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ओवैसी पर शिवसेना का हमला- सिर्फ चाकू रखो मत, कानूनन कलम कर दो ऐसे लोगों की गर्दन

शिवसेना ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से यह भी जानना चाहा कि भारत-समर्थक नारे लगाने से मना करने के बाद ओवैसी को राज्य से जाने कैसे दिया गया?

Author मुंबई | March 17, 2016 3:23 PM
एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी (FILE EXPRESS PHOTO)

‘भारत माता की जय’ बोलने से इनकार करने वाले एआईएमआईएम नेता असदुद्दीन ओवैसी और वारिस पठान पर हमला बोलते हुए शिवसेना ने गुरुवार को कहा कि जो लोग यह नारा लगाने से इनकार करते हैं, उनकी नागरिकता और मताधिकार छीन लेने चाहिए। शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ में छपे संपादकीय में लिखा गया है, ‘राष्‍ट्रध्‍वज का गलती से अपमान हुआ, इसलिए गुजरात के हार्दिक पटेल पर देशद्रोह का अपराध दर्ज किया गया और वो आज जेल में है। महाराष्‍ट्र में आकर असदुद्दीन ओवैसी ने भारत माता का अपमान करके देशद्रोह नहीं किया है क्‍या? हमारी गर्दन पर कोई छुरी रखेगा तो भी ‘भारत माता की जय’ ऐसा कभी नहीं कहूंगा, ऐसी बांग ओवैसी ने लगाई है। सच तो यह है कि ऐसे लोगों की गर्दन पर सिर्फ चाकू ही क्‍यों रखते हो? उसकी गर्दन ही कानून से उड़ा देनी चाहिए।’

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संपादकीय में आगे लिखा गया है, ‘महाराष्‍ट्र में भारतीय जनता पार्टी का राज और मुख्‍यमंत्री हैं। फिर भी लातूर में भारत माता का अपमान होने के बाद भी ओवैसी लातूर से सही-सलामत कैसे सटक जाता है। इसका जवाब मुख्‍यमंत्री फडणवीस को देना होगा।’ बता दें कि कि आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने बीते दिनों एक सुझाव देते हुए कहा था कि नई पीढ़ी को भारत माता के सम्मान में नारे लगाना सिखाए जाने की जरूरत है। इस सुझाव की पृष्ठभूमि में ओवैसी ने हाल ही में लातूर में आयोजित एक रैली में कहा था, ‘‘मैं वह नारा नहीं लगाऊंगा। आप क्या करेंगे, भागवत साहब?’’ शिवसेना ने ओवैसी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके जैसे लोगों के विचारों के कारण ही मुस्लिम समुदाय अब तक ‘पिछड़ा’ है।

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