Good News For Farmers: केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को भोपाल स्थित आइसीएआर-केंद्रीय कृषि अभियांत्रिकी संस्थान (सीआइएइ) के वैज्ञानिकों द्वारा विकसित कपास के फसल की कटाई के लिए मशीन किसानों को समर्पित की। अब किसानों को कपास को हाथ से तोड़ने की जरूरत नहीं होगी।
इससे कम समय, श्रम और लागत में कपास का बेहतर उत्पादन भी संभव होगा। लंबे समय से किसानों की मांग थी कि ऐसी मशीन बने, जिससे कपास की फसलों की कटाई में सहूलियत हो सके। कृषि मंत्री चौहान ने कहा, यह मशीन किसानों के लिए जल्द उपलब्ध होगी।
मशीन से कपास निकालने की प्रक्रिया
बीजेपी के दिग्गज नेता और कृषि मंत्री ने कहा कि मशीन से कपास निकालने की प्रक्रिया का बारीकी से अवलोकन किया। इस तकनीक से न केवल समय की बचत होगी बल्कि कम लागत में कपास की खेती को अधिक लाभदायक बनाने में सहायक सिद्ध होगी।
उन्होंने कहा कि कपास के उत्पादन में बढ़ोतरी के लिए नई किस्में विकसित की जा रही है जो रोग प्रतिरोधी हो और अधिक उत्पादन दे सके।
ट्रैक्टर की रिकॉर्ड बिक्री से दुनिया चकित
शिवराज ने कहा कि प्रति एकड़ अधिक पौधे लगाने पर भी कार्य जारी है, ताकि किसान भाइयों की आय में वृद्धि हो। इस साल तो ट्रैक्टर इतने बिके कि दुनिया चकित रह गई। ट्रैक्टर की बिक्री में भारत पहले स्थान पर है और ये मशीनीकरण का बढ़ता असर है।
उन्होंने कहा, केवल ट्रैक्टर नहीं, कई तरह की मशीनें भी चाहिए। उन्होंने कहा, इस संस्थान द्वारा छोटे किसानों के लिए ऐसी भी मशीनें बनाई जाती हैं जिससे सहूलियतें काफी बढ़ जाएंगी। ‘ट्रेड डील में किसानों के साथ हो रहा धोखा’, राहुल ने पीएम मोदी से पूछे ये पांच सवाल
