इरफान शेख के माता-पिता आज भी उसका फोन चार्ज करते हैं, सिम कनेक्शन को एक्टिव रखते हैं और उसे WhatsApp पर मैसेज भेजते हैं। उन्हें ऐसी उम्मीद है कि उनके मैसेज उनके बेटे तक पहुंच गए होंगे।
इरफान शेख की बीते साल अहमदाबाद में हुए एअर इंडिया विमान हादसे में मौत हो गई थी। इरफान शेख की उम्र 22 साल थी और वह केबिन क्रू का सदस्य था।
अहमदाबाद से लंदन जा रहा एअर इंडिया का AI-171 विमान अहमदाबाद एयरपोर्ट के पास मेघानी नगर इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। टेक ऑफ करने के तुरंत बाद यह विमान हादसे का शिकार हो गया था।
द ट्रिब्यून के मुताबिक, इरफान के पिता समीर शेख कहते हैं कि वह इरफान के मोबाइल नंबर को लगातार इसीलिए रिचार्ज करते हैं कि वे उसे WhatsApp पर मैसेज भेज सकें।
आंखों में आंसू लिए समीर शेख बताते हैं कि इस हादसे को एक साल हो गया है और अभी भी हम उसे नियमित तौर पर WhatsApp पर मैसेज भेजते हैं और उसके मोबाइल फोन को भी चार्ज करते हैं।
समीर शेख कहते हैं, ‘हमें बताया गया कि विमान में बैठे सभी लोगों के शव जल गए थे। जब हम पोस्टमार्टम रूम में गए तो हमें एक बॉक्स दिखाया गया और इसमें इरफान से जुड़ी चीजें जैसे- उसके कपड़े, पेंट, कमीज, बेल्ट, मोजे, अंडर गारमेंट्स थे लेकिन यह नहीं जले थे।’ समीर शेख कहते हैं कि फिर भी इरफान की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कहा गया है कि उसका शरीर जल गया था।
इस हादसे में विमान में बैठे 242 में से 241 लोगों की मौत हो गई थी। इसके अलावा अन्य 19 लोग विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद इसकी चपेट में आने की वजह से मारे गए थे।
‘आदमी कुछ नहीं, एक खिलौना है’
अहमदाबाद विमान दुर्घटना का एक साल पूरा हो गया लेकिन विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआईबी) ने इसको लेकर कोई रिपोर्ट जारी नहीं की। इस तरह एएआईबी अंतर्राष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संगठन (आईसीएओ) द्वारा निर्धारित अंतिम या अंतरिम रिपोर्ट के लिए 12 महीने की समय सीमा को पूरा करने में फेल रहा। यहां क्लिक कर पढ़ें पूरी खबर।
