ताज़ा खबर
 

मानव तस्करी का खुलासाः देह शोषण के बाद बेघर कर दी जाती हैं झारखंड की गरीब लड़कियां

गरीब रथ एक्सप्रेस में दलित मासूम लड़की को बाक्स में कैद करके दिल्ली ले जाए जाने का वाक्या उजागर होने के बाद मानव तस्करी के नए-नए खुलासे सामने आ रहे हैं।

GB Road sex workers, Note Ban sex workers, sex workers Delhi, sex workers income, Red light area, Demonetisation sex workersचित्र का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है।

गरीब रथ एक्सप्रेस में दलित मासूम लड़की को बाक्स में कैद करके दिल्ली ले जाए जाने का वाक्या उजागर होने के बाद मानव तस्करी के नए-नए खुलासे सामने आ रहे हैं। उग्रवाद हिंसा प्रभावित झारखंड के सैकड़ों गांवों से कम उम्र की हजारों लड़कियों को 10 से 30 हजार रुपए में खरीदा जाता है। फिर दिल्ली, मुंबई, गोवा आदि शहरों में इन लड़कियों को घर के काम के लिए मुंह मांगे दामों पर बेचा जाता है। शहरों में कम उम्र की इन लड़कियों का दैहिक शोषण किया जाता है और इन लड़कियों के हाथों में कुछ रुपए थमा कर बेघर कर दिया जाता है। ऐसी कई लड़कियां अपने साथ बच्चा लेकर अपने गांव पहुंची हैं। झारखंड में उग्रवाद व गरीबी से त्रस्त कुछ क्षेत्रों की स्थिति इतनी खराब है कि लोग इमली और कटहल को उबाल कर खाते हैं और किसी तरह जीवित रहते हैं। कुछ घरों में तो खाट तक नहीं है। झारखंड के गरीब घरों की लड़कियों की मानव तस्करी का धंधा जारी है।

उत्तर प्रदेश स्थित इटावा में राजकीय पुलिस ने गरीब रथ एक्सप्रेस के एक बाक्स में बंद मासूम लड़की को शनिवार को मुक्त कराया था। इटावा में राजकीय रेलवे पुलिस के थाने में तीन व्यक्तियों के खिलाफ पास्को एक्ट, धारा 363,354 ए के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपी सहायक कोच अमित मिश्रा को शनिवार को ही गिरफ्तार कर लिया था। गरीब रथ एक्सप्रेस से मुक्त कराई गई लड़की की मां श्रीमती कुंती देवी और उसकी छोटी बेटी दीपाली रविवार दोपहर बाद इटावा आ गई।

मां-बेटी एक हजार रुपए का जुगाड़ करके किसी तरह इटावा स्टेशन पहुंची हैं। गरीब रथ में पकड़ी गई लडकी को पुलिस ने सुरक्षात्मक तौर पर बाल कल्याण समिति के हवाले कर दिया है। इस लड़की को मेडिकल करवाने के लिए भेज दिया गया है। पुलिसिया पूछताछ में जो बातें सामने आई हैं, उसके अनुसार कांति देवी के किसी गोलू सिंह से ताल्लुकातहै। गोलू सिंह झारखंड और दिल्ली के होटल व्यवसाय से जुड़ा है। गोलू सिंह के दादा हरवंश सिंह और राजा सिंह इलाके के बेहद सपन्न व्यक्ति रहे हैं। गोलू सिंह के कहने पर ही लड़की को गरीब रथ से दिल्ली भिजवाया जा रहा था लेकिन वह इटावा में पकड़ ली गई।

इस मामले की जानकारी उत्तर प्रदेश के गृह सचिव कमल सक्सेना को भी दी गई। उन्होंने जीआरपी इटावा को केस दर्ज करने का आदेश दिया है। इटावा जीआरपी थाना प्रभारी यशपाल सिंह यादव ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला लड़की को दिल्ली में बेचने जैसा लग रहा है। जांच जारी है। लड़की ने बताया कि मैं डालटनगंज से हूं। मम्मी ने मुझे दिल्ली के एक सरदार के यहां काम करने के लिए भेजा था। मुझे डिब्बे में बंद कर दिया गया था। मैं सो गई थी। मुझे डिब्बे से बाहर निकाला गया और थाने ले आया गया। उधर राजकीय रेलवे पुलिस के थाना प्रभारी यशपाल सिंह का कहना है कि आरोपी सरदार लड़की का खरीदार है।

इस वाक्ये के सामने आने के बाद रांची के खुंटी इलाके की महिला थाना प्रभारी श्रीमती आराधना सिंह ने टेलीफोन पर जनसत्ता को बताया कि झारखंड के इस इलाके के हालात बेहद ही दयनीय बने हुए हैं। शिक्षा के नाम पर कुछ भी नहीं है। स्थानीय लोग पूरी तरह से अशिक्षित हैं। इस कारण एक एक आदमी तीन-तीन औरतों के साथ शादी करके दर्जनों बच्चे पैदा कर रहे हैं। फिर पेट भरने के लिए उनको दिल्ली और आसपास के महानगरों में काम करने के लिए भेज रहे हैं। फर्जी मां-बाप, मौसी, चाचा बन कर लोग लड़कियों को सप्लाई करने का काम बड़ी ही आसानी से कर रहे हैं। एक लड़की को इस तरह से भेजने के एवज में 10हजार, 25हजार और 30 हजार रुपए मिलते हैं। दिल्ली और उसके समीपवतीं क्षेत्र में पहुंचते ही झारखंड की लड़कियो की कीमती अनमोल हो जाती है, जैसा आदमी वैसी कीमती के आधार पर लड़की का सौदा कर दिया जाता है।
आराधना सिंह का कहना है कि साधारणतय घरों में काम के नाम पर ही इन लड़कियों को यहां पर लाया जाता है लेकिन उनकी जानकारी में कई ऐसे मामले सामने आए हैं जिनमें घरों मे काम के नाम पर मासूम लड़कियों का यौन शोषण किया जाता है। फिर उनको किसी तरह से कुछ रुपए देकर घर से बेघर कर दिया जाता है। जब वो अपने इलाके में पहुंचती है तो उनकी गोद में बच्चे देखे जाते हैं। यह देख कर साफ तौर पर कहा जा सकता है कि घरों में काम के नाम पर यौन शोषण का धंधा बड़े आराम से फल फूल रहा है।

उग्रवाद प्रभावित इन जिलों को दर्द इस तरह से बढ़ चला है कि 200 घरों मे न तो चौकी मिलेगी तो और न ही चारपाई। कई लोग अपना पेट भरने के लिए इमली और कटहल को उबाल कर उसका सेवन करते हैं। रांची मे लगातार गायब हो रही लड़कियों को देख कर जब आराधना सिंह ने अपने सहयोगी क्रांतिकुमार सिंह के साथ सर्वेक्षण किया तो पता चला कि खूंटी इलाके से हजारों लड़कियां इसी तरह से दिल्ली पहुंच रही हैं।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories