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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लंबे समय से ‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘लोकल टू ग्लोबल’ की सोच को बढ़ावा देते रहे हैं। वर्ष 2026 के पहले छह महीनों में भी उन्होंने विदेशी राष्ट्राध्यक्षों और वैश्विक संस्थाओं के प्रमुखों को भारत के विभिन्न राज्यों के ट्रेडिशनल फूड प्रोडक्ट्स और लोकल कुजीन उपहार में देकर देश के रिच फूड हेरिटेज को अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाई। आइए जानते हैं उन खास इंडियन फूड आइटम्स के बारे में, जिन्हें प्रधानमंत्री मोदी ने दुनिया तक पहुंचाने का काम किया। (Photo Source: @GiorgiaMeloni/X and Piyush Goyal/Facebook)
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केसर आम
प्रधानमंत्री मोदी ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को गुजरात का प्रसिद्ध केसर आम भेंट किया। यह जीआई-टैग प्राप्त आम अपनी केसरिया रंगत, मिठास और सुगंध के लिए जाना जाता है। इसका उपयोग आमरस, मिठाइयों और जूस बनाने में किया जाता है। (Photo Source: Pexels) -
मेघालय का खासी अनानास
UAE के राष्ट्रपति को ही मेघालय का खासी पाइनएप्पल भी उपहार में दिया गया। यह जीआई-टैग वाला अनानास अपनी प्राकृतिक मिठास, खुशबू और ऑर्गेनिक खेती के लिए प्रसिद्ध है। इसका इस्तेमाल ताजे फल, जूस, जैम और डेजर्ट में किया जाता है। (Photo Source: Pexels) -
इंडियन प्रीमियम कॉफी बॉक्स
प्रधानमंत्री मोदी ने ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज को इंडियन प्रीमियम कॉफी बॉक्स भेंट किया। इसमें भारत के विभिन्न क्षेत्रों की प्रीमियम कॉफी शामिल थी, जिनकी गुणवत्ता, फ्लेवर और प्रोसेसिंग तकनीक अलग-अलग थी। यह भारतीय कॉफी उद्योग की गुणवत्ता और टिकाऊ खेती को भी दर्शाता है। (Photo Source: Piyush Goyal/Facebook) -
मेलोडी टॉफी
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी को प्रधानमंत्री मोदी ने भारत की लोकप्रिय मेलोडी टॉफी भेंट की। कैरेमल और चॉकलेट के अनोखे स्वाद वाली यह टॉफी कई दशकों से भारतीयों की पसंदीदा मिठाइयों में शामिल रही है। (Photo Source: @GiorgiaMeloni/X) -
लोकटक टी
रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी ने स्वीडन के प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन को मणिपुर की लोकटक टी भेंट की। लोकटक झील के आसपास उगाई जाने वाली यह चाय अपने हल्के स्वाद, प्राकृतिक सुगंध और बेहतरीन गुणवत्ता के लिए जानी जाती है। यह मणिपुर की जैव विविधता और प्राकृतिक सौंदर्य का भी प्रतीक मानी जाती है। (Photo Source: Pexels) -
ठेकुआ
ANI की रिपोर्ट के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी ने स्लोवाकिया के संसद अध्यक्ष रिचर्ड रासी को बिहार का पारंपरिक ठेकुआ भेंट किया। गेहूं के आटे, गुड़ या चीनी, सौंफ और घी से बनने वाला यह पारंपरिक पकवान खासतौर पर छठ पूजा के दौरान बनाया जाता है और अपनी लंबी शेल्फ लाइफ तथा घरेलू स्वाद के लिए प्रसिद्ध है। (Photo Source: Pexels) -
मनोहारी गोल्ड टी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो को असम की प्रसिद्ध मनोहारी गोल्ड टी भेंट की। यह चाय पत्तियों की बजाय कोमल चाय की कलियों से तैयार की जाती है। सीमित मात्रा में बनने वाली यह दुर्लभ चाय अपने सुनहरे रंग, उत्कृष्ट स्वाद और विशेष निर्माण प्रक्रिया के कारण दुनिया की सबसे खास चायों में गिनी जाती है। (Photo Source: Pexels) -
पलक्कड़न मट्टा (रेड राइस)
संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) के महानिदेशक डॉ. क्यू डोंगयू को प्रधानमंत्री मोदी ने भारत के बेस्ट अनाजों की एक विशेष टोकरी भेंट की, जिसमें पलक्कड़न मट्टा रेड राइस भी शामिल था। केरल में उगाया जाने वाला यह जीआई-टैग प्राप्त चावल फाइबर, विटामिन और मिनरल्स से भरपूर होता है। (Photo Source: Pexels) -
बासमती चावल
प्रधानमंत्री मोदी ने विश्व प्रसिद्ध भारतीय बासमती चावल भी उपहार स्वरूप भेंट किया। पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में उगाया जाने वाला यह जीआई-टैग प्राप्त चावल अपनी लंबी, पतली दानों और मनमोहक खुशबू के लिए दुनियाभर में प्रसिद्ध है। (Photo Source: Pexels) -
गोबिंदभोग चावल
पश्चिम बंगाल का प्रसिद्ध गोबिंदभोग चावल भी इस विशेष उपहार का हिस्सा था। अपनी प्राकृतिक खुशबू और बेहतरीन स्वाद के कारण यह चावल खिचड़ी, पुलाव, पायेश और धार्मिक प्रसाद बनाने में इस्तेमाल किया जाता है। (Photo Source: Pexels) -
जोहा चावल
असम की ब्रह्मपुत्र घाटी में उगाया जाने वाला जोहा चावल अपनी प्राकृतिक सुगंध के लिए प्रसिद्ध है। जीआई-टैग प्राप्त यह चावल पारंपरिक असमिया व्यंजनों और त्योहारों में विशेष रूप से उपयोग किया जाता है। (Photo Source: Pexels) -
कालानमक चावल
उत्तर प्रदेश का कालानमक चावल, जिसे ‘बुद्धा राइस’ भी कहा जाता है, भी इस विशेष टोकरी में शामिल था। यह जीआई-टैग प्राप्त चावल अपनी खास सुगंध, पौष्टिकता और ऐतिहासिक महत्व के लिए जाना जाता है। इसमें आयरन और एंटीऑक्सीडेंट की मात्रा भी अधिक होती है। (Photo Source: Pexels) -
ज्वार और बाजरा मिलेट बार
प्रधानमंत्री मोदी ने ज्वार और बाजरे से बने मिलेट बार भी उपहार में दिए। ज्वार और बाजरा दोनों ही पोषक तत्वों से भरपूर मोटे अनाज हैं, जो फाइबर, प्रोटीन, कैल्शियम और आयरन का अच्छा स्रोत माने जाते हैं। ये भारत के पारंपरिक आहार का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। (Photo Source: Pexels)
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