दिल्ली के सत्य निकेतन इमारत गिरने के मामले में गिरफ्तार आरोपियों को कोर्ट के सामने पेश किया गया। कोर्ट ने गिरफ्तार आरोपी हरिराम गुप्ता, उनकी पत्नी उर्मिला गुप्ता 14 दिन की हिरासत में भेज दिया गया है। वहीं आरोपी बेटे महेश गुप्ता को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया।
रविवार को सत्य निकेतन इलाके में बनाई गई पांच मंजिला इमारत ढह गई थी, जिसमें सात लोगों की मौत हो गई थी। जान गंवाने वालों में 5 छात्र बताए जा रहे हैं, जबकि चार अन्य घायल हुए हैं। इस बिल्डिंग में हॉस्टल डेज की पीजी चल रही थी। इसके बाद पुलिस ने बिल्डिंग के मालिक हरिराम गुप्ता, उसकी पत्नी उर्मिला और उनके बेटे महेश गुप्ता को गिरफ्तार किया है।
बेटा संभाल रहा था मैनेजमेंट
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, बिल्डिंग का बिजली कनेक्शन हरिराम गुप्ता के नाम पर था, जबकि उनके बेटे इसका मैनेजमेंट संभाल रहे थे। प्रॉपर्टी हरिराम की पत्नी उर्मिला गुप्ता के नाम पर रजिस्टर्ड थी।
6 सितंबर को सत्य निकेतन में पांच मंजिला इमारत गिरने से सात लोगों की मौत हो गई थी। इस हादसे में 12 लोगों का रेस्क्यू किया गया था। इस हादसे को लेकर सोमवार दोपहर दिल्ली हाई कोर्ट ने जवाबदेही तय करने कहा। साथ ही MCD, NHRC, दिल्ली पुलिस समेत जिम्मेदार एजेंसियों को नोटिस जारी किया और 10 दिन के अंदर जवाब मांगा।
दिल्ली में अवैध पांच मंजिला इमारत होंगी सील
घटना के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को हाई लेवल मीटिंग भी बुलाई और फिर MCD के डिप्टी कमिश्नर समेत पांच अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया। अब दिल्ली सरकार ने आदेश दिया है कि दिल्ली में बिना अनुमति बनाई गईं पांच मंजिला इमारतों को तुरंत सील कर दिया जाए।
सोमवार को सीएम रेखा गुप्ता ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “दिल्ली में बिना अनुमति पांच मंजिला इमारतों को तुरंत सील करने का आदेश दिया गया है। साथ ही आस-पास के PG और बिल्डिंग्स की भी अच्छी तरह से जांच की जा रही है। नियम तोड़ने पर सीलिंग समेत सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
एम्स ने मृतकों और घायकों के जारी किए नाम
एम्स दिल्ली की ओर जारी बुलेटिन के मुताबिक, अस्पताल लाए जाने से पहले ही 6 लोगों की मौत हो चुकी थी। मृतकों में 19 वर्षीय अभिषेक कुमार, 35 वर्षीय अर्पित, 19 वर्षीय युवराज सोनी, 17 वर्षीय पवन कुमार, 56 वर्षीय सुरेंद्र सिंह, 19 वर्षीय अक्षत सिंह और 30 वर्षीय परमलाल कोरी हैं। इलाज के दौरान परम लाल कोरी की मौत हो गई, जबकि बाकी अस्पताल मृत लाए गए थे।
चार घायल अभी भी अस्पताल में भर्ती हैं। तीन की हालत स्थिर है, जबकि एक की हालत गंभीर है। भर्ती मरीजों में असगर अली (49), नीरज बावा (19), आदित्य कुमार (19) और नीतीश चिब (19) शामिल हैं। एक बचे हुए व्यक्ति, कृष्णा (30), का इलाज किया गया और उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
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दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में हुए बिल्डिंग हादसे का दर्द उन 7 परिवारों से बेहतर कोई नहीं समझ सकता जिन्होंने अपनों को इस हादसे में खो दिया। इस घटना में 7 लोगों की मौत हुई जिसमें 5 स्टूडेंट शामिल हैं। मृतकों में छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के रहने वाले युवराज सोनी का नाम भी है। युवराज मोतीलाल नेहरू कॉलेज में B.Com सेकंड ईयर के स्टूडेंट थे। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
