तमिलनाडु चुनाव के दौरान लोगों के मन में एक बड़ी जिज्ञासा थी और सोमवार सुबह मतगणना शुरू होते ही ऐसा उलटफेट हुआ जिसकी कल्पना शायद बहुत कम लोगों ने की थी। जैसे ही मतगणना का पहला घंटा पूरा हुआ और शुरुआती रुझान आए तो तमिलनाडु में लंबे समय से चली आ रही राजनीतिक व्यवस्था में सिर्फ हलचल ही नहीं बल्कि एक बड़ी दरार का संकेत मिला। अभिनेता से राजनेता बने सी. जोसेफ. विजय की पार्टी तमिलगा वेट्टि कज़गम (TVK) 100 से ज्यादा सीटों पर आगे चल रही थी। चुनाव शुरू होने के समय टीवीके को लेकर काफी अनिश्चिचतता थी लेकिन 11.30 बजे तक चुनाव आयोग (ECI) के मुताबिक रुझानों में 100 से ज्यादा सीटों पर बढ़त बनाए हुई थी। वहीं AIADMK करीब 80 सीटों के साथ दूसरे और सत्तारूढ़ डीएमके तीसरे नंबर पर खिसक गई है।
हालांकि TVK की बढ़त में शुरुआती उतार-चढ़ाव के संकेत दिख रहे हैं और DMK व AIADMK कई सीटों पर वापसी की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन व्यापक तस्वीर अभी भी चौंकाने वाली है। ना सिर्फ DMK और उसका शीर्ष नेतृत्व (जिसमें मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री शामिल हैं) बल्कि उसके कई सहयोगी दलों के उम्मीदवार भी शुरुआती दौर की मतगणना में पीछे चल रहे हैं।
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मतगणना आगे बढ़ने के साथ ही आंकड़े अभी बदल सकते हैं। तमिलनाडु में बहुस्तरीय मतगणना प्रक्रिया में अक्सर ऐसा होता है। लेकिन फिलहाल शुरुआती बढ़त का पैमाना और प्रदर्शन विजय की TVK के पक्ष में किसी राजनीतिक सुनामी से कम नहीं है।
इस उछाल का पैमाना इतना बड़ा है कि अनुभवी पर्यवेक्षक भी इसकी तुलना ढूंढने में जुटे हैं। AIADMK लगभग 60 सीटों पर आगे चल रही थी जबकि सत्तारूढ़ DMK- जिसने 2021 में 159 सीटों के साथ स्पष्ट बहुमत हासिल किया था, उसे सिर्फ 38 सीटों पर बढ़त में थी। कांग्रेस, PMK, BJP और अन्य पार्टी शुरुआती राउंड में हाशिए पर सिमटते नजर आए।
सबसे चर्चित सीटों की बात करें तो मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन खुद शुरुआती गिनती में पीछे चल रहे थे। सुबह 10:30 बजे तक कम से कम 1,000 वोटों से सीएम स्टालिन पीछे थे। उनके साथ उदयनिधि स्टालिन और कई मंत्री भी पिछड़ रहे थे। यह एक ऐसा नतीजा है जिसकी कल्पना कुछ दिनों पहले तक शायद किसी ने नहीं की होगी।
दशकों से तमिलनाडु की राजनीति ‘द्रविड़ि बाइनरी’ पर टिकी रही है जहां DMK और AIADMK ने मिलकर वोटों और सीटों का बड़ा हिस्सा नियंत्रित किया। बड़े बदलाव के दौर की बात करें तो चाहे एम.जी. रामचंद्रन का उदय हो या जे. जयललिता की बड़ी जीत, सभी इसी ढांचे के भीतर हुए। लेकिन आज के शुरुआती रुझान कुछ अलग इशारा कर रहे हैं: यह सिस्टम के भीतर बदलाव नहीं बल्कि उसके किनारों पर दबाव है।
अगर रुझानों में दिखी टीवीके की यह बढ़त जीत में बदलती तो यह राज्य के आधुनिक इतिहास में सबसे नाटकीय चुनावी बदलावों में से एक साबित हो सकता है। फिलहाल आंकड़े अस्थायी हैं लेकिन शुरुआती राउंड का संदेश तमिलनाडु के किसी पारंपरिक चुनाव जैसा नहीं दिख रहा।
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क्षिण राज्य तमिलनाडु में अभिनेता से राजनेता बनने वालों के क्लब में मेगास्टार विजय भी शामिल हो गए हैं। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के नतीजों से कुछ दिन पहले ही कई एग्जिट पोल ने सत्ताधारी द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (डीएमके) की जीत की भविष्यवाणी की है। हालांकि, प्रमुख पोलिंग एजेंसी एक्सिस माय इंडिया का कहना है कि अभिनेता विजय की पार्टी 120 सीटें जीत सकती है और ‘अगले एमजीआर’ बन सकते हैं। पढ़ें पूरी खबर…
