दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री बने हिमंता बिस्वा सरमा के परिवार के सदस्य एनडीए नेतृत्व वाली राज्य सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में पहुंचे। सरमा की पत्नी और बेटी ने इस अवसर को बेहद खास बताया और राज्य में एनडीए सरकार के दूसरे कार्यकाल पर खुशी और गर्व जताया। उन्होंने इसे ‘खुशी का पल’ करार दिया।
ANI से बातचीत में मुख्यमंत्री बने हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी रिनिकी भुइयां शर्मा ने कहा, ”यह बहुत खुशी का पल है।” वहीं उनकी बेटी सुकन्या सरमा ने कहा, ”हम यहां आकर बेहद खुश और उत्साहित महसूस कर रहे हैं।”
शपथ के बाद रिनिकी भुइयां ने कहा, ”हम मां कामाख्या देवी के आभारी हैं और जनता ने प्रगति और विकास के पक्ष में मतदान किया है। उन्हें भारतीय जनता पार्टी की सरकार पर विश्वास है।”
असम सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह समेत कई वरिष्ठ केंद्रीय मंत्री और एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्री एवं उपमुख्यमंत्री शामिल हुए। इसके अलावा अन्य मेहमान भी राज्य की राजधानी गुवाहटी पहुंचे। नागालैंड के मुख्यमंत्री नेफिउ रियो, उपमुख्यमंत्री यानथुंगो पैटन और मंत्री जैकब झिमोमी भी इस कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे।
ANI से बातचीत में नागालैंड के मंत्री जैकब झिमोमी ने हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व और उनकी सरकार द्वारा जमीनी स्तर पर किए गए विकास कामों की सराहना की। उन्होंने विधानसभा चुनाव में सरमा की जीत की प्रशंसा करते हुए असम में एनडीए सरकार के तीसरे कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने कहा, ”हम बेहद खुश हैं और असम की जनता ने एक बार फिर डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा पर भरोसा जताया है। उन्होंने असम में जमीनी स्तर पर विकास कार्य किए हैं और समाज के हर वर्ग तक पहुंच बनाई है। यह जीत उनके शानदार नेतृत्व का प्रमाण है।”
असम में यह एनडीए सरकार का लगातार तीसरा कार्यकाल होगा। हिमंता बिस्वा सरमा के साथ चार मंत्रियों ने भी शपथ ली जिनमें भाजपा के दो और सहयोगी दल असम गण परिषद (AGP) तथा बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट (BPF) से एक-एक मंत्री शामिल हैं। इन नेताओं में रमेश्वर तेली, अतुल बोरा (AGP), चरण बोरो (BPF) और अजंता नियोग शामिल हैं। वहीं, पूर्व मंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता रंजीत कुमार दास को विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए एनडीए उम्मीदवार बनाया गया है।
शपथ ग्रहण समारोह से पहले मुख्यमंत्री पद के लिए नामित हिमंत बिस्वा सरमा ने मां कामाख्या के दर्शन कर आशीर्वाद लिया और राज्य के लोगों के लिए ‘शांति, प्रगति और समृद्धि’ की कामना की।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर किए गए एक पोस्ट में सरमा ने कहा कि मां कामाख्या और महापुरुष श्रीमंत शंकरदेव के आशीर्वाद से असम विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा। उन्होंने लिखा, ”मां कामाख्या और महापुरुष श्रीमंत शंकरदेव का आशीर्वाद असम के हर व्यक्ति के जीवन को प्रकाशमान करे और शांति, प्रगति तथा समृद्धि के नए रास्ते खोले। उनके आशीर्वाद से आने वाले दिनों में असम विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचेगा। ”
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असम की राजनीति में अगर किसी एक नेता ने पिछले एक दशक में खेल का पूरा समीकरण बदल दिया है, तो वह हैं हिमंता बिस्वा सरमा। कभी कांग्रेस के भीतर सबसे प्रभावशाली चेहरों में गिने जाने वाले सरमा आज उसी राजनीति के सबसे आक्रामक और निर्णायक खिलाड़ी बन चुके हैं। छात्र राजनीति से शुरू हुआ उनका सफर, पार्टी बदलने का जोखिम भरा फैसला और फिर सत्ता के शिखर तक पहुंचना – यह कहानी केवल एक नेता के उभार की नहीं, बल्कि समय को पहचानने की असाधारण क्षमता की कहानी है। पढ़ें पूरी खबर…
