दिल्ली पुलिस ने बुधवार को सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर डॉ. नीलम सिंह उर्फ ’द स्किन डॉक्टर’ को व्यवसायी संजय कपूर की मौत के बाद कपूर परिवार के खिलाफ कथित तौर पर ट्वीट पोस्ट करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। सूत्रों के हवाले से समाचार एजेंसी एएनआई ने बताया कि कपूर परिवार ने वसंत कुंज पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस के अनुसार, आगे की जांच जारी है।
ऑटो कंपोनेंट कंपनी सोना कॉमस्टार चेयरमैन के चेयरमैन और अभिनेत्री करिश्मा कपूर के पूर्व पति संजय कपूर का 12 जून को लंदन में पोलो खेलते समय निधन हो गया था। मेडिकल रिपोर्ट्स में उनकी मृत्यु को नेचुरल बताया गया था और इसके पीछे हृदय संबंधी कारण बताए गए, जिनमें लेफ्ट वेंट्रिकुलर हाइपरट्रॉफी और इस्केमिक हार्ट डिजीज शामिल हैं।
हालांकि, बाद में यह मामला विवादों में घिर गया जब संजय कपूर की मां रानी कपूर ने उनकी मृत्यु के आसपास की ‘अस्पष्ट परिस्थितियों’ का हवाला देते हुए यूनाइटेड किंगडम में आपराधिक जांच की मांग की और परिवार द्वारा संचालित व्यवसाय और विरासत संबंधी मामलों से जुड़े आरोप लगाए।
संजय कपूर और करिश्मा कपूर ने 2003 में शादी की और 2016 में उनका तलाक हो गया। उनके दो बच्चे हैं। तलाक के बाद, संजय कपूर ने प्रिया सचदेव से शादी की थी।
गिरफ्तारी के कुछ घंटों बाद जमानत मिल गई
वरिष्ठ अधिवक्ता महेश जेठमलानी ने बाद में X पर पोस्ट किया कि डॉ. सिंह को गिरफ्तारी के लगभग पांच घंटे बाद जमानत मिल गई ।उन्होंने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में इस मामले को “बेबुनियाद और तुच्छ” बताया।
‘द स्किन डॉक्टर’ कौन है?
डॉ. सिंह एक त्वचा विशेषज्ञ हैं। जिन्हें ‘द स्किन डॉक्टर’ उपनाम से ऑनलाइन काफी लोकप्रियता हासिल की है। शुरुआत में वे त्वचा की देखभाल और त्वचाविज्ञान से संबंधित इलाज के लिए जाने जाते थे, लेकिन अब वे सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर अपनी टिप्पणियों के लिए भी व्यापक रूप से पहचाने जाते हैं।
इंफ्लुएंसर के इंस्टाग्राम प्रोफाइल पर बायो में ‘द स्किन डॉक्टर’ को “सामाजिक-राजनीतिक रूप से जागरूक त्वचा विशेषज्ञ” के रूप में वर्णित किया गया है।
नोएडा मजदूर प्रदर्शन: सोची-समझी रणनीति’ के तहत हुई थी हिंसा, DU ग्रेजुएट और पूर्व पत्रकार पर रासुका
नोएडा में 13 अप्रैल को हुआ श्रमिक आंदोलन बाद में अचानक हिंसक हो गया था। अब इसके ठीक एक महीने बाद दो आरोपियों पर कार्रवाई की गई है। आकृति चौधरी (25) दिल्ली विश्वविद्यालय से इतिहास की स्नातक हैं और पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर की रहने वाली हैं। दूसरा आरोपी लखनऊ के पूर्व पत्रकार सत्यम वर्मा हैं। इन दोनों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई की गई है। पढ़ें पूरी खबर।
