ताज़ा खबर
 

सुरेश प्रभु ने की इस्‍तीफे की पेशकश, जेटली बोले- सरकार में जवाबदेही अच्‍छी

Suresh Prabhu Resignation: सुरेश प्रभु ने कहा, रेल मंत्री के तौर पर अपने तीन साल से भी कम के कार्यकाल में 'मैंने रेलवे की बेहतरी के लिए अपना खून-पसीना एक कर दिया।'

Suresh Prabhu Resignation: नई दिल्‍ली में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान सुरेश प्रभु। (Photo: PTI File)

रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने हाल में हुई रेल दुर्घटनाओं की ‘पूरी नैतिक जिम्मेदारी’ लेते हुए बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर इस्तीफे की पेशकश की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने उनसे ‘इंतजार’ करने को कहा है। पिछले चार दिनों में दूसरी रेल दुर्घटना के बाद प्रभु प्रधानमंत्री से मिले और हादसों और अन्य हालात की ‘पूरी नैतिक जिम्मेदारी’ ली। उन्होंने ट्वीट कर कहा, “प्रधानमंत्री ने मुझसे इंतजार करने को कहा है।” प्रभु ने हालांकि साफ तौर पर यह नहीं लिखा है कि उन्होंने इस्तीफे की पेशकश की है, लेकिन ट्वीट की उनकी भाषा को देखते हुए ऐसे अनुमान लगाए जा रहे हैं। रेल मंत्री ने कहा, “मैं दुर्भाग्यपूर्ण हादसों से गहरे सदमे में हूं, जिनमें कई यात्रियों की जान गई और लोग जख्मी हुए हैं। इसने मुझे गहरा सदमा दिया है।” उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री ने जिस नए भारत की कल्पना की है, उसमें निश्चित रूप से रेलवे आधुनिक व सक्षम होनी चाहिए। मैं कहना चाहता हूं कि रेलवे उसी दिशा में आगे बढ़ रहा है।” प्रभु के अनुसार, उन्होंने ‘दशकों से उपेक्षित क्षेत्रों में खामियों को दूर करने की कोशिश की है, जिसके लिए व्यापक निवेश की जरूरत है।’ उन्होंने कहा कि रेल मंत्री के तौर पर अपने तीन साल से भी कम के कार्यकाल में ‘मैंने रेलवे की बेहतरी के लिए अपना खून-पसीना एक कर दिया।’

यहां पढ़ें Suresh Prabhu Resignation Updates:

6.30 PM: ऐसी खबरें हैं कि मंत्रिमंडल में फेरबदल के वक्त नितिन गडकरी को रेल मंत्री बनाया जा सकता है।

6.15 PM : तिवारी ने कहा, “अगर उनमें जरा भी नैतिकता बची है, तो आज (बुधवार) हुई दुर्घटना के बाद उन्हें तत्काल इस्तीफा दे देना चाहिए। रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष या किसी अन्य अधिकारी से पद छोड़ने के लिए कहा जाना सबसे घटिया स्तर का दिखावा है।”

6.05 PM : कांग्रेस प्रवक्ता मनीष तिवारी ने कहा, “सुरेश प्रभु को नैतिक आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए। बीते तीन वर्षो के दौरान इस तरह की 28 दुर्घटनाएं घट चुकी हैं, जिनमें 300 से अधिक लोग अपनी जान गंवा चुके हैं और 800 से अधिक लोग घायल हुए हैं।”

5.50 PM :बुधवार को रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष ए. के. मित्तल और रेलमंत्री द्वारा इस्तीफे की पेशकश के संबंध में पूछे गए सवाल पर जेटली ने कहा, “सरकार में जवाबदेही एक अच्छी व्यवस्था है।” जेटली ने कहा, “रेलमंत्री के इस्तीफे की पेशकश पर प्रधानमंत्री फैसला करेंगे।”

5.45 PM : सोशल मीडिया पर सुरेश प्रभु के समर्थन और विरोध में खूब पोस्‍ट हो रहे हैं।

5.40 PM : मुख्‍य विपक्षी कांग्रेस का कहना है कि अगर सुरेश प्रभु में जरा भी नैतिकता बची हो तो फौरन इस्‍तीफा दे दें।

5.30 PM : सपा नेता नरेश अग्रवाल ने कहा है कि वे सुरेश प्रभु के इस साहसिक फैसले की तारीफ करते हैं। उनके अनुसार, इससे पूरी रेलवे को एक संदेश जाएगा।

5.20 PM : यूपी में चार दिनों के भीतर हुए दो हादसों ने सुरेश प्रभु को बैकफुट पर जाने को मजबूर कर दिया। उनका इस्‍तीफा मंजूर होता है या नहीं, यह अब प्रधानमंत्री के फैसले पर निर्भर है।

5.10 PM : अगर सुरेश प्रभु का इस्‍तीफा मंजूर होता है तो वे आजाद भारत के चौथे ऐसे रेलमंत्री होंगे जिन्‍होंने रेल हादसे के बाद जिम्‍मेदारी लेते हुए पद छोड़ा। उनसे पहले लाल बहादुर शास्‍त्री, नीतीश कुमार और ममता बनर्जी रेलमंत्री का पद छोड़ चुके हैं।

5.00 PM : केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने रिपब्लिक टीवी से कहा कि ‘मैं सुरेश प्रभु की इज्‍जत करता हूं। यह (इस्‍तीफा) दिखाता है कि मोदी सरकार के मंत्री आगे बढ़कर जिम्‍मेदारी लेने को तैयार हैं।’

4.50 PM: अश्विनी लोहानी को रेलवे बोर्ड का नया अध्‍यक्ष नियुक्‍त किया गया है। वह फिलहाल एयर इंडिया के सीएमडी हैं। इससे पहले, बुधवार को एके मित्‍तल ने बोर्ड अध्‍यक्ष पद से इस्‍तीफा सौंप दिया था।

4.45 PM : ‘आज तक’ ने सूत्रों के हवाले से जानकारी दी है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सुरेश प्रभु का इस्‍तीफा मंजूर कर सकते हैं।

4.40 PM : यूपी में चार दिनों के भीतर दो ट्रेनें पटरी से उतर गईं जिसके बाद विपक्ष रेलमंत्री का इस्‍तीफा लेने पर अड़ा है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App