EC Removes Cooch Behar Observer Anurag Yadav: एक हाई लेवल चुनाव समीक्षा बैठक में उस वक्त तनाव बढ़ गया जब एक वरिष्ठ चुनाव पर्यवेक्षक ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को खुलेआम चुनौती दी। इसके बाद पर्यवेक्षक को बैठक से हटा दिया गया है।
चुनाव आयोग की तरफ से बुलाई गई वर्चुअल मीटिंग के दौरान कूच बिहार दक्षिण के पर्यवेक्षक अनुराग यादव ने मुख्य चुनाव आयुक्त की टिप्पणी पर कड़ी आपत्ति जताई। टॉइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, स्थिति तब और बिगड़ गई जब मुख्य चुनाव आयुक्त कुमार ने अधिकारी को घर वापस जाओ कह दिया।
आप ऐसे बात नहीं कर सकते- अनुराग यादव
इस पर अनुराग यादव ने पलटवार करते हुए कहा, “आप हमारे साथ ऐसा व्यवहार नहीं कर सकते। हमने 25 साल सेवा की है। आप इस तरह की बातें नहीं कर सकते।” यादव उत्तर प्रदेश सरकार में प्रधान सचिव रैंक के अधिकारी हैं। इस घटना के बाद बैठक में कुछ देर के लिए सन्नाटा छा गया। इसके बाद अन्य मुद्दों पर फिर से चर्चा शुरू हुई। चुनाव आयोग ने यादव को तत्काल जनरल ऑब्जर्वर पद से हटा दिया।
चुनाव आयोग के सूत्रों ने टॉइम्स ऑफ इंडिया को बताया कि बैठक के दौरान यादव से उनके निर्वाचन क्षेत्र में मतदान केंद्रों की संख्या के बारे में बुनियादी सवाल पूछे गए थे और वे सटीक जानकारी देने में विफल रहे थे। इसके कारण कुमार ने उनकी आलोचना की थी। चुनाव आयोग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “पर्यवेक्षक आयोग की आंखें और कान होता है। यदि कोई अधिकारी कई दिन मौके पर बिताने के बाद भी मतदान केंद्रों की संख्या जैसी बुनियादी जानकारी को वेरिफाई नहीं कर पाता है, तो इससे प्रक्रिया की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल उठते हैं।”
बैठक में संवेदनशील बूथों का उठाया गया मुद्दा
बुधवार की बैठक में कूच बिहार के संवेदनशील बूथों का मुद्दा भी उठाया गया। बंगाल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मनोज अग्रवाल ने ऐसे क्षेत्रों में निषेधाज्ञा लागू करने की संभावना का सुझाव दिया। चुनाव आयोग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को बताया कि मुख्य सचिव ने हर एक मतदान केंद्र पर न्यूनतम सुनिश्चित सुविधाओं को सुनिश्चित करने के लिए हर एक जिले में एक नोडल अधिकारी नियुक्त किया है।
तीन राज्यों में चुनाव
असम, केरल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव के लिए आज सुबह 7 बजे से मतदान हो रहा है। चुनाव आयोग ने शांतिपूर्ण और निष्पक्ष वोटिंग के लिए पुख्ता इंतजाम किए हैं। इस चरण में असम की 126 सीटों, केरल की 140 सीटों और पुडुचेरी की 30 सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं। तमिलनाडु में 23 अप्रैल को और पश्चिम बंगाल में 23 व 29 अप्रैल को मतदान होगा, जबकि नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे। केरल में करीब 2.7 करोड़ मतदाता 140 सीटों पर 883 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला कर रहे हैं। राज्य में 30 हजार से ज्यादा मतदान केंद्र बनाए गए हैं और करीब 1.46 लाख पोलिंग कर्मी तैनात किए गए हैं, ताकि मतदान सुचारू रूप से कराया जा सके। दोपहर 1 बजे तक असम में 59.63%, केरल में 49.70%, और पुडुचेरी में 56.83% मतदान हो चुका है। पढ़ें पूरी खबर…
