Bihar Police Video In Bihar villagers confront with police over arrest then police beaten people mercilessly - वीड‍ियो: युवक को पकड़ा तो पुल‍िस से पब्‍ल‍िक ने पूछा- क‍िस जुर्म में ले जा रहे हैं? फ‍िर हुई जबरदस्‍त मारपीट - Jansatta
ताज़ा खबर
 

वीड‍ियो: युवक को पकड़ा तो पुल‍िस से पब्‍ल‍िक ने पूछा- क‍िस जुर्म में ले जा रहे हैं? फ‍िर हुई जबरदस्‍त मारपीट

सोशल मीडिया में वायरल वीडियो में दो युवकों की गिरफ्तारी के दौरान पुलिस और ग्रामीणों के बीच झड़प हो रही है। पुलिस का आरोप है कि दोनों युवक के पास से अंग्रेजी शराब की बोतलें बरामद हुई थीं। बिहार में शराबबंदी लागू है। यह मामला छपरा जिले के मांझी थाना का है।

युवकों को गिरफ्तार करने पहुंची पुलिस। (वीडियो स्‍क्रीनशॉट)

सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें एक ग्रामीण को पुलिस पकड़ कर अपने वाहन में बिठा लेती है। मौके पर मौजूद लोग इस गिरफ्तारी की वजह पूछते हैं तो पुलिस उनमें से एक युवा को भी जबरन अपने वाहन में बिठा लेती है। वीडियो के वायरल होते ही यह मामला गरमा गया। यह मामला छपरा जिला के मांझी थाने का है। पुलिस ने ताजपुर के दो युवक को गिरफ्तार कर अपने वाहन में बिठा लिया था। पुलिस की इस अचानक कार्रवाई पर जुटे ग्रामीण पुलिस अधिकारियों से पूछने लगे कि युवक को किस जुर्म में गिरफ्तार किया गया? पुलिस वालों के पास भी इसका कोई जवाब नहीं था। इस बीच, एक पुलिसकर्मी ने मोबाइल फोन से इसकी जानकारी अपने वरिष्ठ आधिकारी को दी। वहीं, ग्रामीणों द्वारा बहस करने से पुलिस वाले गुस्‍सा गए। इस दौरान एक लड़की गिरफ्तार युवक को छोड़ने की बात करती है, लेकिन महिला कांस्टेबल की मौजूदगी के बावजूद एक पुरुष पुलिसकर्मी ने उसे धक्का देकर भगा दिया। इस बात को लेकर जब एक अन्य युवक ने विरोध किया तो कुछ पुलिस वालों ने उसकी बेरहमी से पिटाई कर डाली। उसे जबरन अपने साथ ले गए, लेकिन बाद में उसे छोड़ दिया।

वीडियो में स्पष्ट दिखता है ग्रामीण बार-बार पुलिस से एक ही सवाल पूछ रहे हैं कि गिरफ्तार लोगों का जुर्म क्या है, जिसका जवाब पुलिस के पास नहीं है। दोनों युवकों को गिरफ्तार कर थाने लाया गया और बाद में उन्हें शराब के धंधे में लिप्त बता कर जेल भेज दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि गिरफ्तार लोगों में शामिल हरेराम साह लिट्टी और चाय की दुकान चलाता है, जबकि अमित सिंह का किराना दुकान है। पुलिस जिस वक्त ताजपुर पहुंची उस समय अमित सिंह अपनी दुकान पर खाना खा रहा था। पुलिस के दुर्व्‍यवहार का शिकार लड़की उसके लिए खाना लेकर आई थी। खान खाने के दौरान ही पुलिस ने उसे बुलाया और गाड़ी में बिठा लिया था। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस मनमानी कर रही है। कानूनन किसी को गिरफ्तार करते वक्त उसके जुर्म या आरोप को बताना जरूरी होता है। इस संबंध में मांझी थानाध्यक्ष अनुज कुमार पांडे ने बताया कि इन युवकों के खिलाफ पुलिस में पहले से ही केस दर्ज था। उन्‍होंने मारपीट की घटना से भी इनकार किया। छपरा के एसपी ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।

शराब ले जाने का आरोप: पुलिस का आरोप है क‍ि ताजपुर निवासी अमित और हरेराम झोले में अंग्रेजी शराब ले जा रहे थे। पुलिस ने कथित तौर पर जब उनका पीछा किया था तो वे झोला फेंक कर भाग निकले थे। उनके झोले से शराब की 30 बोतलें बरामद की गई थीं। इसके बाद दोनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई थी। बाद में शिनाख्‍त होने पर पुलिस उन्‍हें गिरफ्तार करने पहुंची थी। बता दें कि बि‍हार में शराबबंदी है। ऐसे में शराब पीना या रखना गैरकानूनी है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App