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VIDEO: जब तक समोसे में आलू है, तब तक बिहार में लालू है…ऐंकर ने याद दिलाया नारा, देखें- क्या बोले RJD नेता

लालू प्रसाद ने कहा कि भारत में क्षेत्रीय दलों के उदय के गहरे कारण और दर्द हैं। इस दर्द और कारण को लोगों को समझने की जरूरत है।

राजद नेता लालू प्रसाद (एक्सप्रेस आर्काइव फोटो)

राजद नेता लालू प्रसाद बिहार के सबसे लोकप्रिय नेताओं में से एक माने जाते हैं। वो सत्ता में रहे या विपक्ष में लेकिन बिहार की राजनीति में उनका एक आधार पिछले 3 दशक से बना हुआ है। एक बार आजतक के कार्यक्रम में एंकर ने उनका परिचय करवाते हुए कहा कि एक वक्त कहते थे कि जब तक समोसे में आलू है तब तक बिहार में लालू है।

आजतक पर क्षेत्रीय दलों का भारत की राजनीति में प्रभाव को लेकर चर्चा चल रही थी। ऐंकर ने लालू प्रसाद से सवाल किया कि क्षेत्रीय पार्टियों का जमाना है या नहीं उससे अधिक हम आप से जानना चाहेंगे कि लालू प्रसाद जी का जमाना है या नहीं? लालू प्रसाद ने कहा कि भारत में क्षेत्रीय दलों के उदय के गहरे कारण और दर्द हैं। इस दर्द और कारण को लोगों को समझने की जरूरत है। लालू प्रसाद ने कहा कि जब में छात्र नेता हुआ करता था तो उस समय कांग्रेस पार्टी को सबलोग मानते थे।

उस समय टिकट लेने के लिए कांग्रेस में दिल्ली की दौड़ लोगों को लगानी पड़ती थी। धीरे-धीरे हर राज्यों में वहां के मुद्दे उठाने वाले क्षेत्रीय नेता आए। जिन्होंने वहां के मुद्दों को उठाया। जिस कारण स्वभाविक रूप से उस इलाके के लोगों का ध्यान उस तरफ गया।

लालू प्रसाद ने कहा कि ये सच्चाई है कि मैंने कभी सोचा नहीं था कि इतने ऊंचाई तक राजनीति में पहुंच सकता हूं। हमलोगों ने लंबी लड़ाई भी लड़ी है इसके लिए। हमारे परिवार का कोई भी राजनीति में नहीं था। लेकिन हर राज्यों में क्षेत्रीय नेताओं का उदय हुआ।

क्षेत्रीय नेताओं ने दिल्ली के पार्टियों को लगातार चुनौती दी है। हमलोगों ने कभी सपना भी नहीं देखा था सोचा भी नहीं था कि टिकट भी मिलेगा। लेकिन अब जमाना बदल गया है। अब हमलोग खेत में भी बैठकर टिकट बांट रहे हैं। आज भारत में क्षेत्रीय दल ही मजबूत हो रहे हैं। अब राष्ट्रीय दलों को इस मुद्दे पर चिंतन करने की जरूरत है।

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