गोवा पुलिस ने ‘सनातन महासंघ’ के संस्थापक गौतम खट्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस गौतम खट्टर की तलाश में जुटी हुई है। इस बीच गौतम खट्टर के भाई माधव खट्टर को पुलिस ने हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया है। गौतम खट्टर पर आरोप है कि उन्होंने गोवा के वास्को में एक कार्यक्रम में सेंट फ्रांसिस जेवियर पर विवादित टिप्पणी कर दी थी।

गौतम के भाई को पुलिस ने किया गिरफ्तार

इस मामले में गोवा की वास्को पुलिस ने उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। पुलिस ने गौतम खट्टर के भाई माधव खट्टर के खिलाफ इसलिए मुकदमा दर्ज किया क्योंकि उन्होंने आयोजित कार्यक्रम में अपने भाई द्वारा दिए गए भाषण को तैयार किया था। पुलिस गौतम खट्टर की तलाश में हरिद्वार भी गई थी लेकिन वह अपने घर पर नहीं मिले। सोशल मीडिया पर यह मामला काफी चर्चा में है।

गौतम खट्टर के खिलाफ लुक आउट सर्कुलर नोटिस जारी कर दिया गया है। ऐसे में अब वह देश छोड़कर नहीं जा सकते हैं। अलग-अलग शहरों में पुलिस टीम गौतम खट्टर को ढूंढने की कोशिश कर रही है। गोवा पुलिस के अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई से कहा कि वह गौतम खट्टर के देहरादून स्थित आवास पर भी गई थी लेकिन वहां पर वह नहीं मिले।

सोशल मीडिया पर इस कार्यक्रम का वीडियो भी वायरल हुआ था, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया। गौतम खट्टर के खिलाफ धार्मिक भावनाओं को कथित तौर पर ठेस पहुंचाने और सांप्रदायिक फूट डालने की कोशिश करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। मामले की जांच गोवा क्राइम ब्रांच कर रही है।

कौन हैं गौतम खट्टर?

गौतम खट्टर सोशल मीडिया पर दक्षिणपंथी एक्टिविस्ट के बीच काफी लोकप्रिय हैं। वह सनातन धर्म को लेकर लगातार अपनी बात रखते रहते हैं। गौतम एक संगठन भी चलाते हैं, जिसका नाम सनातन महासंघ है और उसके वह संस्थापक हैं। गौतम खट्टर के सोशल मीडिया प्रोफाइल के अनुसार वह यूट्यूबर और कंटेंट क्रिएटर भी हैं। सोशल मीडिया पर उन्होंने अपने कई वीडियो शेयर किए हैं जिसमें वह धार्मिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेते हुए दिखाई दे रहे हैं।

राजनीतिक दलों की भी प्रतिक्रिया आनी शुरू हो गई है। गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा कि पुलिस ने गौतम खट्टर की तलाश शुरू की है और 2 दिन में उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। गौतम खट्टर के खिलाफ गोवा के कई शहरों में शिकायत दर्ज कराई गई है। उन पर आरोप है कि वह सेंट फ्रांसिस जेवियर की विरासत को बदनाम करना चाहते हैं। गोवा पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि कार्यक्रम के आयोजकों से पूछताछ की गई। इस दौरान यह सामने आया कि गौतम खट्टर की यात्रा से संबंधित समन्वय उनके भाई माधव खट्टर ने किया था। पुलिस के अनुसार आयोजकों ने बताया कि इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए गौतम को 51 हजार रुपये का भुगतान, ठहरने की व्यवस्था और विमान का टिकट भी किया गया था। कांग्रेस ने भी कार्रवाई की मांग की है।

उदय माहुरकर ने उठाए सवाल

देश के पूर्व सेंट्रल आरटीआई कमिश्नर उदय माहुरकर ने भी गौतम खट्टर की गिरफ्तारी की निंदा की है। उन्होंने X पर एक पोस्ट में लिखा, “यह दुख की बात है कि सीएम डॉ. प्रमोद सावंत के नेतृत्व वाली गोवा सरकार हिंदुत्व एक्टिविस्ट गौतम खट्टर को इसलिए निशाना बना रही है क्योंकि उन्होंने कट्टर ईसाई पादरी सेंट जेवियर्स के कहने पर पुर्तगालियों द्वारा गोवा के हिंदुओं पर किए गए अत्याचारों के बारे में सच बोला था। उन्होंने वही कहा जो गोवा के मशहूर लेखक एके प्रियोलकर ने अपनी किताब ‘द गोवा इनक्विजिशन’ में बताया है।हालांकि सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के कारण सरकार को रोकने के उपाय करने के लिए मजबूर कर सकते हैं, लेकिन सच बोलने के लिए किसी को सज़ा नहीं दी जा सकती। सीएम प्रमोद सावंत जी और बीजेपी के राष्ट्रीय नेताओं से गुज़ारिश करूंगा कि वे इस मामले को इसी सच के आधार पर देखें। चूंकि सेंट जेवियर्स पर उनके भाषण के लिए FIR दर्ज करने के बाद गोवा पुलिस को खट्टर नहीं मिले, इसलिए उन्होंने देहरादून से उनके भाई को गिरफ्तार कर लिया है। यह बहुत ही हैरान करने वाली बात है।”

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