पंजाब में बेअदबी रोधी कानून के तहत पुलिस ने पहला मामला दर्ज कर लिया है। यह मामला श्री मुक्तसर साहिब जिले की एक झुग्गी बस्ती में धार्मिक ग्रंथ के फटे पन्ने मिलने के बाद दर्ज हुआ है।
पुलिस के एक अधिकारी ने शनिवार को बताया कि पंजाब में श्री मुक्तसर साहिब के मलोट स्थित कुचियां मोहल्ला में ‘सुखमनी साहिब गुटका’ के फटे पन्ने मिलने की शिकायत के बाद शुक्रवार को मामला दर्ज किया गया। पुलिस उपाधीक्षक हरजीत सिंह ने बताया कि इस मामले में अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
पुलिस ने बताया कि गुटका साहिब के पन्ने गुरुद्वारे को सौंप दिए गए हैं। यह एफआईआर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299 और जागृत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) अधिनियम, 2026 की धारा पांच के तहत दर्ज की गई है।
कड़ी सजा का है प्रावधान
पंजाब सरकार ने बेअदबी-रोधी कानून ‘जागृत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) अधिनियम, 2026’ को पिछले महीने अधिसूचित किया था। इसमें सिखों के पवित्र ग्रंथ श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी के किसी भी कृत्य के लिए उम्रकैद और 25 लाख रुपये तक के जुर्माने सहित कड़ी सजा का प्रावधान है।
पंजाब की आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने बेअदबी की घटनाओं को रोकने और श्री गुरु ग्रंथ साहिब की पवित्रता बनाए रखने के लिए जागृत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार अधिनियम, 2008 में संशोधन किया था। इस नए कानून के अनुसार, बेअदबी करने वाले किसी भी व्यक्ति को कम से कम सात साल की कैद की सजा होगी जिसे 20 साल तक बढ़ाया जा सकता है। साथ ही उस पर दो लाख रुपये से 10 लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकेगा।
कानून के अनुसार, शांति या सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने के इरादे से आपराधिक साजिश के तहत बेअदबी करने वाले व्यक्ति को कम से कम 10 साल की कैद की सजा होगी जिसे उम्रकैद तक बढ़ाया जा सकता है। इसके साथ ही उस पर पांच लाख रुपये से 25 लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
राज्यसभा सांसद संदीप पाठक के खिलाफ दो FIR दर्ज
आम आदमी पार्टी छोड़कर हाल ही में भाजपा में शामिल हुए राज्यसभा सांसद संदीप पाठक पर पंजाब में दो FIR दर्ज हुई हैं। संदीप पाठक के खिलाफ यह एक्शन पंजाब के दो अलग-अलग जिलों में हुआ है। यहां क्लिक कर पढ़ें पूरी खबर।
