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भाजपा का नाम बदलकर ‘मोदी एण्ड शाह प्राइवेट लिमिटेड कम्पनी’ कर देना चाहिए: कांग्रेस सांसद

कांग्रेस सासंद ने कहा, 'चुनाव में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने रुचि दिखाई लेकिन धन की थैली खोलने के बावजूद भाजपा की दूसरी प्रत्याशी बुरी तरह पराजित हुई।'

Author लखनऊ | June 12, 2016 2:15 PM
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह (बाएं) और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। (फाइल फोटो)

कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य प्रमोद तिवारी ने आज उत्तर प्रदेश विधान परिषद और राज्यसभा चुनाव में धनबल के इस्तेमाल और क्रॉस वोटिंग पर दुख जाहिर करते हुए कहा कि अपने 36 साल के राजनीतिक जीवन में उन्होंने लोकतंत्र की ऐसी ‘वीभत्स’ हत्या पहले कभी नहीं देखी। तिवारी ने यहां संवाददाताओं से कहा कि गत 10 और 11 जून को हुए विधान परिषद और राज्यसभा के चुनाव में सभी पार्टियों के कुछ विधायकों ने क्रॉस वोटिंग की। यह लोकतंत्र के लिए अच्छा संकेत नहीं है। कांग्रेस के छह विधायकों का क्रॉस वोटिंग करना भी दुखद रहा।

उन्होंने कहा कि भाजपा ने इन चुनावों में धनबल का फूहड़तापूर्ण इस्तेमाल किया। इस दल को मालूम था कि उसके पास दूसरा प्रत्याशी जिताने के लिये पर्याप्त संख्याबल नहीं है, मगर इसके बावजूद उसने प्रीति महापात्रा को चुनाव लड़ाया। तिवारी ने कहा ‘मैंने अपने 36 साल के राजनीतिक जीवन में लोकतंत्र की इतनी वीभत्स हत्या कभी नहीं देखी। इस चुनाव में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने रुचि दिखाई लेकिन धन की थैली खोलने के बावजूद भाजपा की दूसरी प्रत्याशी बुरी तरह पराजित हुई। चुनाव नतीजों ने साफ कर दिया है कि यूपी को भाजपा स्वीकार नहीं है।’

उन्होंने कहा कि भाजपा अन्तरात्मा की आवाज पर चुनाव जीतने की बात कर रही थी लेकिन अगर किसी की अन्तरात्मा मरी है तो वह भाजपा की ही है। भाजपा का नाम बदलकर ‘मोदी एण्ड शाह प्राइवेट लिमिटेड कम्पनी’ कर दिया जाना चाहिए। तिवारी ने विधान परिषद और राज्यसभा चुनावों में सहयोग के लिए सपा, बसपा, पीस पार्टी, कौमी एकता दल और राष्ट्रीय लोकदल समेत सभी मददगार दलों का शुक्रिया अदा किया। आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की तरफ से ब्राह्मण चेहरे के रूप में पेश किए जाने की सम्भावनाओं के बारे में पूछे जाने पर तिवारी ने कहा कि वह राज्यसभा में खुश हैं और कोई भी पद पाने में उनकी कोई दिलचस्पी नहीं है। अगर उन्हें कोई जिम्मेदारी लेने को कहा जाएगा तो वह मना कर देंगे।

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