एविएशन रेगुलेटर (डीजीसीए) ने मंगलवार को कहा कि एयर इंडिया ने बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर एयरक्राफ्ट के फ्यूल स्विच बंद होने पर किसी भी प्रकार की समस्या होने की आशंका से इनकार किया है। लंदन से बेंगलुरु आने वाली फ्लाइट(AI-132) के दौरान पायलट ने खराबी की सूचना दी गई, जिसके बाद उस प्लेन को रोक (ग्राउंडेड) दिया गया था।
हालांकि डीजीसीए ने अपने बयान में प्लेन को रोके जाने का स्पष्ट कारण नहीं बताया और कहा कि गलत दिशा में स्विच दबने से ऐसा हो गया होगा।
हीथ्रो एयरपोर्ट पर हुई थी घटना
यह घटना एक फरवरी को लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट से बेंगलुरु के लिए उड़ान भरने से पहले फ्लाइट AI-132 में घटी थी। सेफ्टी मैटर्स फाउंडेशन की एक प्रेस रिलीज के मुताबिक, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई थी। एयर इंडिया के चालक दल ने बाएं इंजन के फ्यूल स्विच के असामान्य व्यवहार की सूचना दी।
बयान में कहा गया कि प्री-फ्लाइट चेक के दौरान फ्यूल स्विच दो बार की कोशिश में ‘रन’ की पोजिशन में लॉक नहीं हुआ और ‘कटऑफ’ की ओर आ जा रहा। चूंकि ये स्विच असल में एयरक्राफ्ट के इंजन में फ्यूल के फ्लो को कंट्रोल करते हैं। ऐसी खराबी की वजह से उड़ान के दौरान इंजन बंद हो सकता है।
यह घटनाक्रम पिछले साल जून में अहमदाबाद में एयर इंडिया (AI-171) प्लेन हादसे के बाद बोइंग 787 प्लेनों पर लगे फ्यूल कंट्रोल स्विच की जांच के बीच आया है, इसमें 269 लोगों की जान गई थी।
डीजीसीए ने बयान में क्या कहा?
डीजीसीए ने अपने बयान में कहा कि इंजन चालू होने या उड़ान के दौरान कोई असामान्य इंजन पैरामीटर नहीं देखा गया। एयर इंडिया के इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट ने फ्यूल कंट्रोल स्विचों का भी निरीक्षण किया।
डीजीसीए के बयान में कहा गया, “बाएं और दाएं दोनों स्विचों की जांच की गई और वे संतोषजनक पाए गए। लॉकिंग टूथ/पॉल पूरी तरह अपने स्पेस में था और रन से कटऑफ तक अपने आप नहीं आ रहा था। बेस प्लेट के बराबर पूरा बल लगाने पर भी स्विच सुरक्षित रहा।”
आगे कहा गया, “हालांकि, गलत दिशा में बल लगाने से स्विच आसानी से चलने की स्थिति से कटऑफ में चला जाता था, क्योंकि कोणीय आधार प्लेट उंगली या अंगूठे से गलत तरीके से दबाए जाने फिसलन देती थी।”
एयर इंडिया के कर्मचारियों को दी गई जानकारी
डीजीसीए ने कहा कि एयर इंडिया के कर्मचारियों को इस बारे में जानकारी दी गई और स्विच के साथ अनावश्यक संपर्क से बचने को कहा गया।
डीजीसीए ने कहा, “फ्लाइट के शेष समय के दौरान चालक दल द्वारा इंजन के संकेतों और चेतावनी प्रणाली की निगरानी की गई, उड़ान बिना किसी घटना के संपन्न हुई।”
डीजीसीए ने कहा कि बोइंग कंपनी ने अनुशंसित प्रक्रिया का उपयोग करके फ्यूल कंट्रोल स्विच के अनलॉक करने के लिए आवश्यक बल की जाँच की गई। बयान में आगे कहा गया है, “सभी मामलों में, अनलॉक करने के लिए आवश्यक बल निर्धारित सीमा के भीतर पाया गया। ये निरीक्षण डीजीसीए अधिकारियों की उपस्थिति में किए गए।” आगे पढ़िए पायलट की सूचना पर एअर इंडिया ने बोइंग 787 ड्रीमलाइनर को उड़ान भरने से रोका
