-
घर की बालकनी, छत या गार्डन में लगे पौधे हरियाली और ताजगी का अहसास कराते हैं। लेकिन कई बार ऐसा होता है कि नियमित रूप से पानी देने के बावजूद पौधे मुरझाए हुए दिखाई देने लगते हैं। ज्यादातर लोग इसे पानी की कमी समझकर और अधिक पानी देना शुरू कर देते हैं, जबकि कई मामलों में यही गलती पौधों की समस्या को और बढ़ा देती है। गार्डनिंग विशेषज्ञों के अनुसार पौधों के मुरझाने के पीछे सिर्फ पानी की कमी ही नहीं, बल्कि कई अन्य कारण भी जिम्मेदार हो सकते हैं। (Photo Source: Pexels)
-
जरूरत से ज्यादा पानी देना बन सकता है समस्या
पौधों के मुरझाने का सबसे आम कारण ओवरवॉटरिंग यानी जरूरत से ज्यादा पानी देना है। जब मिट्टी लगातार गीली रहती है, तो जड़ों तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती। इससे जड़ें सड़ने लगती हैं और पौधा पोषक तत्वों को सही तरीके से ग्रहण नहीं कर पाता। नतीजतन पौधा मुरझाने लगता है, भले ही उसे पर्याप्त पानी मिल रहा हो। (Photo Source: Pexels) -
सतही सिंचाई से कमजोर हो सकती हैं जड़ें
कई लोग रोजाना थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हैं, लेकिन इससे मिट्टी की ऊपरी परत ही गीली होती है। पानी जड़ों की गहराई तक नहीं पहुंच पाता, जिससे जड़ें कमजोर और उथली रह जाती हैं। गर्म मौसम में ऐसी जड़ें पौधे को पर्याप्त नमी नहीं दे पातीं और पौधा जल्दी मुरझाने लगता है। विशेषज्ञों का सुझाव है कि पौधों को कम बार लेकिन गहराई तक पानी देना चाहिए। (Photo Source: Pexels) -
तेज धूप और गर्मी भी है बड़ा कारण
गर्मियों में अत्यधिक तापमान और तेज धूप पौधों में ‘हीट स्ट्रेस’ पैदा कर सकते हैं। इस स्थिति में पौधे दिन के समय झुके हुए और मुरझाए हुए नजर आते हैं, जबकि शाम को तापमान कम होने पर फिर सामान्य हो जाते हैं। यह जरूरी नहीं कि हर बार मुरझाने का मतलब पानी की कमी हो। (Photo Source: Pexels) -
सख्त मिट्टी से नहीं पहुंचती जड़ों तक नमी
यदि मिट्टी बहुत ज्यादा सख्त या दब चुकी है, तो पानी ठीक तरह से अंदर नहीं जा पाता। कई बार पानी ऊपर ही बह जाता है और जड़ों तक पर्याप्त नमी नहीं पहुंचती। ऐसी स्थिति में पौधे धीरे-धीरे कमजोर होने लगते हैं। समय-समय पर मिट्टी को हल्का ढीला करना और उसमें जैविक खाद मिलाना फायदेमंद हो सकता है। (Photo Source: Pexels) -
फंगस और जड़ों की बीमारियां भी हो सकती हैं जिम्मेदार
पौधों में होने वाली फंगल बीमारियां, रूट रॉट (जड़ सड़न) और अन्य संक्रमण भी मुरझाने का कारण बन सकते हैं। यदि पौधे की पत्तियां पीली पड़ रही हों, तना नरम हो गया हो या मिट्टी से बदबू आ रही हो, तो यह बीमारी के संकेत हो सकते हैं। ऐसे मामलों में प्रभावित हिस्सों को हटाना और उचित फंगीसाइड का उपयोग करना जरूरी हो सकता है। (Photo Source: Pexels) -
पौधों की नमी जांचना है जरूरी
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि पौधों को पानी देने से पहले मिट्टी की नमी जरूर जांचें। इसके लिए उंगली को 2-3 इंच तक मिट्टी में डालकर देखा जा सकता है। यदि मिट्टी नम महसूस हो रही है, तो तुरंत पानी देने की जरूरत नहीं होती। (Photo Source: Pexels) -
पौधों को स्वस्थ रखने के आसान उपाय
सुबह के समय पौधों को गहराई तक पानी दें। अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी का उपयोग करें। गमलों में ड्रेनेज होल जरूर रखें। गर्मियों में जरूरत पड़ने पर पौधों को आंशिक छाया दें। समय-समय पर मिट्टी को ढीला करें। पौधों में बीमारी के लक्षण दिखाई दें तो तुरंत उपचार करें। (Photo Source: Pexels)
(यह भी पढ़ें: गमले में उगाएं ड्रैगन फ्रूट, अपनाएं ये आसान गार्डनिंग टिप्स, जानें मिट्टी, धूप और पानी का सही संतुलन)