महाराष्ट्र के पूर्व डिप्टी सीएम अजित पवार के निधन को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। उनकी मौत के कारणों पर लंबे समय से विवाद का एक मोर्चा शरद पवार के पोते और सांसद रोहित पवार उठाते रहे हैं।
रविवार को रोहित पवार ने बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि बारामती विमान दुर्घटना में शामिल निजी जेट ऑपरेटर के बड़े राजनेताओं और व्यावसायिक हस्तियों से घनिष्ठ संबंध थे। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से इस मामले में विस्तृत जांच और न्याय की मांग की है।
रोहित पवार के मुताबिक, VSR वेंचर्स (VSR Ventures) के कई प्रभावशाली लोगों से संबंध हैं। इसमें राज्य सरकार से जुड़े कुछ लोग शामिल हैं और राष्ट्रीय स्तर पर भी सत्तारूढ़ पार्टी से जुड़े कुछ नाम सामने आ सकते हैं। उन्होंने कहा कि अजित पवार को न्याय तभी मिल सकता है, जब देश के दो सबसे ताकतवर नेता-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह व्यक्तिगत रूप से इस मामले में हस्तक्षेप करें।
रोहित पवार यहीं नहीं रुके। उनके मुताबिक, इस हादसे से जुड़े कई एंगल हो सकते हैं-राजनीतिक भी और व्यावसायिक भी। उन्होंने कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि अजित पवार मामले में सिर्फ 30 मिनट की रिकॉर्डिंग मौजूद बताई गई है, जबकि डीजीसीए के नियमों के मुताबिक रिकॉर्डिंग की सीमा दो घंटे तक होनी चाहिए।
हालांकि, इन आरोपों के बीच शरद पवार पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि इस मामले का राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने सभी से अपील की थी कि इसे एक सामान्य दुर्घटना के रूप में देखा जाए और किसी भी तरह की साजिश की आशंका से बचा जाए। उनका पूरा रिएक्शन जानने के लिए यहां क्लिक करें
