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जलवायु परिवर्तन का संकट तेजी से गहराता जा रहा है, लेकिन दुनिया के कुछ शहर इस चुनौती से निपटने के लिए सिर्फ कदम नहीं उठा रहे, बल्कि नए-नए समाधान भी खोज रहे हैं। ये शहर दिखा रहे हैं कि मॉडर्न लाइफस्टाइल और पर्यावरण संरक्षण साथ-साथ चल सकते हैं। अर्थ डे 2026 के मौके पर आइए जानते हैं उन 10 शहरों के बारे में, जो शहरी स्थिरता (अर्बन सस्टेनेबिलिटी) में मिसाल बन चुके हैं। (Photo Source: Pexels)
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कोपेनहेगन, डेनमार्क
कोपेनहेगन को दुनिया का सबसे साइकिल-फ्रेंडली शहर माना जाता है। यहां 60% से ज्यादा लोग रोजाना साइकिल से यात्रा करते हैं। शहर का लक्ष्य 2025-30 तक दुनिया की पहली कार्बन-न्यूट्रल राजधानी बनना है। (Photo Source: Pexels) -
सिंगापुर
सिंगापुर को ‘वर्टिकल गार्डन सिटी’ कहा जाता है। यहां ऊंची इमारतों पर हरियाली, रेन वाटर हार्वेस्टिंग और ग्रीन रूफ जैसे उपाय अपनाए गए हैं, जो इसे एक ग्लोबल मॉडल बनाते हैं। (Photo Source: Pexels) -
एम्स्टर्डम, नीदरलैंड्स
एम्स्टर्डम में साइकिलों की संख्या लोगों से ज्यादा है। यहां कारों के इस्तेमाल को कम करने और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को बढ़ावा देने पर जोर है। शहर 2050 तक पूरी तरह सर्कुलर इकोनॉमी बनने का लक्ष्य रखता है। (Photo Source: Pexels) -
कुरितिबा, ब्राजील
कुरितिबा का बस रैपिड ट्रांजिट (BRT) सिस्टम पूरी दुनिया के लिए मिसाल बना। सस्ता और तेज पब्लिक ट्रांसपोर्ट होने के कारण यहां प्रदूषण और ट्रैफिक दोनों कम हुए हैं। (Photo Source: Pexels) -
फ्राइबर्ग, जर्मनी
फ्राइबर्ग सोलर एनर्जी के इस्तेमाल में आगे है। यहां के कई इलाके जैसे वाउबन पूरी तरह कार-फ्री और एनर्जी-एफिशिएंट हैं, जहां घर खुद ऊर्जा पैदा करते हैं। (Photo Source: Pexels) -
वैंकूवर, कनाडा
वैंकूवर का लक्ष्य 100% रिन्यूएबल एनर्जी पर चलने का है। शहर में हरियाली, साफ परिवहन और मजबूत नीतियां इसे एक संतुलित और पर्यावरण-अनुकूल शहर बनाती हैं। (Photo Source: Pexels) -
रेकजाविक, आइसलैंड
रेकजाविक की लगभग पूरी ऊर्जा जियोथर्मल और हाइड्रोपावर से आती है। शहर फॉसिल फ्यूल पर निर्भरता खत्म करने की दिशा में तेजी से काम कर रहा है। (Photo Source: Pexels) -
स्टॉकहोम, स्वीडन
स्टॉकहोम घरेलू कचरे को ऊर्जा में बदलता है, जिससे लैंडफिल की जरूरत कम हो जाती है। यहां का पब्लिक ट्रांसपोर्ट बायोफ्यूल पर चलता है। (Photo Source: Pexels) -
पोर्टलैंड, अमेरिका
पोर्टलैंड ने अनियंत्रित शहरी विस्तार को रोकने के लिए सख्त नियम बनाए हैं। यहां वॉकिंग, साइक्लिंग और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा दिया जाता है। (Photo Source: Pexels) -
बेंगलुरु, भारत
तेजी से बढ़ते शहरीकरण के बावजूद बेंगलुरु झीलों के पुनर्जीवन, हरियाली बढ़ाने और मेट्रो विस्तार पर काम कर रहा है। यहां नागरिकों और स्टार्टअप्स की भागीदारी भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। (Photo Source: Pexels)
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