सोमनाथ मंदिर विवाद: बीजेपी को खुश करने 'घर के भेदी' ने रची राहुल गांधी के खिलाफ साजिश, कांग्रेस जल्द ले सकती है एक्शन - Somnath Temple controversy an insider from Congress relesed info about Congress vice president Rahul gandhi register himself as non hindu visitor during gujarat assembly elections 2017 campaign - Jansatta
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सोमनाथ मंदिर विवाद: बीजेपी को खुश करने ‘घर के भेदी’ ने रची राहुल गांधी के खिलाफ साजिश, कांग्रेस जल्द ले सकती है एक्शन

सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस का यह 'घर का भेदी' बीजेपी में शामिल होने के लिए पार्टी अध्यक्ष अमित शाह से एक दौर की बातचीत कर चुका है।

सोमनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना करते कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी (फोटो-पीटीआई)

सोमनाथ मंदिर में कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से जुड़े विवाद के बाद पार्टी में अंदरखाने जबर्दस्त हंगामा मचा है। कांग्रेस के कुछ नेता दावा कर रहे हैं कि विजिटर बुक से जुड़े विवाद को सार्वजनिक करने में कांग्रेस के ही एक नेता का हाथ है। पार्टी सूत्रों ने दावा किया है कि कांग्रेस का ये नेता बीजेपी में जाने की फिराक में है। मुंबई मिरर की एक रिपोर्ट के मुताबिक इस विवाद में सिर्फ मीडिया कॉर्डिनेटर मनोज त्यागी की ही भूमिका नहीं है, जिन्होंने जाने-अनजाने गैर हिन्दू विजिटर बुक में राहुल गांधी और अहमद पटेल का नाम लिखा, बल्कि पूरे मामले में एक टॉप लीडर का भी रोल सामने आ रहा है। कहा जा रहा है कि इस कांड में सिर्फ मनोज त्यागी ही नहीं बल्कि और भी लोग शामिल थे, जो यह चाहते थे कि राहुल के सोमनाथ मंदिर दौरे में विवाद पैदा हो। कांग्रेस के एक बड़े नेता ने बताया, ‘हमें पता है कि ये किसने किया है और क्यों किया है, इस काम को राहुल गांधी के दौरे को पलीता लगाने के लिए किया गया था, हो सकता है इसमें कुछ हद तक राहुल के राजनीतिक प्रतिद्वन्दी सफल हुए हैं।’

सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस का यह ‘घर का भेदी’ बीजेपी में शामिल होने के लिए पार्टी अध्यक्ष अमित शाह से एक दौर की बातचीत कर चुका है। कांग्रेस जल्द ही इस नेता को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा सकती है। रिपोर्ट के मुताबिक इस विवाद के बाद राहुल गांधी को जनेऊधारी ब्रह्माण के रूप में प्रोजेक्ट करने पर भी कांग्रेस में दो मत है। कांग्रेस का मानना है कि पार्टी के मीडिया सेल इंचार्ज रणदीप सुरजेवाला द्वारा राहुल गांधी को जनेऊधारी ब्रह्माण के रूप में पेश करना पार्टी की छवि के लिए ठीक नहीं है। एक सूत्र के मुताबिक इस मामले को पार्टी के वरिष्ठ नेता जनार्दन द्विवेदी सुलझा सकते थे और वह सुरजेवाला को इस मामले में गाइड कर सकते थे। कांग्रेस का मानना है कि इस एक घटनाक्रम ने कांग्रेस के प्रगतिशील, समाजवादी सिद्धातों को करारा चोट पहुंचाया है। पार्टी के मुताबिक राहुल गांधी के निजी तस्वीरों को जारी करने की कोई जरूरत नहीं थी।

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