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मई के अंतिम सप्ताह में आयोग देगा EVM को हैक करने की खुली चुनौतीः नीलोत्पल बसु

ईवीएम में गड़बड़ी की शिकायतों के मद्देनजर चुनाव आयोग इस महीने के अंतिम सप्ताह में मशीन को हैक करने की खुली चुनौती दे सकता है।

Author नयी दिल्ली | May 12, 2017 23:04 pm
यूपी, पंजाब, मणिपुर, गोवा और उत्तराखंड के विधान सभा चुनावों के बाद ईवीएम को लेकर सवाल उठाए गये थे। (फाइल फोटो)

ईवीएम में गड़बड़ी की शिकायतों के मद्देनजर चुनाव आयोग इस महीने के अंतिम सप्ताह में मशीन को हैक करने की खुली चुनौती दे सकता है। ईवीएम में गड़बड़ी के मुद्दे पर राजनातिक दलों की शिकायतों पर आज आयोग द्वारा आयोजित सर्वदलीय बैठक के बाद मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) नेता नीलोत्पल बसु ने यह बात कही ।
बसु ने बताया कि बैठक के दौरान कुछ दलों की ओर से ईवीएम में छेड़छाड़ करने का दावा किये जाने पर आयोग के अधिकारियों ने इस महीने के अंत में ऐसा कर दिखाने की खुली चुनौती देने की बात कही। उन्होंने बताया कि आयोग ने आप नेता मनीष सिसोदिया द्वारा ईवीएम को हैक करके दिखाने को ‘‘हैकाथॉन’’ कहे जाने पर आपत्ति व्यक्त करते हुये इसके लिये ‘‘खुली चुनौती’’ शब्द इस्तेमाल करने की बात कही।

बसु ने कहा कि इसी परिपे्रक्ष्य में आयोग के अधिकारियों ने कहा कि ‘‘हम खुली चुनौती के लिये तैयारी कर रहे है। मशीन को गड़बड़ी की आशंका से बिल्कुल सुरक्षित रखने के आयोग के दावे को गलत साबित करने की खुली चुनौती मई के आखिर में दी जायेगी।’’ इसकी तारीख के बारे में पूछे जाने पर बसु ने कहा कि अधिकारियों ने बैठक में इसकी कोई जानकारी नहीं दी।

ईवीएम पर माकपा के रच्च्ख के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि ‘‘बैठक में आयोग ने अब प्रत्येक चुनाव में वीवीपेट युक्त ईवीएम से मतदान कराने को कहा है। इसका हमने स्वागत करते हुये 50 प्रतिशत वीवीपेट मशीनों के आंकड़े सार्वजनिक करने और ईवीएम को हैकिंग से बचाने के लिये किये गये सुरक्षा उपायों को भी सार्वजनिक करने का सुझाव दिया है।’’ बसु ने कहा कि ‘‘हमारा स्पष्ट मत है कि ईवीएम सहित कोई भी मशीन हैकिंग से पूरी तरह सुरक्षित नहीं है। इसलिये हमने ईवीएम के सुरक्षा उपायों के आयोग के दावों को सार्वजनिक करने की मांग की है जिससे मौजूदा समय में उठ रहे सवालों से बचा जा सके।’’

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