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‘प्रतिदिन बोले जाने वाले वाक्यों को 22 भाषाओं में पढ़ाया जाएगा’

जावड़ेकर ने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ का नारा दिया है केवीएस उस पथ पर आगे बढ़ रहा है।

केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर( बीच में)

‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की परिकल्पना को साकार करने के उद्देश्य से अगले साल से विद्यार्थियों को प्रतिदिन बोले जाने वाले 5-10 वाक्यों को 22 भाषाओं में पढ़ाया जाएगा। इसके लिए एक किताब भी प्रकाशित की जाएगी। केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने गुरुवार को विज्ञान भवन मैदान में आयोजित केंद्रीय विद्यालय संगठन (केवीएस) के राष्ट्रीय एकता शिविर में यह बात कही।

जावड़ेकर ने कहा कि प्रधानमंत्री ने जो ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ का नारा दिया है केवीएस उस पथ पर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने केंद्रीय विद्यालयों के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत नृत्य और संगीत की तारीफ करते हुए कहा कि जिस तरह से केरल के विद्यार्थियों ने मणिपुर का नृत्य और चंडीगढ़ के विद्यार्थियों ने आंध्र प्रदेश का नृत्य प्रस्तुत कर एकता की मिसाल दी है, वह अद्भुत है। मंत्री ने केंद्रीय विद्यालयों की प्रशंसा करते हुए कहा कि ये हमारे सरकारी स्कूल हैं और इतना अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं।

उन्होंने नवोदय विद्यालय के विद्यार्थियों की शानदार प्रस्तुति को भी सराहा। उन्होंने बताया कि इस साल कक्षा छह की 40 हजार सीटों के लिए 28 लाख विद्यार्थियों ने प्रवेश परीक्षा दी थी। जावड़ेकर ने राष्ट्रीय एकता शिविर के सफल आयोजन के लिए केवीएस के आयुक्त संतोष कुमार मल्ल और सभी शिक्षकों, प्रधानाचार्यों और अधिकारियों को बधाई दी।

नहीं मिला वेतन, टावर पर चढ़े दो संविदाकर्मी

प्राधिकरण के विद्युत यांत्रिकी विभाग के संविदाकर्मियों गुरुवार को सेक्टर-39 स्थित प्राधिकरण कार्यालय में वेतन भुगतान को लेकर खूब हंगामा किया। इस दौरान वेतन की मांग को लेकर दो संविदाकर्मी बीएसएनएल के ऊंचे टॉवर पर चढ़ गए। सूचना मिलने पर पहुंचे नोएडा एंप्लाइज असोसिएशन (एनईए) के अध्यक्ष चौधरी कुशलपाल के समझाने पर भी कर्मचारी नहीं माने। बाद में अग्निशमन विभाग के दस्ते ने उन्हें जबरन नीचे उतारा।

बताया जा रहा है कि प्राधिकरण ने ठेकेदारों के कर्मचारियों का भुगतान बगैर पीएफ नंबर के नहीं करने का फैसला लिया है। ठेकेदारों ने कर्मचारियों से पीएफ जमा करने के लिए आधार कार्ड देने को कहा है। अधिकांश कर्मचारी कार्ड देने को तैयार नहीं है। बगैर पीएफ पंजीकरण के चलते प्राधिकरण ने ठेकेदार का भुगतान रोक दिया है। चूंकि ठेकेदारों को भुगतान नहीं हुआ है इसलिए वे कर्मचारियों को वेतन नहीं दे पा रहे हैं। कहा जा रहा है कि कुछ लोगों के भड़काने पर दो संविदाकर्मी टॉवर पर चढ़ गए थे। समझाने पर भी जब संविदाकर्मी नहीं उतरे, तब दमकल विभाग की टीम ने उन्हें जबरन नीचे उतारा।

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