ताज़ा खबर
 

‘मोदी की तुलना छत्रपति शिवाजी से करने वाली किताब है एक ढोंग, चमचागिरी की भी हद है’, शिवसेना का BJP पर हमला

सामना के संपादकीय में लिखा गया है कि अभी जो लोग मोदी को ‘आज के शिवाजी’ के रूप में संबोधित कर रहे हैं इन्हीं लोगों ने लोकसभा चुनाव के पहले मोदी को विष्णु का तेरहवां अवतार माना था।

Author मुंबई | Published on: January 14, 2020 1:01 PM
इस किताब को लेकर विवाद उठ गया है। फोटो सोर्स – ट्विटर, @rautsanjay61

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तुलना छत्रपति शिवाजी से करने वाली किताब को शिवसेना ने ‘पाखंड और चाटुकारिता’ की हद बताया और जोर देकर कहा कि मोदी ‘भारत के राजा’ नहीं हैं। मुखपत्र सामना के संपादकीय में शिवसेना ने भाजपा नेताओं को छत्रपति शिवाजी पर कुछ किताबें पढ़ने की सलाह दी और कहा कि यहां तक कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी 17वीं सदी के मराठा योद्धा छत्रपति शिवाजी से तुलना पसंद नहीं आई होगी।

‘‘आज का शिवाजी: नरेंद्र मोदी’’ : इसमें कहा गया है कि महाराष्ट्र में गुस्से की लहर है लेकिन यह प्रधानमंत्री के खिलाफ नहीं बल्कि ‘‘आज का शिवाजी: नरेंद्र मोदी’’ किताब के खिलाफ है। किताब भाजपा के नेता जय भगवान गोयल ने लिखी है। इससे महाराष्ट्र में राजनीतिक तूफान खड़ा हो गया है। शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस ने किताब की आलोचना की और मोदी की तुलना शिवाजी महाराज से किए जाने को ‘अपमान’ बताया।

Hindi News Live Updates 14 January 2020: देश की बड़ी खबरों के लिए यहां क्लिक करें

छत्रपति शिवाजी का स्थान देना सही नहीं: शिवसेना ने संपादकीय में लिखा, ‘‘गुस्से की लहर मोदीजी के खिलाफ नहीं बल्कि किताब के खिलाफ है, यह अपने आप में ढोंग और चमचागिरी की हद है।’’ इसमें लिखा गया, ‘‘मोदी एक कर्तबगार और लोकप्रिय नेता हैं, देश के प्रधानमंत्री के रूप में उनका कोई तोड़ नहीं। फिर भी वे देश के छत्रपति शिवाजी हैं क्या? उन्हें छत्रपति शिवा जी का स्थान देना सही है क्या? इसका उत्तर एक स्वर में यही है, ‘नहीं, नहीं!’ उनकी तुलना जो लोग शिवाजी महाराज से कर रहे हैं उन्होंने छत्रपति शिवाजी राजे को समझा ही नहीं। प्रधानमंत्री मोदी को भी ये तुलना पसंद नहीं आई होगी। लेकिन अति उत्साही भक्त नेताओं के लिए अक्सर परेशानी खड़ी कर देते हैं। ये मामला भी कुछ ऐसा ही है।’’

‘आज के शिवाजी’: संपादकीय में लिखा गया है कि अभी जो लोग मोदी को ‘आज के शिवाजी’ के रूप में संबोधित कर रहे हैं इन्हीं लोगों ने लोकसभा चुनाव के पहले मोदी को विष्णु का तेरहवां अवतार माना था। कल विष्णु के अवतार, आज ‘शिवाजी’। इसमें देश, देव और धर्म का अपमान है ही लेकिन मोदी भी घेरे में हैं।

चमचागिरी का सर्वोत्कृष्ट उदाहरण है:  ‘आज के शिवाजी नरेंद्र मोदी’ नामक पुस्तक ढोंग और चमचागिरी का सर्वोत्कृष्ट उदाहरण है। महाराष्ट्र के भाजपा नेताओं को इस ढोंग का खुलकर विरोध करना चाहिए। शिवसेना ने कहा कि महाराष्ट्र की 11 करोड़ जनता को यह तुलना बिलकुल पसंद नहीं आई है। छत्रपति शिवाजी के वंशज एवं भाजपा विधायक शिवेंद्रराजे भोंसले ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया था।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

X
Next Stories
1 Lecture के दौरान Classroom में मोबाइल इस्तेमाल पर उत्तराखंड सरकार कराएगी Poll, छात्रों के मत से लेगी फैसला
2 VIDEO: जब मेडिकल अफसर पर भड़के अखिलेश यादव- छोटे कर्मचारी हो तुम, BJP-RSS से हो सकते हो, बाहर भागो यहां से
3 J&K में 3 जगह हिमस्खलन, 5 जवान समेत 10 लोगों की मौत
ये पढ़ा क्या?
X