहले ही बरामद कर चुकी है। पुलिस आयुक्त ए. एस. चावला के अनुसार ऐसे इनपुट मिले हैं कि 17 अगस्त को हुई इस मीटिंग में ही 25 अगस्त का एजंडा तय हो गया था।

बैठक में गुरमीत राम रहीम के अलावा डेरामुखी का निजी सचिव राकेश व चीफ सिक्योरिटी आॅफिसर प्रीतम सिंह भी मौजूद था। हनीप्रीत इंसां के इस बैठक में शामिल होने की पुष्टि पंचकूला पुलिस आयुक्त एएस चावला ने की है। राकेश व प्रीतम सिंह को भी पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
इस बैठक में यह तय हो गया था कि डेरामुखी किस गाड़ी से पंचकूला जाएगा और उसका रूट क्या होगा। इसके अलावा बैठक में यह भी तय किया गया था कि अगर फैसला डेरा प्रमुख के खिलाफ आता है तो प्रशासन व सरकार पर दबाव बनाने के लिए क्या रणनीति अपनाई जाएगी। रिमांड के दौरान पुलिस हनीप्रीत से इस घटनाक्रम पर भी जानकारी जुटाएगी ताकि हिंसा की साजिश के केस को और मजबूत किया जा सके।

 

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