महिला आरक्षण को लेकर पूरे देश में चर्चा जोरों पर है। सभी दल महिला आरक्षण का समर्थन कर रहे हैं। हालांकि महिला आरक्षण विधेयक से जुड़ा संशोधन लोकसभा में पारित नहीं हो पाया। सभी दल दावा करते हैं कि वे संसद में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दे रहे हैं। लेकिन अगर हम 18वीं लोकसभा के महिला सांसदों के प्रोफाइल को देखते हैं तो एक हैरान करने वाली जानकारी सामने आती है। 18वीं लोकसभा में कुल 75 महिलाएं हैं। इसमें से 29 महिलाएं ही केवल अपने दम पर या अपने परिवार की पहली सांसद बन पाई हैं। जबकि 46 महिलाएं ‘परिवारवाद’ की देन है। ये 46 महिलाएं ऐसे परिवार से संबंध रखती हैं जिनका राजनीति में वर्चस्व रहा है।
जानें आरक्षण बनाम असलियत में कितना फर्क
अनीता नगर सिंह चौहान
मध्य प्रदेश के रतलाम से लोकसभा सांसद अनीता नगर सिंह चौहान प्रदेश सरकार में मंत्री और भाजपा विधायक नागर सिंह चौहान की पत्नी हैं। नागर सिंह चौहान चार बार के विधायक हैं। वर्तमान में वह मध्य प्रदेश की अलीराजपुर विधानसभा सीट से विधायक हैं। अनीता को राजनीति विरासत में मिली।
अनीता सुभदर्शिनी
अनीता ओडिशा की आस्का लोकसभा सीट से सांसद हैं। उनके पिता रामकृष्ण पटनायक पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक की सरकार और बीजू पटनायक की सरकार में मंत्री रह चुके हैं। अनीता की मां कुमुदिनी पटनायक भी सांसद रह चुकी हैं।
अन्नपूर्णा देवी
मोदी सरकार में मंत्री अन्नपूर्णा देवी को भी राजनीति विरासत में मिली है। उनके पति कोडरमा से विधायक थे और 1998 में अचानक मृत्यु हो गई थी, जिसके बाद अन्नपूर्णा देवी को राजद ने प्रत्याशी बनाया था और उन्होंने उपचुनाव में जीत हासिल की थी। अन्नपूर्णा देवी 2014 के बाद बीजेपी में शामिल हुई और अब मोदी सरकार में मंत्री हैं।
अनुप्रिया पटेल
अनुप्रिया पटेल मोदी सरकार में मंत्री हैं। उनके पिता सोनेलाल पटेल उत्तर प्रदेश के बड़े नेताओं में शुमार थे। सोनेलाल पटेल ने ही अपना दल की स्थापना की थी।
(विश्लेषित सांसदों में)
(स्वयंभू नेता)
| सांसद | राज्य / पार्टी | पृष्ठभूमि |
|---|---|---|
| अनीता नगर सिंह चौहान | रतलाम, मप्र | भाजपा | विरासत |
| अनीता सुभदर्शिनी | आस्का, ओडिशा | बीजद | विरासत |
| अपराजिता सारंगी | भुवनेश्वर | भाजपा | स्वयंभू |
| अन्नपूर्णा देवी | कोडरमा, झारखंड | भाजपा | विरासत |
| अनुप्रिया पटेल | उत्तर प्रदेश | अपना दल | विरासत |
| बांसुरी स्वराज | नई दिल्ली | भाजपा | विरासत |
| भारती प्राधि | बालाघाट, मप्र | भाजपा | स्वयंभू |
| डीके अरुणा | महबूबनगर, तेलंगाना | भाजपा | विरासत |
| दग्गुबाती पुरंदेश्वरी | आंध्र प्रदेश | भाजपा | विरासत |
| डिंपल यादव | मैनपुरी, उप्र | सपा | विरासत |
| हेमा मालिनी | मथुरा, उप्र | भाजपा | स्वयंभू |
| हरसिमरत कौर बादल | पंजाब | अकाली दल | विरासत |
| इकरा हसन चौधरी | कैराना, उप्र | सपा | विरासत |
| ज्योतिमनी | करूर, तमिलनाडु | कांग्रेस | स्वयंभू |
| जोबा माझी | झारखंड | जेएमएम | स्वयंभू |
| ज्योत्सना महंत | छत्तीसगढ | कांग्रेस | विरासत |
| जून मेलिया | मेदिनीपुर, बंगाल | टीएमसी | स्वयंभू |
| कलाबेन डेलकर | दादरा नगर हवेली | भाजपा | विरासत |
| कमलजीत सेहरावत | पश्चिम दिल्ली | भाजपा | स्वयंभू |
| कनिमोझी | तमिलनाडु | डीएमके | विरासत |
| कंगना रनौत | मंडी, हिप्र | भाजपा | स्वयंभू |
| काव्य कादियाम | वारंगल, तेलंगाना | भाजपा | विरासत |
| कृष्णा देवी पटेल | बांदा, उप्र | सपा | विरासत |
| लवली आनंद | बिहार | निर्दलीय | विरासत |
| महुआ मोइत्रा | पश्चिम बंगाल | टीएमसी | स्वयंभू |
| मीसा भारती | बिहार | राजद | विरासत |
| नीमूबेन बंभनिया | गुजरात | भाजपा | स्वयंभू |
| प्रणीति शिंदे | महाराष्ट्र | कांग्रेस | विरासत |
| प्रिया सरोज | उत्तर प्रदेश | सपा | विरासत |
| प्रियंका गांधी | वायनाड | कांग्रेस | विरासत |
| रचना बनर्जी | पश्चिम बंगाल | टीएमसी | स्वयंभू |
| रक्षा खडसे | महाराष्ट्र | भाजपा | विरासत |
| डॉ रानी श्रीकुमार | तमिलनाडु | डीएमके | स्वयंभू |
| सावित्री ठाकुर | मध्य प्रदेश | भाजपा | स्वयंभू |
| शोभा बच्छाव | धूले, महाराष्ट्र | भाजपा | स्वयंभू |
| शोभा करंदलाजे | कर्नाटक | भाजपा | स्वयंभू |
| शांभवी चौधरी | बिहार | जदयू | विरासत |
| सुप्रिया सुले | महाराष्ट्र | एनसीपी | विरासत |
| सायोनी घोष | पश्चिम बंगाल | टीएमसी | स्वयंभू |
| वर्षा गायकवाड़ | मुंबई, महाराष्ट्र | कांग्रेस | विरासत |
| जेनी ठाकोर | बनासकांठा, गुजरात | कांग्रेस | स्वयंभू |
अपराजिता सारंगी
अपराजिता सारंगी भुवनेश्वर से भाजपा सांसद हैं। अपराजिता सारंगी आईएएस ऑफिसर रह चुकी हैं। उन्होंने IAS की नौकरी से इस्तीफा देकर 2019 का लोकसभा चुनाव में जीत हासिल की थी। अपराजिता अपने दम पर राजनीति में आई हैं। इन्हें राजनीति विरासत में नहीं मिली है।
डीके अरुणा
डीके अरूणा तेलंगाना की महबूबनगर लोकसभा सीट से सांसद हैं। उनका पूरा परिवार पहले भी राजनीति में रहा है। हालांकि डीके अरूणा भी लंबे समय से राजनीति में हैं। डीके अरूणा के ससुर, उनके पति भी राजनीति में लंबे समय से हैं। डीके अरूणा को भी राजनीति विरासत में मिली है।
शोभा बच्छाव
शोभा बच्छाव धूले से लोकसभा सांसद हैं और काफी लंबा राजनीतिक सफर है। खुद के दम पर राजनीति में आई और करीब 35 साल तक नासिक में काम किया। शोभा पेशे से डॉक्टर रह चुकी हैं। शोभा ने अपने दम पर खुद को राजनीति में स्थापित किया।
बांसुरी स्वराज
बांसुरी स्वराज नई दिल्ली से भाजपा की लोकसभा सांसद हैं। उनकी मां सुषमा स्वराज हैं , जिनका 2019 में निधन हो गया था। बांसुरी स्वराज को राजनीतिक विरासत में मिली है।
भारती प्राधि
भारती मध्य प्रदेश के बालाघाट से लोकसभा सांसद हैं। उन्होंने राजनीति में अपने दम पर यह मुकाम हासिल किया है।
दग्गुबाती पुरंदेश्वरी
पुरंदेश्वरी पूर्व मुख्यमंत्री एनटीआर की बेटी हैं और उनका राजनीतिक परिवार काफी बड़ा है। राजनीति विरासत में ही मिली है।
कलाबेन डेलकर
दादर एंड नगर हवेली से बीजेपी सांसद हैं और पूर्व सांसद मोहन भाई डेलकर की पत्नी हैं। विरासत में राजनीति मिली है।
प्रतिभा धनौरकर
प्रतिभा धनौरकर सांसद सुरेश धनौरकर की पत्नी हैं। इन्हें भी राजनीति विरासत में ही मिली है।
डिंपल यादव
डिंपल यादव पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की पत्नी और मुलायम सिंह यादव की बहू हैं। उत्तर प्रदेश के यादव परिवार की राजनीतिक स्थिति पूरे देश में चर्चित है। डिंपल यादव वर्तमान में मैनपुरी से लोकसभा सांसद भी हैं।
ब्यरेड्डी शबरी
शबरी आंध्र प्रदेश के नांदल से टीडीपी की लोकसभा सांसद हैं। उनके पिता भी कई बार के विधायक और प्रदेश के बड़े नेता रह चुके हैं। राजनीति विरासत में मिली है।
डॉ रानी श्रीकुमार
डॉ रानी श्री कुमार तमिलनाडु से डीएमके लोक सभा सांसद हैं। इनका कोई राजनीतिक बैकग्राउंड नहीं है। इन्हें हम फर्स्ट जेनरेशन लीडर कह सकते हैं।
लता वानखेडे
लता वानखेड़े मध्य प्रदेश की सागर लोकसभा सीट से सांसद हैं। इन्हें भी राजनीति विरासत में नहीं मिली है।
प्रभा मल्लिकार्जुन
प्रभा मल्लिकार्जुन के पति मंत्री हैं। वर्तमान में वह कर्नाटक सरकार में मंत्री हैं। हालांकि प्रभा ने डेंटिस्ट की डिग्री ली है। इन्हें भी राजनीतिक विरासत में मिली है।
शर्मिला सरकार
शर्मिला सरकार बंगाल से टीएमसी सांसद हैं और फर्स्ट जेनरेशन लीडर हैं।
वर्षा गायकवाड़
वर्षा गायकवाड़ अभी मुंबई नॉर्थ सेंट्रल से लोकसभा की सांसद हैं। उनके पिता एकनाथ गायकवाड कई बार के विधायक और लोकसभा सांसद रह चुके हैं। राजनीति वर्षा को विरासत में मिली है। हालांकि वर्षा भी काफी लंबे समय से राजनीति में हैं।
जेनी ठाकोर
जेनी ठाकोर गुजरात की बनासकांठा लोकसभा सीट से सांसद हैं। अपने दम पर राजनीति में आई हैं।
गुम्मा तनुजा रानी
गुम्मा तनुजा रानी आंध्र प्रदेश से सांसद हैं और फर्स्ट जेनरेशन लीडर हैं।
हरसिमरत कौर बादल
हरसिमरत कौर बादल, बादल परिवार से आती हैं। उन्हें राजनीति विरासत में मिली है।
हेमा मालिनी
हेमा मालिनी मथुरा से लोकसभा सांसद हैं और राजनीति में अपने दम पर मुकाम हासिल किया है। हेमा मालिनी बड़ी अभिनेत्री रह चुकी हैं।
इकरा हसन चौधरी
इकरा हसन कैराना से सांसद हैं और चर्चित पश्चिमी यूपी के हसन परिवार से आती हैं। उनके पिता और माता दोनों ही सांसद रह चुके हैं, जबकि भाई विधायक है। इकरा को राजनीति विरासत में मिली है।
ज्योतिमनी
ज्योतिमनी कांग्रेस की युवा नेता और जमीन से जुड़ी हुई कार्यकर्ता रही हैं। उन्होंने अपने दम पर राजनीति में अपनी पहचान बनाई है। वर्तमान में करूर से सांसद हैं।
जोबा माझी
जोबा माझी आदिवासी नेता हैं और जमीन से जुड़ी हुई हैं। वर्तमान में JMM से सांसद हैं।
जून मेलिया
जून मेलिया टीएमसी की लोकसभा सांसद हैं। वह मेदिनीपुर से चुनी गई हैं।इनका कोई राजनीतिक बैकग्राउंड नहीं है और अपने दम पर सांसद बनी हैं। यह बंगाली सिनेमा की चर्चित अभिनेत्री भी रह चुकी हैं।
ज्योत्सना महंत
ज्योत्सना महंत छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री चरण दास महंत की पत्नी हैं और इनका राजनीतिक बैकग्राउंड है। इन्हें राजनीति विरासत में मिली है।
काव्य कादियाम
काव्य कादियाम वारंगल लोक सभा सीट से सांसद हैं। इन्हें राजनीतिक विरासत अपने पिता श्रीहरि से मिली है।
कमलजीत सेहरावत
कमलजीत सेहरावत वेस्ट दिल्ली से बीजेपी की लोकसभा सांसद हैं। इन्होंने अपने दम पर अपनी पहचान बनाई है और महिला सशक्तिकरण के लिए लंबे समय से काम किया है।
कमलेश जांगड़े
वर्तमान में जांजगीर चांपा से लोकसभा सांसद हैं और एबीवीपी से अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत की थी।
कंगना रनौत
कंगना रनौत मशहूर अभिनेत्री हैं और मंडी से लोकसभा सांसद हैं। अपने दम पर राजनीति में अपनी पहचान बनाई है।
कनिमोझी
कनिमोझी तमिलनाडु से लोकसभा सांसद हैं और करुणानिधि की बेटी हैं। इन्हें राजनीति विरासत में मिली है।
रक्षा खडसे
रक्षा खडसे महाराष्ट्र से बीजेपी सांसद हैं और दिग्गज नेता एकनाथ खडसे की बहू हैं। राजनीति विरासत में मिली है।
कृष्णा देवी पटेल
कृष्णा देवी पटेल उत्तर प्रदेश की बांदा लोकसभा सीट से सांसद हैं। वह समाजवादी पार्टी से जुड़ी हुई हैं। उनके पति एक समय भाजपा के दिग्गज नेता और मंत्री शिव शंकर सिंह पटेल हैं।
कीर्ति देवी देववर्मा
कीर्ति देवी त्रिपुरा से सांसद हैं। उनके भाई प्रद्योत विक्रम राजनीति में भी आ चुके हैं और अच्छी पहचान बनाई है। कीर्ति देवी राजघराने से आती हैं।
लवली आनंद
लवली आनंद बाहुबली नेता और पूर्व सांसद आनंद मोहन की पत्नी हैं और बिहार से लोकसभा सांसद हैं। राजनीति उन्हें विरासत में मिली है।
महिमा कुमारी मेवाड़
महिमा कुमारी बीजेपी से सांसद हैं। वह राजस्थान से आती हैं और राजशाही परिवार से जुड़ी हैं। उनकी भी राजनीतिक विरासत है।
महुआ मोइत्रा
महुआ मोइत्रा ने राजनीति में अपनी पहचान खुद के दम पर बनाई है और बंगाल से टीएमसी की संसद हैं।
माला राज्यलक्ष्मी शाह
माला लक्ष्मी उत्तराखंड से लोकसभा सांसद हैं और टिहरी गढ़वाल राजघराने से संबंध रखती हैं। इन्होंने राजनीतिक पहचान अपनी खुद के दम पर बनाई है। हालांकि राज परिवार से आती हैं।
माला रॉय
माला रॉय ममता बनर्जी की करीबी नेताओं में से एक हैं। वह कोलकाता साउथ से लोकसभा सांसद हैं। उनके पति भी विधायक रह चुके हैं। हालांकि माला रॉय ने अपनी राजनीतिक पहचान खुद के दम पर बनाई है।
मालविका देवी
मालविका देवी ओडिशा से सांसद हैं। उनके पति भी पूर्व सांसद रह चुके हैं। राजनीतिक विरासत इन्हें मिली है।
मंजू शर्मा
मंजू शर्मा जयपुर से बीजेपी सांसद हैं। इन्होंने अपनी पहचान खुद के दम पर बनाई है।
मीसा भारती
मीसा भारती को राजनीति विरासत मिली है। इनके पिता लालू प्रसाद यादव हैं।
मिताली बेग
मिताली बेग आरामबाग लोक सभा सीट से सांसद हैं। ममता बनर्जी की करीबी नेता हैं और अपने दम पर राजनीतिक पहचान बनाई है।
नीमूबेन बंभनिया
नीमूबेन बंभनिया सामाजिक कार्यकर्ता और बीजेपी की लोकसभा सांसद हैं और गुजरात से आती हैं और लंबे समय से राजनीति में एक्टिव हैं। इन्होंने अपनी पहचान खुद के दम पर बनाई है।
पूनमबेन मादाम
पूनमबेन गुजरात से बीजेपी की लोकसभा सांसद हैं। इन्होंने भी अपनी शुरुआत कांग्रेस पार्टी के तौर पर की थी। परिवार में कई लोग राजनीति में हैं। हालांकि पूनम ने अपने चाचा को हराकर चुनाव जीता।
प्रणीति शिंदे
प्रणति शिंदे महाराष्ट्र कांग्रेस की लोकसभा सांसद हैं और पूर्व गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे की बेटी हैं। इन्हें राजनीति विरासत में मिली है।
प्रतिमा मंडल
प्रतिमा मंडल बंगाल से टीएमसी की लोकसभा सांसद हैं। इन्हें भी राजनीति विरासत में मिली है और पिता भी सांसद रह चुके हैं।
प्रिया सरोज
प्रिया सरोज समाजवादी पार्टी के बड़े नेता तूफानी सरोज की बेटी हैं। इन्हें भी राजनीति विरासत में मिली है।
प्रियंका जारकीहोली
प्रियंका कांग्रेस के बड़े नेता और मंत्री सतीश जारकीहोली की बेटी हैं। राजनीति इन्हें विरासत मिली है।
रचना बनर्जी
रचना बैनर्जी टीएमसी की लोकसभा सांसद हैं और सिनेमा से राजनीति में आई हैं। इन्होंने अपनी राजनीतिक पहचान खुद के दम पर बनाई है और बंगाल की फेमस अभिनेत्री भी हैं।
रूप कुमारी चौधरी
रूप कुमारी चौधरी छत्तीसगढ़ से लोकसभा सांसद हैं और अपनी राजनीतिक पहचान खुद के दम पर बनाई है।
रुचि वीरा
रुचि वीरा मुरादाबाद से समाजवादी पार्टी की संसद हैं। इनके पिता भी राजनीति में रह चुके हैं। रुचि वीरा संपन्न परिवार से आती हैं और राजनीति विरासत में मिली है।
सजदा अहमद
सजदा अहमद टीएमसी से लोकसभा सांसद हैं। सजदा को राजनीति विरासत में मिली है और पति भी सांसद रह चुके हैं।
संध्या रे
संध्या रे मध्य प्रदेश के भिंड से बीजेपी की सांसद हैं। इन्होंने अपनी राजनीतिक पहचान खुद के दम पर बनाई है।
संगीता कुमारी देव
संगीता कुमारी देव राज परिवार से आती हैं और ओडिशा से बीजेपी सांसद हैं। इन्हें राजनीति विरासत में मिली है और पति ओडिशा के उप मुख्यमंत्री हैं।
संजना जाटव
संजना यादव राजस्थान से कांग्रेस की संसद हैं। इन्होंने अपनी राजनीतिक पहचान खुद के दम पर बनाई है। हालांकि उनके पिता सरपंच रह चुके हैं।
सावित्री ठाकुर
सावित्री ठाकुर मोदी सरकार में मंत्री भी हैं और मध्य प्रदेश से सांसद हैं। सावित्री ठाकुर ने खुद के दम पर अपनी राजनीतिक पहचान बनाई है।
सायोनी घोष
सायोनी घोष टीएमसी की सांसद हैं और बंगाल की चर्चित अभिनेत्री रह चुकी हैं। इन्होंने अपनी राजनीतिक पहचान खुद के दम पर बनाई है।
कुमारी सैलजा
कुमारी सैलजा हरियाणा से लोकसभा सांसद हैं। उनके पिता भी कांग्रेस के बड़े नेता रह चुके हैं। हालांकि कुमारी सैलजा ने अपने दम पर भी अपनी पहचान बनाई, लेकिन राजनीति विरासत में मिली है।
शांभवी चौधरी
शांभवी चौधरी बिहार के दिग्गज नेता अशोक चौधरी की बेटी हैं। इन्हें राजनीति विरासत में मिली है।
शोभा कारनदलाजे
शोभा कर्नाटक से बीजेपी की सांसद हैं और अपने दम पर राजनीतिक पहचान बनाई है। वह काफी लंबे समय से राजनीति में हैं और शुरू से ही आरएसएस से जुड़ गई थी।
शोभनाबेन बैरिया
शोभनाबेन गुजरात की साबरकांठा लोकसभा सीट से सांसद हैं। इन्हें भी राजनीति विरासत में मिली। इनके पति भी प्रदेश के बड़े नेता रह चुके हैं।
स्मिता वाघ
स्मिता महाराष्ट्र से बीजेपी सांसद हैं। शुरुआत से ही एबीवीपी से जुड़ी रही हैं और खुद के दम पर राजनीति में अपनी पहचान बनाई है।
हिमाद्री सिंह
हिमाद्री सिंह को राजनीति विरासत में मिली है। इनके पिता सांसद रह चुके हैं।
सुधा रामकृष्ण
सुधा रामकृष्णन तमिलनाडु से कांग्रेस की सांसद हैं। इन्होंने अपने दम पर राजनीति में अपनी जगह बनाई है।
तामीजाची ठंगापांडियन
डीएमके की संसद हैं। पिता तमिलनाडु सरकार में बड़े नेता रह चुके हैं। इन्हें भी राजनीति विरासत में मिली है।
सुप्रिया सुले
सुप्रिया सुले को राजनीति विरासत में मिली है और पिता का नाम शरद पवार है।
वीणा देवी
वीणा देवी वैशाली से लोकसभा सांसद हैं। पति दिनेश प्रसाद सिंह जदयू के बड़े नेता हैं। वीणा सिंह की बेटी भी विधायक है।
विजयलक्ष्मी देवी
विजयलक्ष्मी देवी सिवान से लोकसभा सांसद हैं। उनके पति भी विधायक रह चुके हैं। विजयलक्ष्मी देवी को भी राजनीति विरासत मिली है।
प्रियंका गांधी
प्रियंका गांधी वायनाड से लोकसभा सांसद हैं। 2024 में वायनाड लोकसभा सीट से राहुल गांधी ने चुनाव लड़ा था। हालांकि रायबरेली से भी राहुल ने जीत हासिल की थी। इसके बाद उन्होंने वायनाड सीट छोड़ दी थी। इसके बाद उपचुनाव हुआ था और प्रियंका गांधी चुनी गई। प्रियंका गांधी को राजनीति विरासत में मिली है।
62 फ़ीसदी महिलाएं राजनीतिक विरासत के सहारे पहुंची संसद
लोकसभा में कुल 543 में 75 महिला सांसद हैं। इनकी संख्या करीब 13.8 फीसदी है। 29 महिला खुद अपने दम पर सांसद बनी हैं, जो कुल सांसदों का केवल 5.3 फीसदी हिस्सा है। यह संख्या काफी कम है और राजनीतिक दलों के दावों की सच्चाई को दर्शाता है। इन दावों के बीच आंकड़े साफ दर्शाते हैं कि कुल महिला सांसदों में से 62 फ़ीसदी राजनीतिक विरासत के सहारे ही संसद पहुंची हैं।
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महिला आरक्षण के मुद्दे पर राजनीतिक दलों के बीच गतिरोध का असर पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु विधानसभा चुनावों पर भी पड़ सकता है। दोनों राज्यों में महिला प्रत्याशियों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। पढ़ें पूरी खबर
