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बरेली: मां-बाप को एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल दौड़ाते रहे डॉक्टर, 4 दिन के मासूम की मौत

यूपी के बरेली में एक चार दिन के मासूम की मौत का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार डॉक्टर नवजात का इलाज करने की बजाय 3 घंटे तक उसे एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल दौड़ाते रहे।

Author नई दिल्ली | June 20, 2019 10:32 AM
यूपी सरकार ने बच्ची की मौत मामले में अस्पताल के एक डॉक्टर को बर्खास्त कर दिया है। (फोटोः ट्विटर)

उत्तर प्रदेश के बरेली में एक 4 दिन की नवजात बच्ची की मौत का मामला सामने आया है। इससे पहले इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे बच्ची के माता पिता को डॉक्टर तीन घंटे तक अस्पताल के एक विभाग से दूसरे विभाग दौड़ाते रहे। यूपी सरकार ने इस मामले में लापरवाही बरते जाने पर पुरुष विंग के एक डॉक्टर को बर्खास्त कर दिया है जबकि दूसरे के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

जानकारी के अनुसार बच्ची का जन्म 16 जून को एक प्राइवेट अस्पताल में हुआ था। जन्म के बाद बच्ची को सांस लेने में तकलीफ हो रही थी। बच्ची के परिजन उसे बरेली सिविल अस्पताल लेकर आए। परिवार वालों का आरोप है कि पहले वह अस्पताल के पुरुष विंग में पहुंचे जहां से उन्हें महिला विंग में जाने को कहा गया।

इसके बाद वहां के डॉक्टरों ने बेड की कमी का हवाला देते हुए दुबारा पुरुष विंग में ही भेज दिया। ऐसे में करीब तीन घंटे तक बच्ची के परिवार वाले उसे अस्पताल में दाखिल कराने के लिए यहां से वहां दौड़ते रहे। इस बीच समय पर इलाज नहीं मिलने से बच्ची की मौत हो गई। घटना के बाद लोगों को गुस्सा भड़क गया।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले में पुरुष विंग के एक डॉक्टर को बर्खास्त कर दिया जबकि दूसरे डॉक्टर के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश दिए। एक बयान में कहा गया कि चार दिन की बच्ची की मौत के मामले में पुरुष विंग के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. कमलेंद्र स्वरूप गुप्ता को सस्पेंड कर दिया गया है।

वहीं महिला विंग की मुख्य चिकित्सा अधीक्षक के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि एक गंभीर रूप से बीमार बच्ची को अस्पताल के पुरुष विंग में लाया गया था। यहां बाल चिकित्सक मौजूद थे। ऐसे में बच्चे का इलाज करने की बजाय उसके परिवार को महिला विंग में भेज दिया गया। वहां से डॉक्टरों ने उसे वापस पुरुष विंग में भेजा।

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