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नीतीश कुमार से ब्रेकफास्ट पर मिले अमित शाह, मुस्कुराते रहे नेता

नीतीश कुमार और अमित शाह के बीच मुलाकात करीब आधे घंटे तक चली। लेकिन इस मुलाकात में क्या बात हुई इसको लेकर अभी तब कुछ भी सामने नहीं आया है। भाजपा अध्यक्ष से मिलने के बाद नीतीश कुमार मुस्कुराते हुए बाहर आए। सियासी पंडित इसे लेकर अटकलें लगा रहे हैं कि यह मुलाकात काफी सकारात्मक रही।

पटना में नाश्ते पर मिले अमित शाह और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार

बिहार की सियासी गलियारे में चर्चाओं का बाजार गर्म है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अध्यक्ष अमित शाह और जेडीयू अध्यक्ष तथा राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की गुरुवार (12 जुलाई) को मुलाकात हुई। पटना आने के बाद अमित शाह सीधे गेस्ट हाउस पहुंचे। थोड़ी ही देर बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अमित शाह से मिलने गेस्ट हाउस पहुंचे। यहां दोनों नेताओं का ब्रेकफास्ट का कार्यक्रम था। ब्रेकफास्ट टेबल पर नीतीश कुमार और अमित शाह के अलावा राज्य के उपमुख्यमंत्री और भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी भी मौजूद थे।

नीतीश कुमार और अमित शाह के बीच मुलाकात करीब आधे घंटे तक चली। लेकिन इस मुलाकात में क्या बात हुई इसको लेकर अभी तब कुछ भी सामने नहीं आया है। भाजपा अध्यक्ष से मिलने के बाद नीतीश कुमार मुस्कुराते हुए बाहर आए। सियासी पंडित इसे लेकर अटकलें लगा रहे हैं कि यह मुलाकात काफी सकारात्मक रही।

हालांकि  कहा जा रहा है कि इस मुलाकात में अभी सीट के बंटवारे को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई है। अमित शाह और नीतीश कुमार की डिनर पर एक बार फिर मुलाकात होगी। ऐसी उम्मीद है कि इस मुलाकात में देश की सियासी हलचल और राज्य में सीट बंटवारे को लेकर मंथन किया जा सकता है। बिहार में जेडीयू और भाजपा के बीच आगामी लोकसभा चुनाव में सीटों के बंटवारे को लेकर पेंच फंसा हुआ है।

सूत्रों के मुताबिक जेडीयू चुनाव में बड़े भाई की भूमिका में रहना चाहती है। जेडीयू अगले लोकसभा चुनाव में 25 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारना चाहती है। पार्टी का मानना है कि राज्य में जेडीयू का जनाधार बड़ा है लिहाजा उसे सीटें ज्यादा मिलनी चाहिए। जबकि बीजेपी आगामी लोकसभा चुनाव में राज्य की 40 सीटों में से जेडीयू को 6-7 सीटें देना चाहती है। 2014 में हुए लोकसभा चुनाव में भाजपा और जेडीयू ने अलग-अलग चुनाव लड़ा था।

भाजपा ने इस चुनाव में 31 सीटें हासिल की थी, जबकि जेडीयू को 2 सीटें मिली थीं। अब दोनों पार्टी एक साथ हैं तो राजग के बाद राज्य की 40 में से 33 सीटें हैं। बहरहाल आपको बता दें कि दोनों नेताओं की इस मुलाकात पर विपक्ष की नजरें भी टिकी हुई हैं। राजद नेता तेजस्वी यादव ने पिछले दिन ही ट्वीट कर इस मुलाकात पर निशाना साधा था और कहा था कि कुछ दिनों के बाद बिहार में इस मुलाकात का साइड इफेक्ट दिखेगा।

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