ताज़ा खबर
 

केरल के पत्रकार की गिरफ्तारी पर SC में बोली यूपी सरकार- जांच में आईं चौंकाने वाली बातें, जहां का रिपोर्टर बताया वो अखबार बंद हो चुका

शीर्ष अदालत इस पत्रकार की गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली केरल यूनियन ऑफ र्विकंग जर्नलिस्ट्स की याचिका पर सुनवाई कर रही है।

Author नई दिल्ली | December 2, 2020 5:27 PM
UP GANG RAPE CRIME NEWSपत्रकार सिद्दीकी कप्पन। (ट्विटर)

उत्तर प्रदेश सरकार ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि केरल स्थित पत्रकार सिद्दीकी कप्पन की गिरफ्तारी से संबंधित मामले की अब तक की जांच से बेहद चौंकाने वाली जानकारियां मिली हैं। कप्पन को दलित महिला से कथित रूप से सामूहिक बलात्कार और बाद में उसकी मृत्यु की घटना के सिलसिले में हाथरस जाते हुए रास्ते में गिरफ्तार किया गया था।

प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे,न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना और न्यायमूर्ति वी रामासुब्रमणियन की पीठ के समक्ष उप्र सरकार ने कहा, ‘कप्पन का दावा है कि वह केरल के एक दैनिक अखबार के लिए पत्रकार के रूप में काम करता है जबकि यह अखबार दो साल पहले ही बंद हो चुका है।’ उप्र सरकार की ओर से सालिसीटर जनरल तुषार मेहता ने पीठ से कहा, ‘अब तक की जांच से चौंकाने वाली जानकारियां मिली हैं।’

शीर्ष अदालत इस पत्रकार की गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली केरल यूनियन ऑफ र्विकंग जर्नलिस्ट्स की याचिका पर सुनवाई कर रही है। पीठ ने याचिकाकर्ता संस्था से जानना चाहा कि क्या वह उच्च न्यायालय जाना चाहेंगे। इस संगठन की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने कहा कि वह शीर्ष अदालत में ही इस मामले में बहस करेंगे और याचिकाकर्ता कप्पन की पत्नी तथा अन्य को भी इसमें शामिल करेगा।

सिब्बल ने कहा, ‘उच्च न्यायालय ने इसी मामले में एक अन्य आरोपी की बंदीप्रत्यक्षीकरण याचिका पर एक महीने का समय दिया है और इसलिए मैं यहीं पर बहस करना चाहता हूं। मुझे यहीं पर सुनिए।’ मेहता ने कहा कि कप्पन से वकील ने मुलाकात की है और इस मामले में यहां आरोपी पक्षकार नहीं है।

सिब्बल ने पत्रकार अर्नब गोस्वमाी के मामले का हवाला दिया, जिन्हें कथित आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में शीर्ष अदालत ने अंतरिम जमानत दी थी, और कहा कि वह इसी फैसले को आधार बनाएंगे क्योंकि इसमें कानून प्रतिपादित किया गया है। पीठ ने टिप्पणी की, ‘प्रत्येक मामला अलग होता है। आप हमें ऐसा कोई मामला बताएं जिसमे किसी एसोसिएशन ने राहत के लिए न्यायालय में याचिका दायर की हो।’

पीठ ने कहा, ‘हम कानून के अनुसार ही आपको सुनना चाहते हैं और इस मामले पर उच्च न्यायालय में सुनवाई की जानी चाहिए थी।’ इसके साथ ही पीठ ने इस मामले को अगले सप्ताह के लिए सूचीबद्ध कर दिया। राज्य सरकार ने पीठ से कहा कि वह इस संस्था के जवाबी हलफनामे पर अपना हलफनामा दाखिल करेगी। उप्र पुलिस ने हाल ही में अपने हलफनामे में दावा किया था कि कप्पन पत्रकारिता की आड़े में जातीय कटुता और कानून व्यवस्था की स्थिति बिगाड़ने की योजना से हाथरस जा रहा था।

इसके जवाब में याचिकाकर्ता संगठन ने न्यायालय में दाखिल अपने हलफनामे में उप्र पुलिस के इस दावे को ‘पूरी तरह गलत और झूठा’ बताया है कि सिद्दीकी कप्पन पॉपुलर फ्रंट आफ इंडिया का कार्यालय सचिव हैं। संगठन ने दावा किया है कि कप्पन सिर्फ पत्रकार के रूप में ही काम करते हैं। सिद्दीकी कप्पन को पांच अक्टूर को हाथरस जाते समय रास्ते में गिरफ्तार किया गया था।

मथुरा पुलिस ने इस संबंध में दावा किया था कि उसने पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया से संबंध रखने वाले चार व्यक्तियों को मथुरा में गिरफ्तार किया है उनके नाम-मल्लापुरम निवासी सिद्दीकी, मुजफ्फरनगर निवासी अतीकुर रहमान, बहराइच निवासी मसूद अहमद और रामपुर निवासी आलम हैं। इस मामले में पुलिस ने पॉपुलर फ्रंट आॅफ इंडिया या पीएफआई से कथित रूप से संबंध रखने के आरोप में चार व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता के प्रावधानों के साथ ही गैर कानूनी गतिविधियां रोकथाम कानून (यूएपीए) के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।

पीएफआई पर पहले भी इस साल के शुरू में नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ देशव्यापी विरोध के लिए धन मुहैया कराने के आरोप लग चुके हैं। हाथरस के एक गांव में 14 सितंबर एक दलित युवती से कथित रूप से सामूहिक बलात्कार हुआ था। इस घटना में बुरी तरह जख्मी युवती की बाद में सफदरजंग अस्पताल में मृत्यु हो गयी थी। मृतक का रात में ही उसके परिजनों की कथित तौर पर सहमति के बगैर ही अंतिम संस्कार कर दिया गया था जिसे लेकर जनता में जबर्दस्त आक्रोष व्याप्त हो गया था।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 मुंबई में दिन दहाड़े युवक को घेर चाकूबाजी करने लगा बदमाश, तमाशबीन बनी पब्लिक; देखें वीडियो
2 पूर्व मंत्री ने दर्ज कराई खुद को किडनैप करने की FIR, कहा- किडनैपर को दी 48 लाख फिरौती
3 शादी और धर्म: हरियाणा में निकाह के लिए हिंदू से मुस्लिम बना लड़का; एमपी में दो साल पहले जिसके साथ भागी थी उसे अब कराया गिरफ़्तार
ये पढ़ा क्या ?
X