ताज़ा खबर
 

दिल्ली में कम नहीं होनी चाहिए पानी की सप्लाई, सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा, पंजाब को दिया निर्देश

दिल्ली में पानी की सप्लाई को कम करने का फैसला यमुना नदी से जुड़े नहरों में मरम्मत कार्य को करने के लिए किया गया था। जिसको लेकर दिल्ली जल बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ट से मरम्मत के कार्यों को रोकने की मांग की है।

supreme court , punjab, haryana, delhi jal boardसुप्रीम कोर्ट ने पंजाब और हरियाणा को दिल्ली में पानी की सप्लाई में कोई कमी नहीं करने को कहा है।(Express Photo/Tashi Tobgyal)

दिल्ली में पानी की आपूर्ति से जुड़े एक मामले की सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने पंजाब और हरियाणा को निर्देश दिया है कि किसी भी स्थिति में दिल्ली में पानी की सप्लाई में कमी नहीं होनी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में पुराने आदेश को अगली सुनवाई तक जारी रखने को कहा है।

दरअसल पिछले दिनों पंजाब, हरियाणा और भाखड़ा व्यास प्रबंधन बोर्ड ने दिल्ली में सप्लाई को एक चौथाई तक कम करने का फैसला किया था। पानी सप्लाई कम करने के फैसले के खिलाफ दिल्ली जल बोर्ड सुप्रीम कोर्ट चली गई थी। चीफ जस्टिस एस ए बोबडे की बेंच ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि आज हमारे पास इस मामले की सुनवाई के लिए समय नहीं है। इसलिए हम पुराने आदेश को जस का तस रख रहे हैं।

हालांकि हरियाणा की तरफ से सुप्रीम कोर्ट में वकील श्याम दीवान ने कहा कि हमने दिल्ली में पानी की सप्लाई नहीं रोकी है। इसपर चीफ जस्टिस ने कहा कि तो मुझे लगता है कि आपको पुराने आदेश को मानने में कोई समस्या नहीं होगी। साथ ही चीफ जस्टिस एस ए बोबडे ने कहा कि पानी की सप्लाई के लिए दिल्ली पूरी तरह से पंजाब और हरियाणा पर निर्भर है। इसलिए पानी की आपूर्ति में किसी भी तरह की कमी होने पर दिल्ली के 2 करोड़ लोगों को समस्या हो सकती है। 

 

दिल्ली में पानी की सप्लाई को कम करने का फैसला यमुना नदी से जुड़े नहरों में मरम्मत कार्य को करने के लिए किया गया था। जिसको लेकर दिल्ली जल बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ट से मरम्मत के कार्यों को रोकने की मांग की है। दिल्ली जल बोर्ड ने कोर्ट में कहा कि मरम्मत के काम को मानसून तक के लिए टाल देना चाहिए या उन्हें पानी के दूसरे वैकल्पिक स्रोत मुहैया कराने चाहिए।

  

 पिछले दिनों दिल्ली जल बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर पर्याप्त पानी सप्लाई की मांग की थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले की सुनवाई के लिए 25 मार्च की तारीख तय की थी। याचिका में दिल्ली जल बोर्ड ने कहा था कि वजीराबाद बैराज में लगातार घटते जलस्तर के कारण दिल्ली में जल संकट का सामना करना पड़ रहा है। वजीराबाद बैराज से ही नार्थ वेस्ट दिल्ली, नार्थ दिल्ली और सेंट्रल दिल्ली में पानी की सप्लाई होती है।

Next Stories
1 टीकाकरण निपटने से पहले ही आ गई कोरोना की एक और लहर? एक्सपर्ट ने कही ये बात
2 7th Pay Commission: TPEB को सदन में मंजूरी, बढ़ेगी पूर्व विधायकों की पेंशन; इन कर्मियों के लिए बढ़ाई रिटायरमेंट की उम्र सीमा
3 UP के शहरी गरीबों को कम किराए पर मकान देने के लिए ‘ARHC’ को मंजूरी, जानें- किसे-किसे मिलेगा लाभ?
IPL 2021
X