इजरायल-ईरान युद्ध के कारण भारत में हुए घरेलू गैस सिलेंडर की किल्लत के बीच दिल्ली पुलिस ने बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने संगम विहार इलाके में अवैध एलपीजी रैकेट का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने डिलीवरी एजेंटों के गोदामों से कुल 183 इंडेन गैस सिलेंडर बरामद किए हैं, जिनमें से 154 भरे हुए और 29 खाली थे।
पुलिस के मुताबिक, इस मामले में चार आरोपियों – शेर सिंह, सूरज परिहार, रघु राज सिंह और जितेंद्र शर्मा को गिरफ्तार किया गया है। ये सभी आरोपी एक अधिकृत गैस एजेंसी के पंजीकृत डिलीवरी कर्मी हैं। क्रासिस के बीच यह चारों डिलीवरी के नाम पर एलपीजी सिलेंडरों का अवैध भंडारण और रीफिलिंग कर रहे थे।
जांच में सामने आया कि आरोपी एजेंसी से सिलेंडर लेने के बाद उन्हें ग्राहकों तक पहुंचाने के बजाय किराए के गोदामों में जमा कर देते थे। पुलिस ने इस मामले में आवश्यक वस्तु अधिनियम (Essential Commodities Act) और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। फिलहाल मामले की आगे की जांच जारी है।
गौरतलब है कि युद्ध के कारण प्राकृतिक गैसों के आयात में अड़चनें आई हैं, जिसकी वजह से आम लोगों को घरेलू गैस सिलेंडर मिलने में दिक्कत हो रही है। इस बीच कालाबाजारी और जमाखोरी भी जमकर की जा रही है, जिसने परेशानी को और ज्यादा गंभीर बना दिया है। यही वजह है कि पुलिस लगातार ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है, जो घरेलू गैस की कालाबाजारी में जुटे हैं।
यह भी पढ़ें – LPG सिलेंडर की डिलीवरी लेट या वसूले जा रहे ज्यादा पैसे, ऐसे करें तुरंत शिकायत
पश्चिम एशिया में जारी संकट के चलते तेल और गैस की आपूर्ति प्रभावित हुई है। इसका असर भारत में भी एलपीजी सप्लाई पर पड़ा है। कई क्षेत्रों में गैस सिलेंडर समय पर नहीं पहुंच रहे हैं और डिलीवरी में देरी हो रही है। इसी बीच एक और समस्या लोगों की परेशानियों को और बढ़ा रही है। कुछ उपभोक्ता शिकायत कर रहे हैं कि सिलेंडर लेते समय उनसे अतिरिक्त पैसे वसूले जा रहे हैं या फिर बिना डिलीवरी किए ही सिस्टम में सिलेंडर को डिलीवर दिखा दिया जाता है। पूरी खबर पढ़ें…
