-
नई दिल्ली में सोमवार को भारत और दक्षिण कोरिया के संबंधों का एक महत्वपूर्ण क्षण देखने को मिला, जब दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्युंग का भव्य स्वागत किया गया। उनका यह तीन दिवसीय राजकीय दौरा दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को नई दिशा देने वाला माना जा रहा है। (PTI Photo)
-
राष्ट्रपति ली को राष्ट्रपति भवन में औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस दौरान भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। (PTI Photo)
-
स्वागत समारोह में भारतीय परंपरा और संस्कृति की झलक देखने को मिली। बच्चों ने हाथों में तिरंगा और दक्षिण कोरिया का राष्ट्रीय ध्वज लेकर अतिथि का अभिनंदन किया, जिससे माहौल और भी उत्साहपूर्ण बन गया। (PTI Photo)
-
राष्ट्रपति ली के साथ उनकी पत्नी किम ही-क्यूंग भी भारत आई हैं। उनकी मौजूदगी इस यात्रा को और अधिक औपचारिक और विशेष बनाती है, क्योंकि यह केवल राजनीतिक ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक जुड़ाव का भी प्रतीक है। (PTI Photo)
-
भारत पहुंचने के बाद राष्ट्रपति ली ने अपने कार्यक्रमों की शुरुआत राजघाट जाकर की, जहां उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। यह कदम दोनों देशों के बीच आपसी सम्मान और मूल्यों की समानता को दर्शाता है। (PTI Photo)
-
राष्ट्रपति ली रविवार को नई दिल्ली पहुंचे थे, जहां उनका स्वागत केंद्रीय मंत्री हर्ष मल्होत्रा ने किया। एयरपोर्ट पर हुए इस स्वागत ने भारत की ओर से दिए गए महत्व को स्पष्ट किया। (PTI Photo)
-
अपने दौरे के दौरान राष्ट्रपति ली भारतीय कोरियाई समुदाय से भी मिले। इस मुलाकात में उन्होंने भारत के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण व्यक्त किया और दोनों देशों के रिश्तों को मजबूत बनाने की इच्छा जताई। (PTI Photo)
-
राष्ट्रपति ली ने कहा कि भारत अब केवल एक बड़ा उपभोक्ता बाजार नहीं रहा, बल्कि वैश्विक उत्पादन और सप्लाई चेन का एक अहम केंद्र बन चुका है। उनके इस बयान से भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका का संकेत मिलता है। (PTI Photo)
-
इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ली के बीच अहम द्विपक्षीय वार्ता होगी। इन चर्चाओं में व्यापार, निवेश और तकनीकी सहयोग को बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। (PTI Photo)
-
विशेष रूप से सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, शिपबिल्डिंग और अन्य उभरते क्षेत्रों में साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा सकते हैं। यह सहयोग भविष्य की अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। (PTI Photo)
-
दोनों देशों के नेता क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचार-विमर्श करेंगे। इससे न केवल द्विपक्षीय संबंध मजबूत होंगे, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी सहयोग बढ़ेगा। (PTI Photo)
-
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी राष्ट्रपति ली के सम्मान में लंच का आयोजन करेंगे, जबकि राष्ट्रपति मुर्मू उनके लिए राजकीय भोज देंगी। यह कूटनीतिक परंपराओं का हिस्सा है और अतिथि के सम्मान को दर्शाता है। विदेश मन्त्रालय के अनुसार, यह यात्रा भारत-दक्षिण कोरिया ‘स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप’ को और मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है। माना जा रहा है कि इस दौरे से दोनों देशों के रिश्तों में नई ऊर्जा और सहयोग के नए अवसर खुलेंगे। (AP Photo)
(यह भी पढ़ें: 1853 में आज ही के दिन शुरू हुआ भारतीय रेलवे का सफर, चलिए थी पहली पैसेंजर ट्रेन)