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पशु-पक्षियों की दुनिया रहस्यों से भरी हुई है। कई ऐसे जीव हैं जिनकी खासियतें जानकर हर कोई हैरान रह जाएगा। लेकिन क्या आपको पता है कि कुछ जानवर ऐसे भी हैं जो अपनी गर्भावस्था को कुछ समय के लिए रोक सकते हैं। इसे जीव विज्ञान में ‘भ्रूणीय डायपॉज’ कहते हैं। यह जानवरों की एक तरह की प्रजनन रणनीति है, जिसमें निषेचित अंडा तुरंत गर्भाशय में जाकर विकसित होना शुरू नहीं करता बल्कि, उसका विकास कुछ समय के लिए रुक जाता है। यह प्रक्रिया तब तक जारी रह सकती है, जब तक बच्चे के जन्म के लिए परिस्थितियां अनुकूल न हो जाएं। जैसे पर्याप्त भोजन मिलना, मौसम का सही होना या सुरक्षित वातावरण उपलब्ध होना। ऐसे 8 जानवर हैं जो अपने बच्चों को बेहतर भविष्य के लिए गर्भावस्था को कुछ समय के लिए रोक सकते हैं। (Photo Source: Pexels)
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1- कंगारू
कंगारू अपने बच्चे की देखभाल के लिए गर्भावस्था को रोक सकते हैं। अगर मादा कंगारू अपने बच्चे को दूध पिला रही हो या भोजन की कमी हो, तो वह भ्रूण के विकास को कुछ समय के लिए रोक सकती है। निषेचित भ्रूण गर्भाशय में निष्क्रिय अवस्था में रहता है। जब कंगारू की थैली खाली हो जाती है और भोजन की स्थिति बेहतर हो जाती है, तब भ्रूण का विकास दोबारा शुरू होता है। इससे बच्चे का जन्म ऐसे समय होता है, जब मां के पास उसे पर्याप्त दूध पिलाने के लिए संसाधन मौजूद हों। (Photo Source: Pexels) -
2- मस्टेलिड्स (नेवला, मिंक और ऊदबिलाव)
मस्टेलिड्स (नेवला, मिंक और ऊदबिलाव) में संभोग के बाद भ्रूण करीब 9 से 11 महीने तक निष्क्रिय रह सकता है। इसके बाद आमतौर पर वसंत ऋतु में भ्रूण गर्भाशय में विकसित होना शुरू करता है। इस समय चूहों जैसे शिकार की संख्या भी बढ़ जाती है। इससे बच्चों के जन्म के समय पर्याप्त भोजन उपलब्ध रहता है और उनके जीवित रहने की संभावना बढ़ जाती है। (Photo Source: Pexels) -
3- भालू
ध्रुवीय, भूरे और काले भालू आमतौर पर गर्मियों में संभोग करते हैं, लेकिन इनका भ्रूण कुछ समय तक गर्भाशय में विकसित हुए बिना ही रह सकता है। इसके बाद सर्दियों में भ्रूण का गर्भाशय में विकास शुरू होता है. दिन छोटे होने और शरीर में पर्याप्त वसा जमा होने जैसे संकेत इस प्रक्रिया को शुरू करने में मदद करते हैं। इनके बच्चों का जन्म शीतनिद्रा में होता है, जिससे उसकी ऊर्जा कम खर्च होती है। अगर मां की सेहत ठीक न हो, तो भ्रूण का विकास शुरू ही नहीं होता, जिससे मां का जीवन सुरक्षित रह सके। (Photo Source: Pexels) -
4- सील और सी लायन
सील और सी लायन अपने बच्चों को जन्म समुद्र के अनुसार देते हैं। इनका भ्रूण का विकास करीब 2 से 4 महीने या उससे अधिक समय के लिए रूक सकता है। बच्चों का जन्म ऐसे समय होता है, जब समुद्र में मछलियों की संख्या अधिक होती है। इससे मां को बच्चे को दूध पिलाने के दौरान पर्याप्त भोजन मिलता है और बाद में वह आसानी से समुद्र में लौट सकती है। इस प्रक्रिया से तूफानी मौसम या भोजन की कमी वाले समय में बच्चों के जन्म से बच सकती हैं। (Photo Source: Pexels) -
5- बैजर
यूरोपीय बैजर में भ्रूण का विकास 11 महीने तक रुक सकता है। ये जानवर साल के किसी भी समय संभोग कर सकते हैं, लेकिन बच्चों का जन्म आमतौर पर वसंत ऋतु में होता है। इस मौसम में केंचुओं और दूसरे भोजन की संख्या बढ़ जाती है। भ्रूणीय डायपॉज की यह प्रक्रिया बच्चों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित रखने में मदद करती है। (Photo Source: Pexels) -
6- आर्माडिलो
नाइड-बैंडेड आर्माडिलो में निषेचन के बाद भ्रूण का गर्भाशय में विकसित होना कुछ समय के लिए रुक सकता है। बाद में एक ही भ्रूण चार समान बच्चों में विभाजित हो जाता है। भ्रूण के विकास में करीब चार महीने की देरी होने से बच्चों का जन्म आमतौर पर बारिश के मौसम में होता है। इस समय कीड़े-मकोड़े अधिक मिलते हैं, जो उनके लिए अच्छा भोजन होते हैं। (Photo Source: Pexels) -
7- रो डियर
रो डियर में भ्रूण का विकास करीब पांच महीने तक रुर सकता है। ये जानवर गर्मियों में संभोग करते हैं, लेकिन बच्चों का जन्म वसंत के मौसम में होता है। भ्रूण शुरुआती अवस्था में ही रुक जाता है और दिन लंबे होने पर उसका विकास दोबारा शुरू हो जाता है। इससे बच्चे ऐसे समय में पैदा होते हैं, जब घास और वातावरण हरियाली से भरपूर होता है। इससे उन्हें भोजन और छिपने के लिए सुरक्षित जगहें आसानी से मिल जाती है। (Photo Source: Pexels) -
8-वूल्वरिन
वूल्वरिन अपने बच्चों को जन्म भोजन की उपलब्धता के अनुसार देती है। यह कठोर और ठंडे इलाकों में रहने वाले जानवर हैं। संभोग के बाद इनके भ्रूण का विकास 6 से 10 महीने तक रुक सकता है। भ्रूण तभी गर्भाशय में विकसित होना शुरू करता है, जब पर्याप्त भोजन उपलब्ध हो और मां के शरीर में पर्याप्त वसा जमा हो। इसके बाद बच्चे उस समय जन्म लेते हैं, जब शिकार आसानी से उपलब्ध होता है। (Photo Source: Pexels)
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