ताज़ा खबर
 

अरूण जेटली का आरोप- आरक्षण पर एक दूसरे को छल रहे हैं कांग्रेस और हार्दिक पटेल

अरूण जेटली ने कहा कि कांग्रेस हार्दिक क्लब में दोनों एक दूसरे को छल रहे हैं। कानूनी और संवैधानिक रूप से यह (आरक्षण में 50 प्रतिशत की सीमा का उल्लंघन) आज के कानून के तहत संभव नहीं है।

Author नई दिल्ली | November 22, 2017 8:57 PM
अरूण जेटली ने कहा कि आरक्षण को लेकर कानून काफी स्पष्ट है। (File Photo)

पटेल समुदाय को आरक्षण के मुद्दे पर कांग्रेस और पाटीदार नेता हार्दिक पटेल के बीच हुए समझौते पर सवाल उठाते हुए भाजपा ने बुधवार को कहा कि दोनों एक दूसरे को ऐसी बात पर छल रहे हैं जो कानूनी रूप से टिकने योग्य नहीं है । वित्त मंत्री अरूण जेटली ने संवाददाताओं से कहा कि कांग्रेस हार्दिक क्लब में दोनों एक दूसरे को छल रहे हैं। कानूनी और संवैधानिक रूप से यह (आरक्षण में 50 प्रतिशत की सीमा का उल्लंघन) आज के कानून के तहत संभव नहीं है।’’ उन्होंने कहा कि चुनाव में केवल ऐसे वादे किए जाने चाहिए जिन्हें लागू किया जा सके।

जेटली ने कहा कि कानून काफी स्पष्ट है और उच्चतम न्यायालय ने इस बारे में व्यवस्था दी है। मंडल आयोग मामले में उच्चतम न्यायालय के फैसले में कहा गया है कि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग या विशेष श्रेणी के लिए कुल आरक्षण 50 प्रतिशत से अधिक नहीं हो सकता है। राजस्थान में गुर्जरों के आरक्षण के असफल प्रयास का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि न्यायपालिका ने पुन: पुष्टि की है कि 50 प्रतिशत की सीमा को बढ़ाया नहीं जा सकता है। और इसलिए दोनों को एक दूसरे और लोगों को छलने दें।

युवा कांग्रेस के प्रधानमंत्री मोदी को निशाना बनाने वाले ‘चायवाला’ प्रकरण के संदर्भ में जेटली ने कहा कि भारतीय लोकतंत्र की ताकत इस बात से स्पष्ट है कि सामान्य पृष्ठभूमि का कोई व्यक्ति शक्तिशाली को पराजित कर सकता है, ऐसे लोगों को पराजित कर सकते हैं जो परिवार या राजवंश के नाम पर राजनीति करते हों। इसलिए लोकतंत्र में कोई छोटा या बड़ा परिवार नहीं है। दरअसल गुजरात विधानसभा चुनाव के कारण इस वक्त कांग्रेस और बीजेपी, दोनों ही पार्टियां प्रचार-प्रसार में जुटी हुई हैं। ऐसे में भारतीय राष्ट्रीय यूथ कांग्रेस ने पार्टी के प्रचार के उद्देश्य से पीएम मोदी का अपमानजनक मीम बनाया था।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App