आने वाले राज्यसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने गुरुवार को पांच उम्मीदवारों के नाम का ऐलान कर दिया। कांग्रेस ने तमिलनाडु से प्रवीण चक्रवर्ती को राज्यसभा उम्मीदवार बनाया है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और टीवीके प्रमुख सी. जोसेफ विजय ने राज्य की एकमात्र खाली राज्यसभा सीट अपनी सहयोगी पार्टी कांग्रेस को सौंपने की घोषणा की थी। अन्नाद्रमुक के राज्यसभा सदस्य सीवी षणमुगम के इस्तीफे के बाद यह राज्यसभा सीट खाली हुई थी।

गौर करने वाली बात है कि तमिलगा वेत्री कड़गम (टीवीके) और कांग्रेस को साथ लाने में प्रवीण चक्रवर्ती की भूमिका काफी अहम मानी जाती है।

कौन हैं प्रवीण चक्रवर्ती ?

प्रवीण चक्रवर्ती राजनेता के अलावा अर्थशास्त्री और डेटा साइंटिस्ट हैं। इससे पहले वे एक थिंक टैंक के रिसर्चर, एंजेल निवेशक और बैंकर के रूप में भी काम कर चुके हैं। कांग्रेस में वह अखिल भारतीय पेशेवर कांग्रेस (AIPC) और डेटा एनालिटिक्स विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। उन्हें कांग्रेस हाईकमान, खासतौर पर राहुल गांधी का बेहद करीबी माना जाता है। उनकी गिनती पार्टी के प्रमुख रणनीतिकारों में होती है। नवंबर 2023 में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने उन्हें शशि थरूर की जगह अखिल भारतीय पेशेवर कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया था। वह कांग्रेस कार्य समिति के सदस्य भी हैं।

प्रवीण चक्रवर्ती की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक, साल 2009 में डॉ. मनमोहन सिंह सरकार से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने सबसे पहले यूनिक आइडेंटिटी (आधार) कार्यक्रम में काम किया और बाद में प्रधानमंत्री कौशल मिशन से जुड़े।

2014 के आम चुनावों के बाद वह आईडीएफसी इंस्टीट्यूट (IDFC Institute) में राजनीतिक अर्थव्यवस्था (Political Economy) के रिसर्चर बने। इस दौरान उन्होंने समीक्षित (Peer-Reviewed) शोध पत्र प्रकाशित किए और भारत तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रमुख प्रकाशनों में कई लेख लिखे।

कितने पढ़े-लिखे हैं प्रवीण?

प्रवीण चक्रवर्ती ने बिट्स पिलानी से इंजीनियरिंग की डिग्री ली है। इसके बाद प्रवीण चक्रवर्ती ने आईबीएम (IBM) और माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) जैसी कंपनियों में काम किया। इसके बाद उन्होंने अमेरिका के प्रतिष्ठित व्हार्टन स्कूल से एमबीए किया और वॉल स्ट्रीट में भी काम किया है।

वर्ष 2017 में प्रवीण चक्रवर्ती ने राजनीति में प्रवेश किया जब तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने उन्हें औपचारिक रूप से कांग्रेस पार्टी में शामिल होने का निमंत्रण दिया।

राजनीतिक योगदान

प्रवीण चक्रवर्ती कांग्रेस में नीति निर्माण, आर्थिक मामलों और चुनावी रणनीति के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण चेहरा माने जाते हैं। वह पार्टी के डेटा एनालिटिक्स विभाग के राष्ट्रीय प्रमुख के रूप में भी काम कर चुके हैं जहां उन्होंने चुनावी रुझानों और सामाजिक-आर्थिक आंकड़ों के विश्लेषण में अहम भूमिका निभाई थी।

प्रवीण चक्रवर्ती ने इससे पहले कांग्रेस पार्टी के ‘डेटा एनालिटिक्स विभाग’ के राष्ट्रीय प्रमुख के रूप में कार्य किया है। इस भूमिका में उन्होंने चुनावी रणनीतियों को तैयार करने और वोट-बैंक के आंकड़ों का विश्लेषण करने में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। अभी उनके नाम पर इस आधार पर विचार किया गया है कि किसी ऐसे व्यक्ति को दिल्ली भेजना राज्य के लिए बहुत फायदेमंद साबित होगा। जिसके पास राष्ट्रीय स्तर के नीतिगत फैसलों की गहरी जानकारी हो और जो अंग्रेजी और तमिल, दोनों भाषाओं में संसदीय बहस करने में माहिर हो।

टीवीके की रणनीति और दिल्ली में प्रतिनिधित्व

तमिलनाडु की राजनीति में अपनी उपस्थिति मजबूत करने की दिशा में टीवीके राज्यसभा में ऐसे प्रतिनिधि को भेजना चाहती है जो राष्ट्रीय स्तर के मुद्दों पर प्रभावी ढंग से अपनी बात रख सके। इसी के चलते प्रवीण चक्रवर्ती का नाम तय किया गया है। आर्थिक और नीतिगत मामलों की उनकी समझ, सार्वजनिक नीति पर अनुभव तथा संसदीय विमर्श में योगदान देने की क्षमता को उनकी प्रमुख ताकत माना जाता है।

पार्टी के भीतर यह धारणा है कि चक्रवर्ती जैसे विशेषज्ञ संसद में तमिलनाडु से जुड़े वित्तीय, आर्थिक और विकास संबंधी मुद्दों को तथ्यों और आंकड़ों के आधार पर मजबूती से उठा सकते हैं। साथ ही राष्ट्रीय नीति निर्माण और आर्थिक मामलों पर उनकी पकड़ उन्हें राज्य के हितों का प्रभावी प्रतिनिधित्व करने में सक्षम बना सकती है।

8 जून को राज्यसभा चुनाव

तमिलनाडु में होने वाले राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। विधानसभा में सत्तारूढ़ गठबंधन के पास पर्याप्त संख्याबल होने के कारण उसके समर्थित उम्मीदवार की जीत की संभावना मजबूत मानी जा रही है।

अगर उन्हें गठबंधन का आधिकारिक समर्थन मिलता है तो विधानसभा में उपलब्ध संख्या बल के आधार पर उनका राज्यसभा पहुंचना लगभग तय माना जा रहा है। हालांकि, अंतिम तस्वीर नामांकन प्रक्रिया और चुनावी समीकरण स्पष्ट होने के बाद ही सामने आएगी।