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आज की तेज रफ्तार जिंदगी में हम सुविधा और स्वाद के कारण कई ऐसे फूड्स रोज खाते हैं, जो लंबे समय में शरीर पर नकारात्मक असर डाल सकते हैं। वैज्ञानिक शोध बताते हैं कि कुछ प्रोसेस्ड और हाई-शुगर फूड्स का नियमित सेवन कैंसर, डायबिटीज, मोटापा और हार्ट डिजीज जैसी गंभीर बीमारियों का जोखिम बढ़ा सकता है। आइए जानते हैं ऐसे ही कुछ आम फूड्स के बारे में। (Photo Source: Pexels)
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प्रोसेस्ड डेली मीट (Processed Deli Meat)
जैसे सॉसेज, सलामी और बेकन। World Health Organization (WHO) ने प्रोसेस्ड मीट को Group 1 carcinogen (कैंसर पैदा करने वाला पदार्थ) की कैटेगरी में रखा है। नियमित सेवन से कोलोरेक्टल कैंसर का खतरा बढ़ सकता है, क्योंकि इसमें नाइट्रेट और प्रिजर्वेटिव्स होते हैं। (Photo Source: Pexels) -
डाइट सोडा (Diet Soda)
डाइट सोडा में कैलोरी कम होती है, लेकिन यह पूरी तरह सुरक्षित नहीं है। Weizmann Institute of Science और University of Southern California के रिसर्च बताते हैं कि आर्टिफिशियल स्वीटनर्स आंत (gut) के बैक्टीरिया को प्रभावित कर सकते हैं और मीठा खाने की क्रेविंग बढ़ा सकते हैं। इससे मेटाबॉलिज्म और वेट कंट्रोल पर भी असर पड़ सकता है। (Photo Source: Pexels) -
सफेद ब्रेड (White Bread)
सफेद ब्रेड रिफाइंड आटे से बनती है, जिसमें फाइबर बहुत कम होता है। Harvard Health Publishing और American Medical Association के अनुसार, हाई ग्लाइसेमिक इंडेक्स वाले फूड्स ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ाते हैं, जिससे डायबिटीज और मोटापे का खतरा बढ़ता है। (Photo Source: Pexels) -
मार्जरीन (Margarine)
कुछ पुराने प्रकार के मार्जरीन में ट्रांस फैट पाया जाता था, जो हार्ट डिजीज के जोखिम को बढ़ाता है। McGill University के एक्सपर्ट्स के अनुसार, ट्रांस फैट LDL (खराब कोलेस्ट्रॉल) बढ़ाता है और हृदय के लिए हानिकारक हो सकता है। हालांकि आजकल कई कंपनियां ट्रांस-फैट-फ्री मार्जरीन बनाती हैं। (Photo Source: Unsplash) -
शुगर से भरपूर ब्रेकफास्ट सीरियल (Sugary Breakfast Cereals)
Environmental Working Group के अध्ययन में पाया गया कि कई ब्रेकफास्ट सीरियल्स में बहुत अधिक मात्रा में शुगर होती है। नियमित सेवन से मोटापा, इंसुलिन रेजिस्टेंस और डायबिटीज का खतरा बढ़ सकता है। (Photo Source: Pexels) -
इंस्टेंट नूडल्स (Instant Noodles)
इंस्टेंट नूडल्स में सोडियम, प्रिजर्वेटिव्स और सैचुरेटेड फैट अधिक होते हैं। Massachusetts General Hospital से जुड़े शोध बताते हैं कि प्रोसेस्ड और हाई-सोडियम फूड्स का अधिक सेवन मेटाबॉलिक समस्याओं से जुड़ा हो सकता है। (Photo Source: Pexels) -
माइक्रोवेव पॉपकॉर्न (Microwave Popcorn)
Centers for Disease Control and Prevention (CDC) के अनुसार, पुराने समय में इस्तेमाल होने वाले कुछ केमिकल्स फेफड़ों की समस्याओं से जुड़े थे। हालांकि अब कई कंपनियां सुरक्षित विकल्पों का उपयोग करती हैं। (Photo Source: Pexels) -
पैकेज्ड फ्रूट जूस (Packaged Fruit Juice)
National Institutes of Health के अनुसार, पैकेज्ड जूस में अक्सर हाई मात्रा में शुगर होती है, जो सोडा जितनी हानिकारक हो सकती है। इससे फैटी लिवर, वजन बढ़ना और डायबिटीज का खतरा बढ़ सकता है। (Photo Source: Pexels) -
क्या करें? (Healthy Alternatives)
प्रोसेस्ड मीट की जगह ताजा फल और दालें खाएं। सफेद ब्रेड की जगह मल्टीग्रेन या होल व्हीट ब्रेड चुनें। डाइट सोडा की जगह पानी या नींबू पानी पिएं। पैकेज्ड जूस की जगह पूरा फल खाएं। और इंस्टेंट फूड की जगह घर का ताजा खाना खाएं। (Photo Source: Pexels)
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