संसद के मॉनसून सत्र से पहले सरकार ने रविवार को सर्वदलीय बैठक बुलाई थी। इसमें एनसीपी (एसपी) सांसद और शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले ने दिल्ली में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के पैर छुए हैं। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रह है। यह वीडियो विरोधी राजनीतिक दलों के नेताओं के बीच आपसी सम्मान को दिखाता है।

दिल्ली में सरकार की ओर से बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में शामिल होने के लिए सुप्रिया सुले भी पहुंची थी। इसी दौरान जब मीटिंग खत्म होने के बाद सुप्रिया सुले जब लौट रही थीं तो उन्होंने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को देखा। फिर उन्होंने उनके पैर छुए। इस दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के साथ में भारतीय जनता पार्टी के पूर्व अध्यक्ष और स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा भी मौजूद थे।

इस बीच, सर्वदलीय बैठक में इंडिया गठबंधन की पार्टियों ने कुछ देर तक वॉकआउट किया। विपक्ष ने बागी सांसदों के बैठने की व्यवस्था पर चिंता जताई और नीट-यूजी पेपर लीक और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े हालिया घटनाक्रमों जैसे मुद्दों पर चर्चा की मांग की।

हमारी बहुत सार्थक चर्चा हुई- किरेन रिजिजू

बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सत्र को सुचारू रूप से चलाने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता पर जोर दिया। रिजिजू ने कहा, “आज हमारी बहुत सार्थक चर्चा हुई। भले ही वैचारिक मतभेद हों, लेकिन लोकतंत्र की भावना मजबूत बनी हुई है। हमें उम्मीद है कि मॉनसून सत्र फलदायी होगा और हम नियमों के अनुसार सभी मुद्दों पर चर्चा करने के लिए तैयार हैं।”

शरद पवार की पार्टी ने विलय की खबरों को खारिज किया

इससे पहले, एनसीपी (एसपी) के कार्यकारी अध्यक्ष ने एनडीए में शामिल होने या एनसीपी के साथ विलय की अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि किसी अन्य पार्टी की ओर से उनके साथ हाथ मिलाने का कोई प्रस्ताव नहीं है। मुंबई में पत्रकारों से बात करते हुए एनसीपी प्रमुख शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले ने कहा कि इस मामले को लेकर पार्टी के किसी भी वरिष्ठ नेता से संपर्क नहीं किया गया है।

उन्होंने कहा, “पवार साहब, मैं, जयंत पाटिल, अनिल देशमुख और राजेश टोपे या किसी भी वरिष्ठ नेता को किसी भी पार्टी से कोई प्रस्ताव नहीं मिला है, न तो बीजेपी, न ही कांग्रेस और न ही एनडीए के किसी सहयोगी ने हमें कोई प्रस्ताव दिया है।”

इस सवाल पर कि क्या पार्टी के सांसदों और विधायकों पर सत्ताधारी गठबंधन में शामिल होने का दबाव है, सुले ने जोर देकर कहा कि उनके किसी भी नेता पर कोई दबाव नहीं है। एनसीपी (एसपी) सांसद ने कहा, “हमारे सभी आठ सांसद एक-दूसरे के लगातार संपर्क में हैं और शरद पवार साहब के साथ नियमित रूप से चर्चा करते हैं। एक भी सांसद या विधायक ने कभी अलग रास्ता अपनाने की इच्छा नहीं जताई है। हम जहां हैं, वहां खुश हैं।”

जयंत पाटिल और सीएम फड़नवीस के बीच हुई थी मीटिंग

मुंबई में एनसीपी (एसपी) नेता जयंत पाटिल, सत्ताधारी एनसीपी नेताओं प्रफुल्ल पटेल और सुनील तटकरे और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के बीच देर रात हुई बैठकों के बाद शरद पवार के नेतृत्व वाले गुट के एनडीए के साथ हाथ मिलाने की अटकलें तेज हो गई थीं। शरद पवार के नेतृत्व वाली पार्टी ने कहा है कि ये बैठकें प्रशासनिक मामलों के लिए थीं, न कि राजनीतिक गठबंधन बदलने के लिए।

एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार ने अपनी पार्टी में संभावित फूट की खबरों के बीच चुप्पी साधे रखी और यह कहकर अटकलों को मजबूती से खारिज कर दिया कि अभी इस बारे में बात करने का समय नहीं है।

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