Kolkata Warehouse Collapse News: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में बुधवार दोपहर एक निर्माणाधीन गोदाम की छत गिरने की वजह से तीन लोगों की मृत्यु हो गयी। गोदाम के ढांचे के नीचे करीब 18 लोग फंंसे हुए हैं जबकि 21 को रेस्क्यू किया जा चुका है। इन्हें निकालने के लिए स्थानीय प्रशासन बचाव अभियान चला रहा है। प्रशासन के सहयोग के लिए सेना को भी बुलाया गया है।
घटना के कुछ देर बाद मौके पर पहुंचे सीएम शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि एनडीआरएफ, आर्मी, एसडीआरफ, पुलिस और फायर डिपार्टमेंट मिलकर काम कर रहे हैं। 21 लोगों को रेस्क्यू किया गया है। तीन लोगों की मौत हो गई है। अभी 12-18 लोग अभी फंसे हुए हैं। ये सभी लोग भारतीय सेना के संपर्क में हैं।
इससे पहले द इंडियन एक्सप्रेस को स्थानीय सूत्रों के बताया कि हादसे के समय 50 से 60 मजदूर निर्माणाधीन गोदाम में काम कर रहे थे। हादसे के तुरंत बाद रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया गया और अभी तक 13 लोगों को रेस्क्यू किया गया है। उन्होंने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन में ऑर्मी को भी लगाया गया है।

मौके पर मौजूद पश्चिम बंंगाल सरकार के मंत्री इंंद्रनील खान ने मीडिया कहा कि सरकार की प्राथमिकता गोदाम के ढांचे के नीचे दबे हुए लोगों को जल्दी से जल्दी निकालना है। यहां कोलकाता पुलिस, डिजास्टर मैनेजमेंट टीम, फायर टीम और आर्मी मिलकर रेस्क्यू ऑपरेशन चला रहे हैं। उन्होंने बताया कि यह निर्माण अवैध था।
‘लोहे के बीम और कंक्रीट के बड़े-बड़े हिस्से ढह गए’
निर्माण कार्य के दौरान लोहे के बीम और कंक्रीट के बड़े-बड़े हिस्से ढह गए, जहां कई मजदूर काम कर रहे थे। घटनास्थल पर मौजूद चश्मदीदों ने बताया कि उन्होंने मलबे के नीचे फंसे लोगों को मदद के लिए चिल्लाते हुए सुना। एक चश्मदीद ने कहा, “भूतल पर पर निर्माण कार्य चल रहा था, जबकि पहली और दूसरी मंज़िल का आरसीसी ढांचा पूरा हो चुका था। पूरा ढांचा ढह गया है।”
फायर डिपार्टमेंट के एक अधिकारी के मुताबिक,’कास्टिंग’ के काम के दौरान तीन मंजिला गोदाम की छत गिर गई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि गोदाम बनाने में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा था। अधिकारियों ने बताया कि गिर हुए लोहे के बीम को हटाने के लिए क्रेन और मशीनों को लगाया गया है। अधिकारियों के अनुसार ,लोहे और कंक्रीट को काटने के लिए गैस कटर का इस्तेमाल किया जा रहा था और बचावकर्मी ‘वर्टिकल ड्रिलिंग’ के जरिए मलबे में फंसे लोगों तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं।
आक्रोशित बीजेपी कार्यकर्ता बोला- जिम्मेदार व्यक्ति को फांसी की सजा होना चाहिए
मौके पर मौजूद एक आक्रोशित बीजेपी कार्यकर्ता ने कहा कि इस घटना के लिए जिम्मेदार व्यक्ति को फांसी की सजा मिलनी चाहिए। हमने मलबे के नीचे से कम से कम 10 लोगों को बाहर निकाला है और अभी भी कई लोग नीचे दबे हुए हैं। इसमें कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए। सरकारी अधिकारी भी इसमें शामिल हैं, जवाबदेही तय होनी चाहिए। लोग अभी भी मलबे के नीचे से अपनी जान बचाने के लिए चिल्ला रहे हैं। हमें उम्मीद है कि सरकार गरीबों को न्याय दिलाएगी।
