ताज़ा खबर
 

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी कर्नाटक, तमिनाड़ू में कावेरी नदी के पानी को लेकर हिंसाः नायडू

कावेरी नदी के जल के बंटवारे के मुद्दे पर शांति एवं संयम बनाए रखने की अपील करते हुए आज केंद्र ने कहा है कि हिंसा को किसी भी आधार पर उचित नहीं ठहराया जा सकता।

Author नई दिल्ली | September 13, 2016 4:37 PM

कावेरी नदी के जल के बंटवारे के मुद्दे पर शांति एवं संयम बनाए रखने की अपील करते हुए आज केंद्र ने कहा है कि हिंसा को किसी भी आधार पर उचित नहीं ठहराया जा सकता। इसके साथ ही केंद्र ने पड़ोसी राज्यों कर्नाटक और तमिलनाडु की सरकारों से कहा है कि वे जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी कदम उठाएंं।

सूचना एवं प्रसारण मंत्री एम वैंकेया नायडू ने कहा कि कावेरी के पानी को तमिलनाडु में छोड़ने के उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद पड़ोसी राज्यों कर्नाटक और तमिलनाडु में हुई हिंसा परेशान करने वाली है। उन्होंने कहा कि ऐसी हिंसा को किसी भी आधार पर उचित नहीं ठहराया जा सकता, खासतौर पर उच्चतम न्यायालय के निर्देश के बाद। उन्होंने कहा कि ऐसी हिंसा और संपत्ति को नुकसान कानून के शासन को नकारता है और अंतत: इसका असर आम आदमी के जीवन पर पड़ता है।

दोनों राज्यों के बीच कावेरी का पानी बांटने का विवाद कल हिंसक हो गया था, जिसके बाद पुलिस की गोलीबारी में एक व्यक्ति मारा गया और एक अन्य घायल हो गया। इस मुद्दे पर दोनों राज्यों में तनाव बढ़ गया है। व्यापक हिंसा के कारण बेंगलूर थम सा गया है। कल देर रात 16 पुलिस थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगाया गया।

HOT DEALS
  • Apple iPhone 7 Plus 32 GB Black
    ₹ 59000 MRP ₹ 59000 -0%
    ₹0 Cashback
  • Moto Z2 Play 64 GB Fine Gold
    ₹ 15868 MRP ₹ 29499 -46%
    ₹2300 Cashback

तमिलनाडु के साथ कावेरी का जल साझा करने को लेकर उत्पन्न विवाद के कल हिंसक हो जाने पर कर्नाटक में पुलिस गोलीबारी में एक व्यक्ति की जान चली गयी जबकि एक अन्य घायल हो गया। दोनों राज्यों के बीच तनाव बढ़ गया है। बेंगलुरू में कल व्यापक हिंसा हुई और देर रात 16 थानाक्षेत्रों में रात का कर्फ्यू लगा दिया गया।

मोदी ने कहा कि पिछले दो दिनों से नजर आ रही हिंसा और आगजनी गरीबों और राष्ट्र की संपत्ति को बस नुकसान ही पहुंचा रही हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘जब भी देश ने प्रतिकूल परिस्थितियों का सामना किया तब हमेशा कर्नाटक और तमिलनाडु के लोगों ने देश के बाकी लोगों की तरह स्थिति को संवेदनशीलता से संभाला। ’

उच्चतम न्यायालय ने 5 सितंबर के अपने फैसले को कल संशोधित करते हुए कर्नाटक से तमिलनाडु को 20 सितंबर तक कावेरी नदी से 12000 क्यूसेक पानी :घटी हुई मात्रा: देने को कहा। पांच सितंबर के अपने आदेश में शीर्ष अदालत ने कर्नाटक को पड़ोसी राज्य के किसानों की बुरी स्थिति सुधारने के लिए 10 दिनों के लिए 15000 क्यूसेक पानी देने को कहा था। इसके बाद कर्नाटक में किसानों और कन्नड़ संगठनों की ओर से जोरदार विरोध शुरू हो गया था।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App