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वीडियोकॉन ने 14 महीने से स्टाफ को नहीं दी सैलरी, सड़क पर भीख मांगने उतरे कर्मचारी!

कर्मचारी यूनियन के प्रेसिडेंट गजानन खंडारे का कहना है कि हमारे कर्मचारी पिछले तीन महीनों से हड़ताल पर हैं। हम लोग अपने बकाया वेतन की मांग कर रहे हैं लेकिन न तो कंपनी मालिक और ना ही सरकार हमारी समस्या को दूर नहीं कर रही है।

वीडियोकॉन का औरंगाबाद प्लांट। (फाइल फोटो)

वीडियोकॉन का औरंगाबाद प्लांट बंदी की कगार पर पहुंच गया है। इस प्लांट के कर्मचारियों को पिछले एक साल से सेलरी नहीं मिली है। वेतन नहीं मिलने से कर्मचारी अपने भविष्य को लेकर काफी चिंतित हैं। कर्मचारियों ने बकाया वेतन की मांग को लेकर अनोखे तरीके से अपना विरोध प्रकट कर चुके हैं।

बिजनेस टुडे की खबर के अनुसार कंपनी के कर्मचारियों ने दिवाली के समय गलियों में घूम-घूम कर भीख मांगी और कंपनी के पूर्व मालिक वेणुगोपाल धूत को 721 रुपये का गिफ्ट भेजा। खबर के अनुसार वीडियोकॉन ग्रुप कर्मचारी यूनियन के प्रेसिडेंट गजानन बंधु खंडारे ने कहा कि हम लोगों ने भीख में मांगे गए पैसे का डिमांड ड्राफ्ट बनवाया और इसे जिला कलेक्टर को सौंपा।

खंडारे का कहना है कि हमारे कर्मचारी पिछले तीन महीनों से हड़ताल पर हैं। हम लोग अपने बकाया वेतन की मांग कर रहे हैं लेकिन कोई भी हमारी समस्या को दूर नहीं कर रहा है। लोन डिफॉल्टर बन चुका मैनेजमेंट अपनी जिंदगीं में मजे मार रहे हैं और कर्मचारी गरीबी में जीवन बिताने को मजबूर हैं।

मालूम हो कि दिवालिया हो चुकी कंपनी में करीब 6000 कर्मचारी हैं और इन लोगों का भविष्य अधर में अटक गया है। खबर के अनुसार कर्मचारियों की तरफ से करीब 103.5 करोड़ रुपये का रेजोल्यूशन प्रोफेशनल का दावा दाखिल किया जा चुका है। जबकि वित्तीय संगठनों ने भी 59452 करोड़ रुपये का दावा किया है।

इससे पहले 8 नवंबर को प्रदर्शन कर रहे करीब 100 से अधिक कर्मचारियों को पुलिस ने हिरासत में लिया था। ये लोग विडियोकॉन ग्रुप के चेयरमैन से अपने बकाये की मांग कर रहे थे। कर्मचारियों को हिरासत में लिए गए कर्मचारी यूनियन के प्रधान गजानन खंडारे और सीपीआई नेता अभय टकसाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की थी। इन्होंने बताया कि कंपनी के 340 कर्मचारी श्रम उपायुक्त कार्यालय के बाहर भूख हड़ताल पर बैठे हुए हैं।

वीडियोकॉन ग्रुप ने बैंकों से करीब 60 हजार करोड़ रुपये का लोन लिया है और उसका लौटाया नहीं है। मालूम को कि कंपनी के सह-मालिक राजकुमार धूत शिवसेना के सांसद भी हैं। सीपीआई नेता अभय टकसाल ने कहा कि भले ही शिवसेना किसानों के मुद्दे पर राजनीति करती हैं लेकिन वीडियोकॉन जैसे बड़े समूहों के लोन डिफॉल्ट के मुद्दे को भूल जाते हैं। उन्हों अपने सांसद से इस लोन को लौटाने के बारे में पूछना चाहिए।

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